जब संसद में पीएम मोदी ने चुटकुलों से किया विपक्ष पर वार, सदन में गूंजे ठहाके

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के भाषणों में राजनीतिक हमलों के साथ-साथ उनका चुटीला अंदाज भी अक्सर चर्चा में रहता है. संसद में कई मौकों पर उन्होंने विपक्ष के सवालों और हमलों का जवाब मुहावरों, किस्सों, शायरी और हास्य के जरिए दिया.

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संसद में PM मोदी के मजेदार जवाब (Photo-ITG) संसद में PM मोदी के मजेदार जवाब (Photo-ITG)

aajtak.in

  • नई दिल्ली,
  • 17 सितंबर 2026,
  • अपडेटेड 11:11 AM IST

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी चुनावी रैलियों में विपक्ष पर तीखे राजनीतिक प्रहार करते नजर आते हैं, लेकिन संसद का उनका अंदाज कई बार बिल्कुल अलग दिखाई देता है. सदन में जब विपक्ष की ओर से उन पर तीखे हमले होते हैं, तो पीएम मोदी कई बार उसका जवाब चुटकुलों, मुहावरों और शायरी में देते हैं. उनके जवाबों से कई मौकों पर सदन का माहौल हल्का-फुल्का और खुशनुमा हो जाता है, यहां तक कि विपक्षी खेमे के सदस्य भी अपनी हंसी नहीं रोक पाते. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के जन्मदिन के मौके पर नजर डालते हैं, संसद के ऐसे ही कुछ दिलचस्प किस्सों पर.

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28 फरवरी 2015: मनरेगा को बताया ‘जीता-जागता स्मारक’

लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मनरेगा को लेकर कांग्रेस पर चुटीला राजनीतिक तंज कसा था. उन्होंने कहा था- “मेरी राजनीतिक सूझबूझ कहती है कि MGNREGA कभी बंद मत करो, क्योंकि यह आपकी विफलताओं का जीता-जागता स्मारक है. आजादी के 60 साल बाद लोगों को गड्ढे खोदने के लिए भेजना आपकी विफलताओं का स्मारक है. MGNREGA रहेगा, आन, बान, शान के साथ रहेगा और गाजे-बाजे के साथ दुनिया को बताया जाएगा.'' 


7 फरवरी 2018: संसद में हंसी पर PM को याद आई रामायण 

राज्यसभा में एक भाषण के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी कांग्रेस के कई नेताओं पर निशाना साध रहे थे. इसी बीच कांग्रेस सांसद रेणुका चौधरी उनकी एक टिप्पणी पर जोर-जोर से हंसने लगीं. पीएम मोदी ने चुटीले अंदाज में कहा, “सभापति जी, आप रेणुका जी को कुछ न कहिए. रामायण सीरियल के बाद ऐसी हंसी आज सुनने को मिली है.” पीएम मोदी की इस टिप्पणी के बाद सदन में हंसी का माहौल बन गया.

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13 फरवरी 2019:  'भूकंप” पर पलटवार

राफेल मुद्दे पर संसद में जारी बहस के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राहुल गांधी के पुराने भूकंप वाले बयान पर चुटकी ली थी. उन्होंने कहा था कि 'सदन में भूकंप आने की बातें बहुत सुनी गईं, यहां तक कि हवाई जहाज उड़ाए गए, लेकिन पांच साल बीत गए न कोई भूकंप आया और न ही कोई हवाई जहाज संसदीय लोकतंत्र की मर्यादा तक पहुंच पाया.'

इसी दौरान पीएम मोदी ने राहुल गांधी के उन्हें गले लगाने और फिर आंख मारने की घटना पर भी चुटीले अंदाज में टिप्पणी की. उन्होंने कहा, “पहली बार मुझे इस सदन में आकर पता चला कि गले मिलने और गले पड़ने में क्या अंतर है.” इसके बाद आंख मारने की घटना पर उन्होंने कहा, “सदन में आंखों की गुस्ताखियां भी होती हैं, यह भी पहली बार पता चला.” पीएम मोदी की इन टिप्पणियों ने सदन में हंसी का माहौल बना दिया.

6 फरवरी 2020: जब राहुल को कहा ट्यूबलाइट

लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने चुटीले अंदाज में कहा था कि वह पिछले कई वर्षों से गालियां सुनते-सुनते “गाली प्रूफ” हो चुके हैं. उन्होंने कहा कि अगर अगले छह महीने में उन्हें डंडे खाने की बात कही जा रही है, तो वह अपनी पीठ मजबूत करने के लिए सूर्य नमस्कार की संख्या बढ़ा देंगे. इसी दौरान राहुल गांधी की ओर इशारा करते हुए पीएम मोदी ने कहा, “मैं पिछले 30-40 मिनट से बोल रहा था, लेकिन वहां करंट पहुंचने में इतना समय लग गया.” इसके बाद उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा, “बहुत सी ट्यूबलाइट ऐसी ही होती हैं, जिसे जलने में समय लगता है.” पीएम मोदी के इस चुटीले जवाब के बाद सदन में हंसी-ठिठोली का माहौल बन गया.

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2 जुलाई 2024: ‘543 में 99’ पर चुटकी

लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिना नाम लिए राहुल गांधी पर “बालक बुद्धि” कहते हुए चुटकी ली. उन्होंने एक बच्चे की कहानी सुनाते हुए कहा कि 'वह घमंड में घूमता था और अपने 99 अंक बताकर सबकी वाहवाही लूटता था, फिर शिक्षक ने बताया कि ये 100 में से 99 नहीं, बल्कि 543 में से 99 अंक हैं.' इसी उदाहरण के जरिए पीएम मोदी ने तंज किया कि उस “बालक बुद्धि” को कौन समझाए कि उसने फेल होने का “वर्ल्ड रिकॉर्ड” बना दिया है, उनके इस चुटीले अंदाज पर सदन में हंसी-ठिठोली का माहौल बन गया. पीएम ने कांग्रेस नेताओं के बयानों पर भी टिप्पणी की और कहा कि उनके बयानों ने ‘शोले’ फिल्म को भी पीछे छोड़ दिया है. 

5 फरवरी 2026: ‘दो किलो गाली’ वाला तंज

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने ऊपर होने वाली राजनीतिक आलोचनाओं का जिक्र करते हुए कहा था पिछले 25 वर्षों में संसद का कोई ऐसा सत्र नहीं गया, जिसमें उनके खिलाफ गालियां नहीं दी गई हों. इसी संदर्भ में उन्होंने अपने स्वास्थ्य को लेकर एक चुटीला उदाहरण दिया.

पीएम मोदी ने कहा ' किसी ने मुझसे पूछा था कि मेरे अच्छे स्वास्थ्य का राज क्या है, इसके जवाब में मैंने कहा, मैं डेली दो किलो गाली खाता हूं.' उनकी इस टिप्पणी के बाद सदन में सदस्यों की प्रतिक्रिया और हंसी-ठिठोली का माहौल देखने को मिला. 

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