यूपी के उन्नाव में मोबाइल चोरी के शक में एक युवक के साथ अमानवीय व्यवहार किए जाने का मामला सामने आया है. आरोप है कि गांव के रहने वाले पिता-पुत्र युवक को लखनऊ से पकड़कर अपने गांव लाए. इसके बाद उसके हाथ रस्सी से बांध दिए और गले में चप्पलों की माला पहना दी. इतना ही नहीं, आरोप है कि युवक का सिर भी मुंडवा दिया गया. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस हरकत में आई और आरोपी पिता-पुत्र के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया.
मामला आसीवन थाना क्षेत्र के पाठकपुर गांव का बताया जा रहा है. पुलिस अब वायरल वीडियो और पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही है. यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि युवक के साथ यह सब किस परिस्थिति में किया गया और घटना में पिता-पुत्र के अलावा कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था या नहीं.
मोबाइल चोरी के शक से शुरू हुआ विवाद
बताया जा रहा है कि पाठकपुर गांव निवासी राजू ने 30 जुलाई को आरोप लगाया था कि गांव के ही रहने वाले एक युवक ने उनके बेटे राज का मोबाइल चोरी कर लिया है. मोबाइल गायब होने के बाद राजू और उनके बेटे ने युवक की तलाश शुरू कर दी. आरोप है कि दोनों ने युवक को तलाशने के बाद उसे लखनऊ से पकड़ लिया और करीब दो दिन पहले अपने साथ गांव ले आए. इसके बाद युवक से चोरी हुए मोबाइल के बारे में पूछताछ की गई. युवक से मोबाइल के संबंध में जानकारी मांगी गई, लेकिन आरोप है कि जब उसने मोबाइल चोरी की बात स्वीकार नहीं की तो पिता-पुत्र ने उसके साथ कथित तौर पर मारपीट और अपमानजनक व्यवहार शुरू कर दिया.
रस्सी से हाथ बांधे और गले में डाल दी चप्पलों की माला
आरोप है कि पिता-पुत्र ने युवक के हाथ रस्सी से बांध दिए. इसके बाद उसके गले में चप्पलों की माला डाल दी गई. इतना ही नहीं, युवक का सिर भी मुंडवा दिया गया. इस दौरान युवक के साथ हुए इस पूरे कथित व्यवहार का किसी ने वीडियो बना लिया. वीडियो में युवक को चप्पलों की माला पहने हुए देखा जा सकता है. घटना का वीडियो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. वीडियो सामने आने के बाद मामला पुलिस तक पहुंचा और पुलिस ने कार्रवाई शुरू कर दी. घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया. आसीवन थाना पुलिस ने वीडियो के आधार पर आरोपी पिता-पुत्र के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया है. पुलिस अब इस पूरे मामले की जांच कर रही है. वायरल वीडियो को भी जांच का हिस्सा बनाया गया है. पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि वीडियो कब और कहां बनाया गया और घटना के समय वहां कौन-कौन लोग मौजूद थे.
पुलिस ने कहा- जांच के बाद होगी उचित कार्रवाई
आसीवन थाना अध्यक्ष प्रदीप कुमार सिंह ने बताया कि वायरल वीडियो के आधार पर पिता-पुत्र के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है. मामले की जांच की जा रही है. जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर उचित कार्रवाई की जाएगी. पुलिस अब आरोपियों और पीड़ित युवक से जुड़े पूरे घटनाक्रम की जानकारी जुटा रही है. मामले में यह आरोप भी सामने आया है कि पिता-पुत्र युवक को लखनऊ से पकड़कर अपने साथ गांव लेकर आए थे. अब पुलिस यह भी जांच कर सकती है कि युवक को लखनऊ में किस परिस्थिति में पकड़ा गया और उसे गांव तक कैसे लाया गया. अगर किसी व्यक्ति पर मोबाइल चोरी का शक था तो उसके खिलाफ पुलिस में शिकायत की जा सकती थी. लेकिन आरोप है कि पिता-पुत्र ने खुद ही युवक को पकड़कर उससे पूछताछ की और बाद में उसके साथ सार्वजनिक रूप से अपमानजनक व्यवहार किया. पुलिस की जांच में यह भी स्पष्ट होगा कि युवक को किस तरह लखनऊ से लाया गया और उसके साथ गांव में क्या-क्या हुआ.
कानून हाथ में लेने पर उठे सवाल
घटना सामने आने के बाद यह सवाल भी उठ रहा है कि किसी व्यक्ति पर चोरी का शक होने पर क्या इस तरह से उसे सजा दी जा सकती है? कानून किसी भी व्यक्ति को खुद न्याय करने या किसी संदिग्ध को सार्वजनिक रूप से अपमानित करने की अनुमति नहीं देता. अगर किसी का मोबाइल चोरी हुआ था तो पुलिस में शिकायत कर मामले की जांच कराई जा सकती थी. लेकिन इस मामले में आरोप है कि युवक को पहले पकड़ा गया और फिर उसके साथ इस तरह का व्यवहार किया गया. अब पुलिस की जांच में यह स्पष्ट होगा कि घटना के दौरान वास्तव में क्या हुआ और आरोपियों की भूमिका कितनी थी.
VIDEO ने सामने ला दिया पूरा मामला
इस घटना में वीडियो सामने आने के बाद मामला पुलिस तक पहुंचा. गांव में हुई घटना का वीडियो किसी व्यक्ति ने रिकॉर्ड कर लिया था. बाद में यही वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया. वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया और आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया. सोशल मीडिया पर वीडियो सामने आने के बाद लोग घटना को लेकर सवाल उठा रहे हैं. पुलिस का कहना है कि वीडियो के आधार पर मुकदमा दर्ज कर जांच की जा रही है.
सूरज सिंह