Shukra Vakri 2026: 3 अक्टूबर को शुक्र अस्त, 42 दिन नोटों में खेलेंगी ये 3 लकी राशियां

शुक्र 3 अक्टूबर को तुला राशि में वक्री होंगे और करीब 42 दिनों तक इसी अवस्था में रहेंगे. इस दौरान मालव्य पंचमहापुरुष राजयोग और लक्ष्मी नारायण योग का प्रभाव भी रहेगा. मेष, मिथुन और कर्क राशि के जातकों के लिए शुक्र का वक्री होना सकारात्मक बदलाव लेकर आ सकता है.

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शुक्र देव 14 नवंबर तक वक्री अवस्था में ही संचरण करेंगे. (Photo: ITG) शुक्र देव 14 नवंबर तक वक्री अवस्था में ही संचरण करेंगे. (Photo: ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 20 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 4:44 PM IST

Shukra Vakri 2026: धन-वैभव के कारक ग्रह शुक्र 3 अक्टूबर को वक्र होने वाले हैं. यानी इस दिन शुक्र की उल्टी चाल शुरू हो जाएगी. इसके बाद शुक्र देव 14 नवंबर तक वक्री अवस्था में ही संचरण करेंगे. ज्योतिषविदों का कहना है कि शुक्र की उल्टी चाल तीन राशियों के लिए शुभ संकेत दे रही है. शुक्र की उल्टी चाल इन तीन राशियों को करियर, कारोबार और आर्थिक मोर्चे पर जबरदस्त लाभ दे सकती है. आइए विस्तार से जानते हैं.

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मेष राशि
मेष राशि वालों के लिए शुक्र का वक्री होना लाभकारी रह सकता है. इस राशि के सातवें भाव में शुक्र वक्री होंगे. इसका असर रिश्तों और साझेदारी से जुड़े मामलों पर देखने को मिल सकता है. रिश्तों में नया और खूबसूरत बदलाव आ सकता है. कारोबार करने वालों को मुनाफा मिलने के योग बन सकते हैं. बिजनेस को लेकर नए आइडिया आएंगे और मार्केट में अपनी पहचान बनाने में सफलता मिल सकती है. स्वास्थ्य के लिहाज से भी समय अनुकूल दिखाई दे रहा है.

मिथुन राशि
मिथुन राशि वालों के लिए भी शुक्र का वक्री होना फायदेमंद हो सकता है. इस दौरान मंगल दूसरे भाव में रहेंगे और शुक्र-राहु के बीच सीधा त्रिकोण संबंध बनेगा. इसका असर जातकों के आत्मविश्वास, साहस और पराक्रम पर पड़ सकता है. नए आइडिया के साथ रचनात्मकता बढ़ सकती है. डिजिटल मार्केटिंग, कंटेंट क्रिएशन या स्टॉक मार्केट से जुड़े लोगों को आर्थिक लाभ के मौके मिल सकते हैं. धन की स्थिति में सुधार आता दिखाई देगा. पुराने कर्ज या उधार से मुक्त हो सकते हैं.

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कर्क राशि
कर्क राशि वालों के लिए शुक्र का वक्री होना कई मायनों में खास रह सकता है. शुक्र आपके चौथे भाव में वक्री होंगे और इसी भाव में मालव्य राजयोग का निर्माण करेंगे. वहीं लग्न भाव में उच्च के गुरु विराजमान हैं. इस दौरान मानसिक शांति मिल सकती है और समाज में मान-सम्मान बढ़ने के योग बन सकते हैं. परिवार के साथ अच्छा समय बीतेगा और घर में खुशियों का माहौल बना रह सकता है. किसी पुराने वाद-विवाद या कोर्ट-कचहरी के मामले में राहत मिलने के संकेत हैं.

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