भारत में नशीली दवाओं की तस्करी... गिरोह का प्रमुख सदस्य नाइजीरियाई नागरिक गिरफ्तार

मुंबई के राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) के अधिकारियों ने गोवा से नशीली दवाओं की तस्करी करने वाले गिरोह के प्रमुख सदस्य नाइजीरियाई नागरिक को गिरफ्तार किया है. जांच के दौरान यह भी पता चला कि आरोपी पिछले कुछ सालों से अवैध रूप से भारत में रह रहा था और गोवा से एक अंतरराष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट का संचालन कर रहा था.

Advertisement
प्रतीकात्मक फोटो. प्रतीकात्मक फोटो.

aajtak.in

  • मुंबई,
  • 29 फरवरी 2024,
  • अपडेटेड 4:35 PM IST

मुंबई के राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआई) के अधिकारियों ने गोवा के अंजुना के जंगलों से नशीली दवाओं की तस्करी करने वाले गिरोह के एक प्रमुख सदस्य नाइजीरियाई नागरिक को गिरफ्तार किया है. पुलिस अधिकारी ने गुरुवार को यह जानकारी दी. उन्होंने कहा कि ऑपरेशन 19 फरवरी को चलाया गया था, जिसके बाद एजेंसी ने तटीय राज्य में उनके किराए के घर से 39 ग्राम कोकीन और 6 लाख रुपये बरामद किए.

Advertisement

पुलिस के मुताबिक, जांच के दौरान यह भी पता चला कि आरोपी पिछले कुछ सालों से अवैध रूप से भारत में रह रहा था और गोवा से एक अंतरराष्ट्रीय ड्रग सिंडिकेट का संचालन कर रहा था. डीआरआई की मुंबई और गोवा जोनल टीमों के अधिकारियों ने विशिष्ट इनपुट के आधार पर ऑपरेशन चलाया. 10 जनवरी को जांच एजेंसी मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर कार्रवाई कर रही थी. इस दौरान एक थाई महिला के पास से 4 किलो कोकीन बरामद हुई.

ये भी पढ़ें- नवी मुंबई में 'म्याऊ म्याऊ' ड्रग का तस्कर गिरफ्तार, एंटी-नारकोटिक्स सेल ने बरामद की 50 लाख की मेफेड्रोन

नाइजीरियाई नागरिक की पहचान गिरोह के प्रमुख सदस्य के रूप में हुई

गिरफ्तार थाई महिला ड्रग सिंडिकेट के लिए भारत में प्रतिबंधित सामग्री की तस्करी करने की कोशिश कर रही थी. जांच के दौरान यह भी पता चला कि गोवा स्थित एक नाइजीरियाई नागरिक की पहचान इस सिंडिकेट के प्रमुख सदस्य के रूप में की गई, जो गोवा से इस अंतरराष्ट्रीय सिंडिकेट के मामलों का संचालन और प्रबंधन कर रहा था.

Advertisement

20 मिनट तक चले ऑपरेशन के बाद आरोपी गिरफ्तार

लगातार निगरानी के बाद डीआरआई ने उसे उत्तरी गोवा के अंजुना इलाके में ढूंढ निकाला. हालांकि, आरोपी को शक हो गया और वह भागने की कोशिश में पास के घने जंगल में भाग गया. जंगल के रास्तों से अनजान डीआरआई अधिकारी अलग-अलग टीमों में बंट गए और उसका पीछा करना शुरू किया. करीब 20 मिनट तक चले ऑपरेशन के बाद आरोपी को पकड़ लिया गया.

डीआरआई ने अपने बयान में कहा कि पूछताछ के दौरान आरोपी ने भारत में मादक पदार्थों की तस्करी गतिविधियों में अपनी भूमिका स्वीकार की. उसने स्थानीय ड्रग तस्करों और उनके ग्राहकों को नशीले पदार्थों का आपूर्तिकर्ता होने की बात भी स्वीकार की.

मामले में डीआरआई ने कही ये बात

डीआरआई ने कहा कि जांच में यह भी पाया गया कि उसे नारकोटिक ड्रग्स एंड साइकोट्रोपिक सब्सटेंस (एनडीपीएस) अधिनियम मामलों में पहले भी दो बार गिरफ्तार किया गया था और वह बिना किसी कानूनी दस्तावेज या परमिट के भारत में रह रहा था. फिलहाल, आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर मुंबई लाया गया और कोर्ट में पेश किया गया. फिर उसे न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया है.

---- समाप्त ----

Read more!
Advertisement

RECOMMENDED

Advertisement
Latest News in Hindi »