कोलकाता की सड़कों पर पिछले कई दशकों से हाथ में वायलिन लेकर संगीत सुनाने वाले 80 वर्षीय भगवान मलिक की संघर्षभरी कहानी इन दिनों लोगों का दिल जीत रही है. तालियों या शोहरत के लिए नहीं, बल्कि दो वक्त की रोटी कमाने के लिए वायलिन बजाने वाले इस बुजुर्ग कलाकार का वीडियो वायरल होने के बाद उद्योगपति आनंद महिंद्रा भी उनकी मदद के लिए आगे आए हैं.
भगवान मलिक की कहानी सबसे पहले कंटेंट क्रिएटर आराधना चटर्जी ने मई में सोशल मीडिया पर शेयर की थी. उन्होंने बताया कि मलिक ने बचपन में ही अपने माता-पिता को खो दिया था. वायलिन बजाने की कला उन्हें अपने पिता से मिली, लेकिन पिता के निधन के बाद यही हुनर उनकी रोजी-रोटी का सहारा बन गया. तभी से वह कोलकाता की सड़कों पर वायलिन बजाकर अपनी जिंदगी चला रहे हैं.
यह भी पढ़ें: उम्र 82 साल, 12 घंटे सड़क पर मेहनत, बुजुर्ग की कमाई जान भर आएंगी आंखें!
आराधना के मुताबिक, भगवान मलिक आज भी हर दिन शाम 5 बजे से रात 11 बजे तक न्यू टाउन बस स्टैंड, डीएलएफ सबवे और न्यू टाउन आर्ट स्ट्रीट के आसपास वायलिन बजाते हैं. बढ़ती उम्र के कारण उनकी आंखों की रोशनी कमजोर हो चुकी है और उनका पुराना वायलिन भी लगभग टूट चुका था. इसके बावजूद वह रोजाना मुश्किल से 100 रुपये ही कमा पाते हैं. उनकी पत्नी भी अक्सर उनके साथ बैठती हैं और उनका हौसला बढ़ाती हैं.
वीडियो वायरल होने के बाद आनंद महिंद्रा ने इसे X पर शेयर करते हुए लिखा कि वह भी इस कलाकार की मदद करना चाहते हैं, लेकिन वीडियो में उनकी संपर्क जानकारी नहीं थी. इसके बाद सोशल मीडिया यूजर्स ने भगवन मलिक की जानकारी साझा की, जिससे उन्हें सहायता पहुंचाने का रास्ता आसान हो गया.
आराधना चटर्जी ने बाद में जानकारी दी कि लोगों के सहयोग से भगवन मलिक के लिए 1 लाख रुपये जुटाए गए हैं. साथ ही उन्हें एक नया वायलिन भी भेंट किया गया है. यह कहानी दिखाती है कि सोशल मीडिया पर साझा किया गया एक वीडियो भी किसी संघर्षरत इंसान की जिंदगी बदल सकता है और समाज को संवेदनशील बनने की प्रेरणा दे सकता है.
aajtak.in