इस समय जॉब मार्केट की स्थिति दिन पर दिन बदल रही है. कंपनियां एआई टूल्स की ओर अधिक झुकाव दिखा रही हैं, जिसका रिजल्ट बड़े पैमाने पर छंटनी हो रही है, खासकर तकनीकी फील्ड में. स्थिति इतनी गंभीर है कि एक स्टार्टअप ने अपने एक तकनीशियन को नौकरी पर रखने के महज एक महीने बाद ही निकाल दिया. Less_Sir1465 नाम के यूजर ने DevelopersIndia रेडिट पर यह पोस्ट शेयर की. उन्होंने बताया कि वे डेटा इंजीनियर के रूप में काम करते हैं. उन्होंने कहा कि 5 साल बाद अपनी पिछली कंपनी छोड़कर एक स्टार्टअप ज्वाइन किया था. लेकिन बजट की समस्या के कारण एक महीने से भी कम समय में हालात बिगड़ गए.
एक महीने के अंदर चली गई नौकरी
पोस्ट में उन्होंने आगे लिखा कि नौकरी ज्वाइन करने के करीब एक महीने बाद ही उन्हें बताया गया कि प्रोजेक्ट और क्लाइंट की स्थिति बदल गई है और बजट की कमी है. इसके बाद उन्हें बिना किसी प्रोजेक्ट के छोड़ दिया गया और इस्तीफा देने के लिए कहा गया. उन्होंने कहा कि मैं थोड़ा सदमे में हूं. हालांकि, ध्यान देने वाली बात है कि छंटनी सिर्फ भारत तक सीमित नहीं है बल्कि दुनियाभर में बड़े स्तर पर हो रही है. Layoffs.fyi के अनुसार, इस साल अब तक 271 टेक कंपनियां 1.26 लाख से ज्यादा नौकरियां खत्म कर चुकी हैं. वहीं, 2025 में करीब 1.22 लाख टेक कर्मचारियों की नौकरी गई थी.
क्या पुरानी कंपनी में वापस जाना चाहिए?
बाजार की अस्थिर स्थिति के बीच इस टेक प्रोफेशनल ने करीब 5 साल पुरानी स्थिर नौकरी छोड़कर नई कंपनी ज्वाइन की थी लेकिन नई नौकरी शुरू करने के कुछ ही समय बाद उन्हें छंटनी का सामना करना पड़ा. नौकरी से निकालने के बाद डेटा इंजीनियर ने बताया कि नौकरी जाने के बाद उन्हें मुआवजे के तौर पर करीब 3 महीने की सैलरी मिली. लेकिन इस बीच जो सवाल सबसे उठ रहा है वह ये है कि क्या उसे पुरानी कंपनी में वापस जाना चाहिए. उन्होंने रेडिट यूजर से सलाह मांगी है कि क्या उन्हें अपनी पुरानी कंपनी में वापस जाने की कोशिश करनी चाहिए या नई नौकरी तलाशनी चाहिए.
क्या बोले यूजर्स?
एक रेडिट यूजर ने लिखा कि कोविड-19 महामारी के दौरान उनके साथ भी ऐसी ही स्थिति हुई थी. उन्होंने कहा कि नई कंपनी में 6 महीने काम करने के बाद कोविड और छंटनी के कारण उनका प्रोजेक्ट रद्द हो गया. इसके बाद वह अपनी पुरानी कंपनी में लौट गए. यूजर के मुताबिक, उनके अच्छे काम की वजह से कंपनी ने उनका साथ दिया और उन 6 महीनों को स्किल विकास के लिए अवकाश के तौर पर दिखाया.
वहीं, एक अन्य यूजर ने कहा कि उन्हें भी नौकरी बदलने के बाद ऐसी स्थिति में फंसने का डर है. उन्होंने बताया कि उनकी मौजूदा नौकरी काफी स्थिर है लेकिन नई कंपनी में जाने के बाद यह स्थिरता खत्म हो सकती है. एक और यूजर ने अपनी परेशानी शेयर करते हुए कहा कि वह भी इसी दुविधा में हैं. उनकी मौजूदा नौकरी स्थिर है, जबकि एक लेट-स्टेज स्टार्टअप में उन्हें अच्छी सैलरी बढ़ोतरी मिल रही है. हालांकि, उन्हें वहां जाने में डर लग रहा है क्योंकि ज्यादा सैलरी के साथ जोखिम भी अधिक है.
अगस्त में 1.09 लाख एक्टिव टेक जॉब्स
Xpheno की एक्टिव टेक जॉब रिपोर्ट के अनुसार, इस साल अगस्त में करीब 1.09 लाख सक्रिय तकनीकी नौकरियां उपलब्ध थीं. मार्च में यह संख्या करीब 1.19 लाख थी. हालांकि, जून में उपलब्ध करीब 93,000 तकनीकी नौकरियों के मुकाबले अगस्त में स्थिति में सुधार हुआ है. हाल ही में एक कंप्यूटर साइंस ग्रेजुएट ने भी दावा किया था कि 700 से ज्यादा आवेदन भेजने के बावजूद उन्हें नई नौकरी नहीं मिल पाई.
आजतक एजुकेशन डेस्क