रिसर्च और उच्च शिक्षा के क्षेत्र में करियर बनाने की ख्वाहिश रखने वाले युवाओं के लिए देश के सबसे प्रतिष्ठित संस्थान 'इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ साइंस' (IISc बैंगलोर) ने अपने द्वार खोल दिए हैं. संस्थान ने पोस्ट-डॉक्टोरल फेलोशिप (IPDF) 2026 के लिए आवेदन आमंत्रित किए हैं. अगर आपने पीएचडी की पढ़ाई पूरी कर ली है या अपनी थीसिस जमा कर चुके हैं, तो यह मौका आपको न केवल वित्तीय मजबूती देगा बल्कि देश के शीर्ष वैज्ञानिकों के साथ काम करने का अवसर भी प्रदान करेगा.
फेलोशिप का गणित: कितना और क्या मिलेगा?
₹80,000 प्रतिमाह स्टाइपेंड: चयनित उम्मीदवारों को 80,000 रुपये प्रति महीने की फेलोशिप मिलेगी. इसके साथ ही नियमानुसार HRA (हाउस रेंट अलाउंस) भी देय होगा.
₹2,00,000 वार्षिक रिसर्च ग्रांट: अपने शोध से जुड़े उपकरण, किताबों या अन्य जरूरी खर्चों के लिए शोधार्थियों को सालाना 2 लाख रुपये का अतिरिक्त रिसर्च फंड दिया जाएगा. (यह राशि मासिक फेलोशिप से अलग होगी).
थीसिस सबमिट करने वालों के लिए प्रावधान: जिन उम्मीदवारों ने अपनी पीएचडी थीसिस जमा कर दी है लेकिन उनका फाइनल डिफेंस बाकी है, उन्हें शुरुआत में ₹50,000 प्रति माह और HRA दिया जाएगा. डिग्री मिलते ही उन्हें फुल फेलोशिप श्रेणी में शिफ्ट कर दिया जाएगा.
कौन कर सकता है अप्लाई?
शैक्षणिक योग्यता: उम्मीदवार के पास पीएचडी की डिग्री होनी चाहिए या फिर थीसिस सबमिशन का आधिकारिक प्रमाण पत्र होना अनिवार्य है.
एकेडमिक रिकॉर्ड: पिछली सभी डिग्रियों में फर्स्ट क्लास (First Class) या उसके समकक्ष ग्रेड होना जरूरी है.
आयु सीमा: संस्थान ने 32 वर्ष से कम आयु के युवा शोधार्थियों को वरीयता देने का मानदंड रखा है.
कब और कैसे करें आवेदन?
IISc की इस फेलोशिप की सबसे खास बात यह है कि इसके लिए साल भर आवेदन स्वीकार किए जाते हैं. सितंबर 2026 में आवेदन करने वाले उम्मीदवारों की एप्लीकेशन को 31 दिसंबर 2026 वाली अगली रिव्यू साइकिल में शामिल किया जाएगा. फेलोशिप की शुरुआत 1 साल के लिए होगी, जिसे काम के प्रदर्शन के आधार पर 1 साल और (कुल 2 साल) के लिए बढ़ाया जा सकता है. इच्छुक उम्मीदवार पूरी जानकारी और ऑनलाइन फॉर्म के लिए IISc की आधिकारिक वेबसाइट iisc.ac.in पर विजिट कर सकते हैं.
आजतक एजुकेशन डेस्क