कौशाम्बी में मुख्य चुनाव आयुक्त का पुतला दहन करना सपाइयों को पड़ा महंगा, हुआ तगड़ा एक्शन

कौशांबी में SIR के विरोध में प्रदर्शन के दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार का सांकेतिक पुतला फूंकना समाजवादी पार्टी कार्यकर्ताओं को भारी पड़ गया. मंझनपुर चौराहे पर सड़क जाम करने, नारेबाजी और पुतला दहन के आरोप में पुलिस ने सपा जिलाध्यक्ष दयाशंकर यादव समेत 9 नामजद और अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है.

Advertisement
मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन करते सपा कार्यकर्ता. (Photo: ITG) मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ प्रदर्शन करते सपा कार्यकर्ता. (Photo: ITG)

अखिलेश कुमार

  • कौशांबी,
  • 06 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 8:29 AM IST

यूपी के कौशांबी जिले में समाजवादी पार्टी ने मुख्य चुनाव आयुक्त के पुतला दहन और प्रदर्शन के मामले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है. मंझनपुर चौराहे पर प्रदर्शन के दौरान सड़क जाम करने, नारेबाजी करने और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के सांकेतिक पुतले में आग लगाने का आरोप है. उप निरीक्षक के तहरीर पर सपा जिलाध्यक्ष दयाशंकर यादव समेत 9 नामजद और अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है. पुलिस के मुताबिक प्रदर्शन के दौरान यातायात बाधित हुआ और मौके पर अफरा-तफरी की स्थिति बन गई थी.

Advertisement

दरअसल, 5 अक्टूबर को समाजवादी पार्टी के सैंकड़ो कार्यकर्ताओं ने SIR के विरोध और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर मंझनपुर चौरहा में प्रदर्शन किया था. उपनिरीक्षक अभिषेक कुमार यादव ने तहरीर देते हुए बताया कि सपा कार्यालय से सैंकड़ो कार्यकर्ता नारेबाजी करते हुए मंझनपुर चौराहे पहुंचे. आरोप है कि बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के प्रदर्शनकारियों ने मुख्य मार्ग पर बैठकर और खड़े होकर यातायात बाधित कर दिया.

इन लोगों को पर दर्ज हुई है FIR
इस दौरान मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के सांकेतिक पुतले का दहन भी किया गया. पुलिस का कहना है कि पुतला जलाने से मौके पर धुआं और अफरा-तफरी का माहौल बन गया. पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाई और प्रदर्शनकारियों को हटाकर यातायात व्यवस्था सामान्य कराई.

इस मामले में सपा जिलाध्यक्ष दयाशंकर यादव, शहनवाज, चंद्रजीत यादव, राजू सिंह पटेल, भरत सिंह लोधी, आनंद मोहन पटेल, विभा यादव, सुमित पांडे और आफताब शेख समेत अन्य अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है. पुलिस के मुताबिक घटना की वीडियोग्राफी और फोटोग्राफी भी साक्ष्य के तौर पर उपलब्ध है. अब पुलिस पूरे मामले की जांच कर आगे की कानूनी कार्रवाई में जुटी है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »