Best Hill Stations for Solo Travel: अकेले घूमने का अपना अलग ही मजा है. सोलो ट्रिप पर आप अपनी पसंद के हिसाब से जगहों को एक्सप्लोर कर सकते हैं और बिना किसी जल्दबाजी के नेचर का आनंद ले सकते हैं. खासकर पहाड़ों पर अकेले घूमना कई लोगों को पसंद आता है, क्योंकि यहां का शांत माहौल मन को सुकून देता है. भारत में ऐसी कई पहाड़ी जगहें हैं, जहां आपको खूबसूरत झरने, हरे-भरे जंगल, ट्रेकिंग ट्रेल्स और शानदार पहाड़ी नजारे देखने को मिलते हैं. अगर आप भी सोलो ट्रैवल का प्लान बना रहे हैं तो इन 5 जगहों को अपनी ट्रैवल लिस्ट में शामिल कर सकते हैं.
मैकलोडगंज (हिमाचल प्रदेश)
मैकलोडगंज अपनी शांत वादियों और खूबसूरत नजारों के लिए जाना जाता है. यहां का भागसूनाग वॉटरफॉल सोलो ट्रैवलर्स और बैकपैकर्स के बीच काफी पसंद किया जाता है. यह भारत के सबसे बड़े झरनों में भले ही शामिल न हो लेकिन आसपास का शांत माहौल और प्राकृतिक खूबसूरती इसे खास बनाती है.
यहां आप झरने के आसपास समय बिता सकते हैं, नेचर का आनंद ले सकते हैं या कुछ देर शांति से बैठ सकते हैं. मैकलोडगंज जाने के लिए नजदीकी एयरपोर्ट गग्गल है, जबकि कांगड़ा और नगरोटा नजदीकी रेलवे स्टेशन हैं. यहां घूमने के लिए जून से सितंबर का समय सबसे अच्छा होता है.
शिलॉन्ग (मेघालय)
मेघालय की राजधानी शिलॉन्ग को ‘स्कॉटलैंड ऑफ द ईस्ट’ भी कहा जाता है. यह जगह अपनी हरियाली, पहाड़ियों और खूबसूरत झरनों के लिए मशहूर है. यहां का एलिफेंट फॉल्स प्रमुख आकर्षणों में से एक है, जो शहर से करीब 12 किलोमीटर दूर है.
मानसून के दौरान झरने की खूबसूरती और भी बढ़ जाती है. यहां अकेले घूमते हुए आप प्रकृति के बीच समय बिता सकते हैं और खूबसूरत तस्वीरें भी ले सकते हैं. शिलॉन्ग घूमने के लिए नवंबर से फरवरी का समय अच्छा माना जाता है.
कसोल (हिमाचल प्रदेश)
अगर आपको ट्रेकिंग पसंद है तो कसोल आपके लिए एक अच्छा ऑप्शन हो सकता है. यहां से कई खूबसूरत ट्रेक शुरू होते हैं. खीरगंगा ट्रेक के रास्ते में रुद्रनाग वॉटरफॉल भी देखने को मिलता है.
झरने और पहाड़ों के बीच से गुजरते हुए ट्रेकिंग का अनुभव काफी खास हो सकता है. सोलो ट्रैवलर्स यहां प्रकृति का आनंद लेने के साथ-साथ ट्रेकिंग का मजा भी ले सकते हैं. कसोल घूमने के लिए सितंबर से अक्टूबर का समय बताया गया है.
जोग फॉल्स (कर्नाटक)
कर्नाटक का जोग फॉल्स देश के प्रमुख झरनों में से एक है. यह हरे-भरे जंगलों से घिरा हुआ है और मानसून के दौरान इसकी खूबसूरती देखने लायक होती है.
सोलो ट्रैवलर्स यहां आसपास के नजारों का आनंद ले सकते हैं और ट्रेकिंग भी कर सकते हैं. वॉटकिंस प्लेटफॉर्म से झरने का शानदार नजारा देखा जा सकता है. यहां घूमने के लिए जून से सितंबर का समय बताया गया है.
तवांग (अरुणाचल प्रदेश)
अगर आप भीड़ से दूर किसी शांत और खूबसूरत पहाड़ी जगह की तलाश में हैं तो तवांग का रुख कर सकते हैं. यहां का नूरानांग फॉल्स, जिसे बोंग बोंग फॉल्स भी कहा जाता है, काफी खूबसूरत है.
चारों तरफ पहाड़, हरियाली और झरने का नजारा इस जगह को खास बनाता है. यहां सुकून से समय बिताने के साथ प्रकृति को करीब से महसूस किया जा सकता है. अरुणाचल प्रदेश की यात्रा के लिए इनर लाइन परमिट (ILP) की जरूरत होती है, इसलिए यात्रा से पहले जरूरी परमिट और नियम जरूर चेक कर लें.
अगर आप अकेले घूमने के साथ नेचर के करीब समय बिताना चाहते हैं तो भारत की ये पहाड़ी जगहें आपके लिए अच्छे ऑप्शन हो सकती हैं. यहां आपको खूबसूरत झरनों से लेकर ट्रेकिंग और शांत पहाड़ी नजारों तक, कई तरह के अनुभव मिलेंगे. हालांकि, ट्रिप पर जाने से पहले मौसम, स्थानीय नियम और यात्रा से जुड़ी जरूरी जानकारी जरूर चेक कर लें.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क