पंचायत चुनाव पर ओमप्रकाश राजभर का बयान, बोले- पिछड़ा वर्ग आयोग की रिपोर्ट आते ही कराएंगे चुनाव

यूपी पंचायत चुनाव पर मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने कहा कि पिछड़ा वर्ग आयोग की रिपोर्ट आते ही चुनाव की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी. जानिए हाईकोर्ट के आदेश और राहुल गांधी पर राजभर के बयान की पूरी जानकारी.

Advertisement
हाई कोर्ट ने 3 माह में पंचायत चुनाव कराने का आदेश दिया है (फोटो-ITG) हाई कोर्ट ने 3 माह में पंचायत चुनाव कराने का आदेश दिया है (फोटो-ITG)

संतोष शर्मा

  • लखनऊ,
  • 16 अक्टूबर 2026,
  • अपडेटेड 11:41 PM IST

उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव कराने को लेकर सियासी हलचल तेज हो गई है. इलाहाबाद हाईकोर्ट ने राज्य में तीन महीने के भीतर पंचायत चुनाव कराने का आदेश दिया है. इस पर उत्तर प्रदेश सरकार के पंचायती राज मंत्री ओमप्रकाश राजभर ने आज तक से बातचीत में कहा कि सरकार चुनाव कराने के लिए तैयार है. हालांकि, उन्होंने साफ किया कि पंचायत चुनाव पिछड़ा वर्ग आयोग की रिपोर्ट के आधार पर कराए जाने हैं. यह आयोग भी हाईकोर्ट के आदेश पर ही गठित किया गया है.

Advertisement

राजभर ने कहा कि सरकार को पिछड़ा वर्ग आयोग की रिपोर्ट का इंतजार है. आयोग जैसे ही अपनी रिपोर्ट सौंप देगा, उसके आधार पर पंचायत चुनाव कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी. उन्होंने बताया कि हाईकोर्ट ने आयोग को भी एक महीने के भीतर रिपोर्ट देने के लिए कहा है. 

अब एक महीने में रिपोर्ट तैयार हो पाएगी या नहीं, इसका जवाब आयोग को ही अदालत के सामने देना होगा. मंत्री के मुताबिक, सरकार की ओर से चुनाव कराने को लेकर तैयारी है, लेकिन आयोग की रिपोर्ट इस प्रक्रिया में अहम भूमिका निभाएगी.

दिल्ली प्रदर्शन पर राजभर ने उठाए सवाल

ओमप्रकाश राजभर ने दिल्ली में प्रदर्शन कर रहे लोगों को लेकर भी सवाल उठाए. उन्होंने पूछा कि प्रदर्शनकारियों के खाने-पीने और रहने का खर्च कौन उठा रहा है. राजभर ने कहा कि जब वह खुद एक बार दिल्ली जाते हैं तो उनके अकेले का खर्च ढाई से तीन हजार रुपये तक हो जाता है. 

Advertisement

ऐसे में बड़ी संख्या में दिल्ली पहुंचे लोगों के रहने और खाने-पीने की व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए उन्होंने पूछा कि आखिर इन लोगों को फंडिंग कौन कर रहा है. हालांकि, उनके इस सवाल के समर्थन में किसी फंडिंग से जुड़ा सबूत या विवरण बातचीत में सामने नहीं आया.

CEC को आंदोलन से नहीं हटाया जा सकता

मुख्य निर्वाचन आयुक्त को लेकर चल रहे राजनीतिक विवाद पर भी पंचायती राज मंत्री ने अपनी बात रखी. उन्होंने कहा कि मुख्य निर्वाचन आयुक्त एक संवैधानिक पद है और किसी आंदोलन के जरिए उन्हें पद से नहीं हटाया जा सकता. 

राजभर के मुताबिक, मुख्य निर्वाचन आयुक्त को हटाने के लिए महाभियोग की व्यवस्था है. उन्होंने विपक्ष के आरोपों पर सवाल उठाते हुए कहा कि महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश और राजस्थान के चुनाव के समय ज्ञानेश कुमार मुख्य निर्वाचन आयुक्त नहीं थे. राजभर ने आरोप लगाया कि विपक्ष झूठे आरोप लगाकर देश की जनता को गुमराह कर रहा है.

राजनाथ सिंह के बयान का समर्थन

राहुल गांधी को लेकर रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के बयान का समर्थन करते हुए ओमप्रकाश राजभर ने कांग्रेस नेता को अमेठी से चुनाव लड़ने की चुनौती दी. उन्होंने कहा कि अगर राहुल गांधी में दम है तो वह समाजवादी पार्टी के समर्थन के बिना अमेठी से चुनाव लड़कर दिखाएं. 

Advertisement

राजभर ने दावा किया कि राहुल गांधी अमेठी और रायबरेली में समाजवादी पार्टी के दम पर चुनाव जीतते हैं और इसमें उनका अपना कोई योगदान नहीं है. उनके इस बयान से उत्तर प्रदेश में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के बीच चुनावी सहयोग को लेकर राजनीतिक बहस तेज होने के संकेत हैं.
 

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »