मणिपुर के पहाड़ी जिलों में बवाल, बंद के दौरान दो गुटों में झड़प

मणिपुर के सेनापति और कांगपोकपी जिलों में नागा नागरिक निकायों द्वारा बुलाए गए तीन दिवसीय बंद के दौरान दो आदिवासी समुदायों के बीच हिंसक झड़प हुई. प्रशासन ने सभी समुदायों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील की है. हिंसा के दौरान किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है.

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मणिपुर में दो गुटों में झड़प. (File photo: ITG) मणिपुर में दो गुटों में झड़प. (File photo: ITG)

aajtak.in

  • इंफाल,
  • 22 अप्रैल 2026,
  • अपडेटेड 5:11 AM IST

मणिपुर के सेनापति और कांगपोकपी जिलों में मंगलवार को उस वक्त तनाव फैल गया, जब नागा नागरिक निकायों द्वारा बुलाए गए बंद के दौरान दो आदिवासी समुदायों के बीच हिंसक झड़प हो गई. स्थिति को बिगड़ने से रोकने के लिए प्रशासन ने प्रभावित इलाकों और नेशनल हाईवे पर अतिरिक्त सुरक्षा बल तैनात कर दिया है. साथ ही भीड़ को तितर-बितर करने के लिए हल्के बल का भी प्रयोग किया. वर्तमान में सुरक्षा बलों की तैनाती के बाद स्थिति नियंत्रण में है.

दरअसल, यूनाइटेड नागा काउंसिल (UNC) ने उखरुल जिले में 18 अप्रैल को दो तांगखुल नागा नागरिकों की हत्या के विरोध में तीन दिवसीय बंद का आह्वान किया था. जो सोमवार देर रात से शुरू हुआ. इसी दौरान पुलिस जब बंद समर्थकों द्वारा लगाए गए सड़क जाम को हटाने पहुंची, तभी सेनापति और कांगपोकपी जिलों के गांवों में दो आदिवासी समुदायों के सदस्यों के बीच हिंसक झड़प हो गई. झड़प के दौरान कुछ राउंड फायरिंग भी हुई, हालांकि किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई है.

पुलिस ने बताया कि यूनाइटेड नागा काउंसिल का ये बंद 20 अप्रैल की आधी रात से शुरू हुआ था, जिसमें सेनापति, उखरुल और तामेंगलोंग जैसे नागा बहुल इलाकों में जनजीवन ठप कर दिया. दुकानें बंद रहीं और सड़कों पर वाहनों की आवाजाही पूरी तरह प्रभावित रही. जब पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को हटाने की कोशिश की तो पड़ोसी गांवों के लोग भी शामिल हो गए, जिससे मामला और बिगड़ गया.

अधिकारियों ने बताया कि हिंसा की खबर मिलते ही सेनापति और कांगपोकपी के संवेदनशील इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल भेज दिया गया है. नेशनल हाईवे-2 पर विशेष निगरानी रखी जा रही है, ताकि परिवहन सुरक्षित रहे. सुरक्षा बल उखरुल में हुए हमले की भी जांच कर रहे हैं. प्रशासन ने सभी समुदायों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की है.

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