Homemade Peanut Oil: शारदीय नवरात्रि आने ही वाली है. इन दौरान 9 दिनों के लिए घरों में माता रानी की पूजा-अर्चना की जाती है. पूजा-पाठ करने के साथ ही कुछ लोग व्रत भी रखते हैं. उपवास के दौरान सात्विक चीजें खाई जाती हैं और अन्न वाली चीजों को खाने से परहेज किया जाता है. ऐसे में व्रत के दौरान लोग तेल भी अलग इस्तेमाल करते हैं, जिनमें मूंगफली का तेल शामिल होता है. व्रत में कुट्टू की पूड़ी, राजगिरा पराठा और दूसरे फलाहारी पकवान बनाने के लिए तेल की जरूरत पड़ती है. अगर आप बाजार के तेल की शुद्धता को लेकर परेशान रहते हैं, तो इस बार घर पर ही मूंगफली का तेल तैयार कर सकते हैं.
खास बात ये है कि इसके लिए किसी तेल मिल या मशीन की जरूरत नहीं पड़ेगी. मास्टरशेफ पंकज भदौरिया ने घर पर मूंगफली से तेल निकालने का आसान तरीका बताया है. इस तरीके की खासियत सिर्फ घर का तेल तैयार करना ही नहीं है. तेल निकालने के बाद बचने वाली मूंगफली की खली को भी फेंकना नहीं पड़ेगा. इससे आप प्रोटीन से भरपूर पराठे या स्वादिष्ट लड्डू बना सकते हैं. चलिए जानते हैं कैसे बिना मशीन घर पर नवरात्रि के लिए मूंगफली का तेल तैयार किया जा सकता है.
इंग्रेडिएंट्स
मास्टरशेफ पंकज भदौरिया ने बताया है कि बिना किसी ऑयल प्रेस या मशीन के भी मूंगफली से तेल निकाला जा सकता है. इसके लिए आपको चाहिए:
सबसे पहले चुनें बिल्कुल ताजी मूंगफली
मूंगफली का तेल निकालने के लिए सबसे जरूरी मूंगफली की क्वालिटी है. मूंगफली अच्छी और ताजी होनी चाहिए. पंकज भदौरिया के मुताबिक ऐसी मूंगफली चुनें जिसका छिलका हल्का गुलाबी हो और दाने कसे हुए हों. हाथ से रगड़ने पर मूंगफली का छिलका आसानी से निकलना नहीं चाहिए. अगर मूंगफली का छिलका बहुत ढीला है या उसमें हल्की सी भी बासी या सीलन जैसी महक आ रही है, तो उसे इस्तेमाल न करें. खराब मूंगफली से निकले तेल का स्वाद कड़वा हो सकता है.
मूंगफली का तेल निकालने का तरीका
1. सबसे पहले करीब 500 ग्राम कच्ची मूंगफली लें. इसे छीलकर एक भारी तले वाली कड़ाही में डालें और लगातार चलाते हुए मीडियम से धीमी आंच पर करीब 8 से 12 मिनट तक भूनें.
2. जब मूंगफली का छिलका सुनहरा होने लगे और आसानी से अलग होने लगे तो समझें कि ये अच्छी तरह भुन चुकी है. ध्यान रखें कि मूंगफली को बहुत ज्यादा भूरा न करें, वरना तेल में जली हुई महक आ सकती है. वहीं अगर मूंगफली ठीक से नहीं भुनी होगी तो तेल में कच्चेपन की महक रह सकती है.
3. मूंगफली भुनने के बाद गैस बंद कर दें और इसे पूरी तरह ठंडा होने दें. इसके बाद कपड़े में रखकर हल्के हाथ से रगड़ें, जिससे मूंगफली के छिलके आसानी से निकल जाएंगे.
4. छिलके अलग करने के बाद मूंगफली को मिक्सर जार में डालें. इसे एक साथ लगातार न पीसें, बल्कि पल्स मोड में डालें. इसे करीब 30-30 सेकंड के पल्स में पीसें. ऐसा करने से मिश्रण ज्यादा गर्म नहीं होगा.
5. पीसते-पीसते मूंगफली पेस्ट जैसी होने लगेगी और उसमें हल्की चमक नजर आएगी. इसका मतलब है कि मूंगफली अपना तेल छोड़ना शुरू कर चुकी है.
6. मूंगफली के पेस्ट को एक बड़ी प्लेट या परात में निकालें और इसे अच्छी तरह मिला लें. अब इसमें एक-एक चम्मच करके गर्म पानी डालें और हाथों से आटे की तरह गूंथना शुरू करें.
7. ध्यान रखें कि पानी एक साथ ज्यादा नहीं डालना है. करीब 3 से 4 चम्मच गर्म पानी डालने के बाद इसे हाथों से गूंथें. लगातार दबाने और मसलने से मूंगफली का तेल अलग होकर बाहर आने लगेगा.
8. करीब 7 से 8 मिनट तक इस तरह गूंधने के बाद तेल काफी मात्रा में अलग हो जाएगी. जो तेल बाहर निकले, उसे छलनी से छानकर एक साफ बर्तन में इकट्ठा करते जाएं.
9. तेल निकालने के बाद जो मूंगफली का मिश्रण बच जाएगा, उसे मलमल के कपड़े में डालकर अच्छी तरह निचोड़ें. जब तक तेल निकलना बंद न हो जाए, तब तक इसे दबाते रहें.
10. इसके बाद तेल को एक साफ कांच की बोतल में भर दें. शुरुआत में तेल थोड़ा धुंधला दिखाई दे सकता है, लेकिन घबराने की जरूरत नहीं है. इसे 2 से 3 घंटे बिना हिलाए रख दें, ताकि नीचे मौजूद बारीक कण बैठ जाएं. इसके बाद ऊपर का तेल मलमल के कपड़े से दोबारा छान लें. पंकज भदौरिया के बताए इस तरीके से तैयार तेल को साफ, सूखी और ठंडी जगह पर रखा जा सकता है.
खली को फेंकने की बजाय बनाएं प्रोटीन वाले लड्डू
1. मूंगफली से तेल निकलने के बाद बची खली में काफी प्रोटीन मौजूद रहता है. इसे फेंकने की बजाय आटे में मिलाकर प्रोटीन से भरपूर पराठे बनाए जा सकते हैं.
2. इसके अलावा इसमें गुड़ का पाउडर और भुने हुए तिल मिलाकर लड्डू भी तैयार किए जा सकते हैं. इस तरह मूंगफली का कोई हिस्सा बेकार नहीं जाएगा और घर में एक साथ तेल के साथ स्वादिष्ट स्नैक भी तैयार हो जाएगा.
नोट: घर पर निकाला गया तेल बनाते समय साफ-सफाई और सही तरीके से स्टोरेज का ध्यान रखें. तेल में खराब गंध, स्वाद या फफूंदी जैसा कोई बदलाव नजर आए तो उसका इस्तेमाल न करें.
आजतक लाइफस्टाइल डेस्क