1 जुलाई को संसदीय समिति की अहम बैठक, NTA के सुधारों पर होगी चर्चा 

1 जुलाई को संसदीय समिति NEET-UG 2026 के री-एग्जाम की प्रक्रिया और नेशनल टेस्टिंग एजेंसी में प्रस्तावित सुधारों का जायजा लेगी. परीक्षा के विश्वसनीयता पर उठे सवालों और चल रही जांच को देखते हुए ये बैठक बेहद अहम मानी जा रही है.  

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1 जुलाई को होगी संसदीय समिति की बैठक. 1 जुलाई को होगी संसदीय समिति की बैठक.

अनमोल नाथ

  • नई दिल्ली,
  • 30 जून 2026,
  • अपडेटेड 10:31 AM IST

शिक्षा, महिला, बाल, युवा एवं खेल संबंधी संसदीय स्थायी समिति 1 जुलाई को आयोजित अपनी बैठक में NEET UG 2026 की पुनर्परीक्षा से मिले प्रमुख सबकों की समीक्षा करेगी और राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) में प्रस्तावित सुधारों पर विचार-विमर्श करेगी. यह बैठक सुबह 10:30 बजे शुरू होगी. 

इसमें सरकार की ओर से NTA सुधारों के लिए गठित उच्चस्तरीय समिति के अध्यक्ष और इंडियन स्पेस रिसर्च ऑर्गनाइजेशन (ISRO) के पूर्व अध्यक्ष डॉ के राधाकृष्णन, राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी को सशक्त बनाने के लिए सुधार विषय पर रोडमैप प्रस्तुत करेंगे. बैठक में उच्च शिक्षा सचिव डॉ. विनीत जोशी और NTA के महानिदेशक अभिषेक सिंह भी शामिल होंगे. दोनों अधिकारियों के एजेंसी में चल रहे सुधारों और सामने आ रही चुनौतियों पर समिति को जानकारी देने की संभावना है. 

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12 बजे से दूसरे सत्र की शुरुआत 

वहीं, समिति का दूसरा सत्र दोपहर 12 बजे से शुरू होगा, जिसमें शिक्षा पर कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) के प्रभाव और छात्रों की रोजगार क्षमता बढ़ाने की रणनीतियों पर चर्चा की जाएगी.  इस सत्र में विशेषज्ञ गवाह के रूप में राष्ट्रीय शैक्षिक योजना एवं प्रशासन संस्थान(NIEPA) के पूर्व विभागाध्यक्ष प्रो अरुण सी मेहता, इंडियन इंस्टीट्यूशन ऑफ साइंस (IISc) के प्रो. टीजी सीताराम, जो ऑल इंडिया काउंसिल फॉर टेक्निकल एजुकेशन (AICTE) के पूर्व अध्यक्ष भी रह चुके हैं, दिल्ली स्कूल ऑफ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के प्रतिनिधि तथा Sarvam AI के प्रतिनिधि समिति के समक्ष अपने विचार रखेंगे. ये इस बात का संकेत माना जा रहा है कि शिक्षा क्षेत्र में स्वदेशी AI समाधानों की भूमिका और उनके उपयोग की संभावनाओं पर भी गंभीरता से विचार किया जाएगा.  

NTA को देंगे रोडमैप 

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बता दें कि बैठक के पहले सत्र में सरकार की ओर से NTA सुधारों के लिए गठित उच्चस्तरीय समिति के अध्यक्ष और इसरो (ISRO) के पूर्व अध्यक्ष डॉ. के राधाकृष्णन एजेंसी को सशक्त बनाने के लिए सुधार विषय पर अपना रोडमैप प्रस्तुत करेंगे. इससे परीक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी, विश्वसनीय और सुरक्षित बनाने के लिए प्रस्तावित कदमों पर चर्चा होने की संभावना है. 

स्वदेशी AI समाधानों पर भी रहेगा फोकस

बैठक में Sarvam AI को आमंत्रित किया जाना इस बात का संकेत माना जा रहा है कि सरकार शिक्षा क्षेत्र में स्वदेशी AI तकनीकों और उनके व्यावहारिक उपयोग की संभावनाओं पर गंभीरता से विचार कर रही है. 

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