देशभर में प्याज की उपलब्धता में सुधार के साथ इसकी कीमतों में नरमी देखने को मिल रही है. खरीफ प्याज की नई फसल की आवक बढ़ने, बफर स्टॉक से सप्लाई जारी रहने और अनुकूल मौसम के कारण आने वाले हफ्तों में बाजार में प्याज की उपलब्धता और बेहतर होने की उम्मीद है.
केंद्र सरकार के मुताबिक, देशभर की मंडियों और प्रमुख खुदरा बाजारों में प्याज की कीमतों में भारी गिरावट दर्ज की गई है. आगामी त्योहारों के दौरान मांग को पूरा करने के लिए सरकार ने बफर स्टॉक से प्याज की आपूर्ति भी तेज कर दी है.
सरकार के मुताबिक, कर्नाटक, आंध्र प्रदेश और राजस्थान जैसे प्रमुख उत्पादक राज्यों से खरीफ प्याज की नई फसल बाजार में पहुंचने लगी है. आने वाले सप्ताहों में इन राज्यों से आवक और बढ़ने की संभावना है.
इसके साथ ही भंडारित प्याज की उपलब्धता भी बाजार की मांग को पूरा करने में मदद कर रही है. इस साल देश में खरीफ प्याज का रकबा पिछले साल के मजबूत स्तर की तुलना में लगभग 5 प्रतिशत ज्यादा रहने का अनुमान है. प्रमुख उत्पादक क्षेत्रों में फसल की स्थिति भी अनुकूल बताई गई है.
भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के पूर्वानुमान के मुताबिक, कटाई की अवधि में प्रमुख प्याज उत्पादक क्षेत्रों में अत्यधिक बारिश की आशंका नहीं है. इससे फसल की कटाई, सुखाने और परिवहन में सुविधा मिलने के साथ नमी के कारण फसल खराब होने का जोखिम भी कम होगा.
महाराष्ट्र की मंडियों में 13 प्रतिशत घटी कीमत
प्याज की बढ़ती आवक का असर मंडियों की कीमतों पर दिखाई देने लगा है. महाराष्ट्र की प्रमुख प्याज मंडियों में औसत भारित कीमत 16 सितंबर को लगभग 4,030 रुपये प्रति क्विंटल थी. लेकिन 3 अक्टूबर तक घटकर करीब 3,475 रुपये प्रति क्विंटल रह गई. इस तरह कीमतों में लगभग 13 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई है.
मंडियों में आवक मजबूत बने रहने से आपूर्ति की स्थिति बेहतर हुई है. इससे किसानों से लेकर थोक व्यापार और उपभोक्ता बाजार तक कीमतों पर दबाव कम होने के संकेत मिल रहे हैं.
126 शहरों में खुदरा कीमतों में गिरावट
खुदरा बाजारों में भी प्याज सस्ता होने का रुझान सामने आया है. पिछले दो सप्ताह में 126 शहरों में प्याज की खुदरा कीमतों में 1 से 21 रुपये प्रति किलोग्राम तक की गिरावट दर्ज की गई है. तमिलनाडु, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, कर्नाटक, ओडिशा, आंध्र प्रदेश, बिहार और पश्चिम बंगाल सहित कई राज्यों में कीमतों में नरमी देखी गई है.
123 शहरों में पहुंचाया गया बफर प्याज
सरकार ने बाजार में सप्लाई बढ़ाने के लिए बफर स्टॉक से प्याज का वितरण भी तेज किया है. अब तक 8 'कांदा एक्सप्रेस' और 467 ट्रकों के जरिए 123 शहरों में 2 लाख क्विंटल से अधिक प्याज की सप्लाई की जा चुकी है. ज्यादा खपत वाले बाजारों तक बड़ी मात्रा में प्याज पहुंचाने के लिए अतिरिक्त रेल रेक चलाने की योजना भी बनाई जा रही है.
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सरकार के मुताबिक, नई फसल की आवक, भंडारित प्याज और बफर स्टॉक से नियमित सप्लाई के कारण बाजार में उपलब्धता मजबूत बनी रहने की उम्मीद है. आगामी त्योहारों को देखते हुए कीमतों, स्टॉक और आवक पर लगातार निगरानी रखी जा रही है. इन परिस्थितियों में आने वाले सप्ताहों में प्याज की सप्लाई बेहतर रहने और कीमतों में आगे भी नरमी आने की संभावना है.
आशुतोष मिश्रा