पंजाब के संगरूर में धूरी विधानसभा क्षेत्र के गांव धूरा में मुख्यमंत्री भगवंत मान के डोर-टू-डोर कार्यक्रम से पहले हाईवोल्टेज ड्रामा देखने को मिला. पूर्व कांग्रेस विधायक दलवीर सिंह गोल्डी पुलिस की निगरानी को चकमा देकर उस जगह तक पहुंच गए, जहां CM मान को लोगों से मुलाकात करनी थी. इसके बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया.
गोल्डी अपने आधिकारिक सोशल मीडिया पेज पर लाइव हुए और बाइक से गांव धूरा के लिए निकल पड़े. सिर पर टोपी और गले में काला कपड़ा पहने गोल्डी रास्ते में पुलिस के कई नाकों से गुजरते हुए कार्यक्रम स्थल तक पहुंचे. इस दौरान वह लगातार सोशल मीडिया पर पूरी यात्रा को लाइव दिखाते रहे.
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खास बात यह थी कि गोल्डी के घर के बाहर पुलिस पहले से तैनात थी. उनके मकान के दोनों गेटों पर पिछली रात से ही पुलिसकर्मी लगाए गए थे, ताकि उन्हें मुख्यमंत्री के कार्यक्रम तक पहुंचने से रोका जा सके. इसके बावजूद वह निगरानी से निकलकर बाइक से धूरा गांव पहुंचने में कामयाब रहे.
CM से पांच मिनट का वक्त मांगा था
दरअसल, एक दिन पहले दलवीर सिंह गोल्डी ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर मुख्यमंत्री भगवंत मान से पांच मिनट का समय मांगा था. उन्होंने कहा था कि वह CM के साथ संगरूर, धूरी और पंजाब से जुड़े मुद्दों पर बातचीत करना चाहते हैं. इसके बाद उनके घर के बाहर पुलिस की तैनाती कर दी गई थी.
पुलिस की ओर से की गई इस व्यवस्था के बावजूद गोल्डी कार्यक्रम स्थल तक पहुंच गए. मौके पर पहुंचने के बाद पुलिस ने उन्हें हिरासत में ले लिया. इसके बाद जवान उन्हें गाड़ी में बैठाकर अपने साथ ले गए.
कार्यक्रम से पहले पुलिस व्यवस्था पर चर्चा
मुख्यमंत्री के पहुंचने से पहले पूर्व विधायक का पुलिस घेरे से निकलकर कार्यक्रम स्थल तक पहुंचना चर्चा का विषय बन गया. गोल्डी के घर पर पुलिस की तैनाती, रास्ते में नाके और इसके बावजूद उनका मोटरसाइकिल से कार्यक्रम तक पहुंचना पूरे घटनाक्रम का अहम हिस्सा रहा.
संगरूर में हुई इस घटना ने मुख्यमंत्री के कार्यक्रम से पहले सुरक्षा और पुलिस व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े किए हैं. वहीं, गोल्डी की हिरासत के बाद कार्यक्रम स्थल पर हुए इस घटनाक्रम की चर्चा राजनीतिक गलियारों में भी हो रही है.
कुलवीर सिंह