कैंची धाम के जाम पर SSP का महा-प्रहार! पर्यटक नहीं चला पाएंगे टैक्सी बाइक, 258 चालान और 73 वाहन सीज

उत्तराखंड के नैनीताल और कैंची धाम क्षेत्र में जाम से निपटने के लिए पुलिस ने किराए पर चलने वाले दोपहिया वाहनों के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है. एसएसपी नैनीताल के निर्देश पर 258 दोपहिया वाहनों के चालान किए गए और 73 वाहन सीज किए गए. अब पीली नंबर प्लेट वाली टैक्सी बाइक पर्यटकों के खुद चलाने पर भी नियमों के मुताबिक रोक लागू होगी.

Advertisement
जाम से निपटने के लिए एक्शन में पुलिस. (Photo: ITG) जाम से निपटने के लिए एक्शन में पुलिस. (Photo: ITG)

लीला सिंह बिष्ट

  • नैनीताल,
  • 09 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 5:47 PM IST

टूरिज्म की आड़ में नियमों को ताक पर रखकर दौड़ाई जा रहीं टैक्सी, स्कूटी और बाइक को लेकर नैनीताल पुलिस एक्शन मोड में है. नैनीताल एसएसपी के निर्देश पर चल रहे अभियान में पुलिस ने 258 दोपहिया वाहनों के चालान किए और 73 वाहनों को सीज कर दिया. पुलिस का कहना है कि पर्यटन के नाम पर नियमों की धज्जियां उड़ाने वालों को अब बिल्कुल बख्शा नहीं जाएगा.

Advertisement

नैनीताल और आसपास के प्रमुख पर्यटन स्थलों पर किराए पर दोपहिया वाहन मिलते हैं, इसी को लेकर पुलिस ने सख्त रुख अपनाया है. पीली नंबर प्लेट वाली टैक्सी बाइक पर्यटक खुद नहीं चला सकेंगे. ऐसे वाहन को चलाने के लिए अधिकृत चालक का होना जरूरी है. इसके साथ ही जिन दोपहिया वाहनों के पास रेंटल बाइक के रूप में संचालन की परमिशन नहीं है और उन्हें किराए पर दिया जा रहा है, उनके खिलाफ भी कार्रवाई होगी. केवल वाहन पर टैक्सी की नंबर प्लेट लगा देना काफी नहीं है.

यहां देखें Video

पिछले कुछ दिनों में नैनीताल और खासकर कैंची धाम क्षेत्र में भारी जाम लग रहा है. इसमें किराए पर चलने वाले दोपहिया वाहन भी वजह थे. पर्यटकों की बढ़ती भीड़, सड़कों पर वाहनों का दबाव और ट्रैफिक व्यवस्था की चुनौतियों के बीच पुलिस ने इन वाहनों की जांच तेज कर दी है.

Advertisement

कुमाऊं मंडल के आयुक्त दीपक रावत की बैठक में भी उन दोपहिया वाहनों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए गए थे, जिनके पास रेंटल बाइक संचालन के लिए जरूरी परमिट नहीं है. इसी के बाद नैनीताल पुलिस ने अभियान तेज करते हुए वाहनों पर कार्रवाई शुरू की.

किस नंबर प्लेट का क्या है मतलब?

सफेद नंबर प्लेट और काले अक्षर वाला प्राइवेट है. इसका इस्तेमाल पर्सनल काम के लिए होता है. व्यावसायिक अनुमति के बिना इसे टैक्सी या किराए के वाहन के रूप में चलाना नियम के खिलाफ है. वहीं पीली नंबर प्लेट और काले अक्षर का वाहन परिवहन या व्यावसायिक है. इस कैटेगरी में संबंधित परमिट और लाइसेंस की शर्तें लागू हैं. 

यह भी पढ़ें: PUC नहीं तो फ्यूल नहीं! दिल्ली के 500 पेट्रोल पंप पर लागू हुआ नया सिस्टम, ऐसे कटेगा ₹10 हजार का चालान

टैक्सी के रूप में दर्ज वाहन को नियमों के हिसाब से ही चलाया जा सकता है. इसके अलावा काली नंबर प्लेट और पीले अक्षर वाला वाहन किराए पर चलने वाला व्यावसायिक वाहन है. इन्हें बिना चालक के किराए पर दिया जाता है. इन्हें सेल्फ-ड्राइव वाहन के रूप में चलाने के लिए नियम और शर्तें हैं.

नैनीताल जैसे शहर में ट्रैफिक व्यवस्था बनाए रखना पुलिस और प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती है. कैंची धाम में श्रद्धालुओं की भारी भीड़ और शहर में पर्यटकों की लगातार आवाजाही के बीच तमाम वाहन जाम बढ़ा देते हैं. ऐसे में एसएसपी के निर्देश पर एक्शन लिया जा रहा है. हालांकि, हर टैक्सी बाइक पर एक ही नियम लागू नहीं होता. वाहन की कैटेगरी, परमिट और रेंटल संचालन की परमिशन के आधार पर कार्रवाई की जाएगी. पुलिस का कहना है कि नियमों के दायरे में रहकर ही पर्यटन कारोबार करें. नियमों के खिलाफ वाहन चलाने वालों पर कार्रवाई जारी रहेगी.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »