पंजाब के मानसा में एंटी-ड्रग एक्टिविस्ट परविंदर झोटा की मंगलवार को गोली मार कर हत्या कर दी गई. अब परविंदर झोटा के पिता भीम झोटा का एक बयान सामने आया है. भीम झोटा ने आरोप लगाया है कि उनके बेटे की हत्या पंजाब सरकार और मानसा के एमएलए विजय सिंगला से समर्थन प्राप्त ड्रग पेडलर्स ने की है.
परविंदर की उम्र करीब 40 साल बताई जा रही है. उनके परिवार में पत्नी, 9 और 6 साल के दो मासूम बेटे और उनके माता-पिता हैं. परविंदर झोटा पंजाब में नशीले पदार्थों की खुलेआम बिक्री का मुद्दा उठाते थे.
जानकारी के मुताबिक, एंटी-ड्रग एक्टिविस्ट परविंदर झोटा एक फार्मेसी पर गए थे और दुकान के मालिक से उस व्यक्ति के बारे में पूछा, जिसने कथित तौर पर उसी सुबह वहां से ड्रग्स खरीदे थे. बताया जा रहा है कि इस बात को लेकर दोनों के बीत बहस शुरू हो गई. इसी दौरान दुकान में मौजूद व्यक्ति ने झोटा पर गोलियां चला दी. गोलियां उनके शरीर के आर-पार हो गई जिससे उनकी मौत हो गई.
वहीं, फायरिंग में चार अन्य लोग भी घायल हो गए. वारदात के बाद दुकान का मालिक दुकान बंद कर मौके से फरार हो गया. घटना की सूचना मिलती ही पुलिस और झोटा के समर्थक घटनास्थल पर पहुंच गए.
वहीं, पंजाब कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग ने इस मामले को लेकर पंजाब सरकार पर निशाना साधा है. उन्होंने पंजाब की कानून-व्यवस्था और नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को लेकर भी सरकार पर सवाल उठाए हैं.
उन्होंने आरोप लगाया कि परविंदर सिंह ने पंजाब में नशे के खिलाफ आवाज उठाई थी, लेकिन आम आदमी पार्टी (AAP) की सरकार ने उनके प्रयासों का समर्थन नहीं किया.
कांग्रेस नेता सचिन पायलट ने भी परिविंदर हत्याकांड पर पंजाब सरकार को घेरा है. उन्होंने कहा कि यह दिखाता है कि पंजाब में कानून व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है. मुख्यमंत्री और वहां की सरकार पूरी तरह से बेबस हो गए हैं. उन्होंने कहा कि सरकार नशीले पदार्थों के कारोबार में शामिल ताकतवर लोगों के दबाव के चलते कोई कार्रवाई करने में विफल साबित हुई है.
कमलजीत संधू