नागपुर रेलवे स्टेशन पर राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए करीब 3 करोड़ 9 लाख रुपये मूल्य का विदेशी सोना जब्त किया है. यह सोना भारत-बांग्लादेश सीमा से तस्करी के जरिए देश में लाया गया था और ट्रेन के जरिए आगे ले जाया जा रहा था. DRI की नागपुर टीम ने खुफिया सूचना के आधार पर ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस में कार्रवाई करते हुए एक संदिग्ध यात्री को पकड़ा और उसके पास से सोने के 16 बिस्किट बरामद किए हैं.
जानकारी के मुताबिक बरामद सोने का कुल वजन 2.165 किलोग्राम है. इसकी अनुमानित कीमत करीब 3 करोड़ 9 लाख रुपये बताई गई है. DRI अधिकारियों को सूचना मिली थी कि तस्करी का सोना ट्रेन संख्या 12102 की ज्ञानेश्वरी एक्सप्रेस के जरिए आगे ले जाया जा रहा है. इसके बाद अधिकारियों ने नागपुर रेलवे स्टेशन पर संदिग्ध यात्री की निगरानी शुरू की और उसे पकड़ लिया.
पेंट की सेलोटेप और अखबार में छिपाया था सोना
तस्करी के सोने को छिपाने के लिए आरोपी ने खास तरीका अपनाया था. सोने के बिस्किटों को पेंट की रंगीन सेलोटेप से लपेटने के बाद पुराने अखबार में बांधकर रखा गया था. जिसका मकसद सोने की पहचान छिपाना और तलाशी के दौरान सुरक्षा एजेंसियों को चकमा देना था. हालांकि, DRI को मिली पुख्ता खुफिया जानकारी के कारण तस्कर की योजना विफल हो गई.
प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने कथित तौर पर तस्करी के सोने को छिपाने और उसे निर्धारित व्यक्ति तक पहुंचाने की बात स्वीकार की है. DRI ने सीमा शुल्क अधिनियम, 1962 के प्रावधानों के तहत सोना जब्त कर आरोपी यात्री को गिरफ्तार कर लिया है.
फिलहाल DRI इस पूरे मामले की गहन जांच कर रही है. जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि सोना भारत में कहां से लाया गया था, तस्करी के इस नेटवर्क में कौन-कौन लोग शामिल हैं और बरामद सोने की खेप आखिर किस व्यक्ति तक पहुंचाई जानी थी. एजेंसी को आशंका है कि इस मामले के पीछे एक बड़ा तस्करी नेटवर्क सक्रिय हो सकता है.
योगेश पांडे