दिल्ली के जंतर-मंतर पर जहां नीट पेपर लीक को लेकर बवाल जारी है. छात्र प्रदर्शन कर रहे हैं. इसी बीच झारखंड में भारतीय जनता पार्टी और भारतीय जनता युवा मोर्चा ने झारखंड लोक सेवा आयोग की 14वीं सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा में गड़बड़ी को लेकर आयोग के कार्यालय के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया.
प्रदर्शन में शामिल छात्र संगठनों और बीजेवाईएम मेंबर का आरोप है कि जेपीएसी ने प्रारंभिक परीक्षा का रिजल्ट जारी किया,लेकिन उस पर आयोग के सदस्यों के साइन नहीं हैं. उनका यह भी कहना है कि परीक्षा का कट-ऑफ नम्बर को भी पब्लिक नहीं किया गया.प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि परीक्षा का पूरा काम ऐसी एजेंसी को सौंपा गया, जिसे उत्तर प्रदेश में पहले ही ब्लैकलिस्ट किया जा चुका है.
प्रदर्शनकारियों का दावा है कि नियमों के अनुसार अलग-अलग काम अलग-अलग एजेंसियों को दिए जाने चाहिए थे,लेकिन एक ही एजेंसी को वन टाइम रजिस्ट्रेशन,ऑनलाइन एप्लीकेशन प्रोसेसिंग, एडमिट कार्ड तैयार करने, प्रश्न पत्र और ओएमआर शीट की छपाई, ओएमआर स्कैनिंग, ऑनलाइन स्क्रीन मार्किंग और रिजल्ट प्रोसेसिंग समेत आठ अहम जिम्मेदारियां सौंप दी गईं.
सुरक्षा व्यवस्था के कड़े इंतजाम किए गए थे
झारखंड लोक सेवा आयोग कार्यालय के घेराव के दौरान हजारों कार्यकर्ता आयोग की ओर बढ़े.स्थिति को देखते हुए पुलिस ने पहले से ही सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए थे. प्रदर्शन के दौरान कुछ कार्यकर्ता बैरिकेड तोड़कर आयोग के मुख्य गेट तक पहुंच गए, जिससे कुछ देर के लिए तनाव की स्थिति बन गई. कार्यालय के बाहर प्रदर्शनकारियों ने जमकर नारेबाजी की और पुलिस के साथ धक्का-मुक्की भी हुई.मौके पर पुलिस के अलावा आरपीएफ और अन्य सुरक्षा बल भी तैनात थे हालात को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था कड़ी रही, लेकिन टियर गैस छोड़ने या लाठीचार्ज की नौबत नहीं आई.
सत्यजीत कुमार