अगर आपका बजट 2 करोड़ से 5 करोड़ रुपये के बीच है और आप देश के बड़े शहरों में घर खरीदने की योजना बना रहे हैं, तो बेंगलुरु इस प्राइस सेगमेंट में सबसे आगे है. रियल एस्टेट एनालिटिक्स फर्म CRE Matrix के आंकड़ों के मुताबिक, जनवरी से जून 2026 के बीच बेंगलुरु में 2 से 5 करोड़ रुपये कीमत वाले 11,556 घर बिके. इन घरों की कुल बिक्री करीब 31,216 करोड़ रुपये रही.
CRE Matrix के अनुसार, देश के प्रमुख आवासीय बाजारों में 2026 की पहली छमाही में 2 से 5 करोड़ रुपये वाले घरों की कुल बिक्री करीब 1.15 लाख करोड़ रुपये रही. इसमें बेंगलुरु, NCR और मुंबई महानगर क्षेत्र यानी MMR की हिस्सेदारी सबसे ज्यादा रही. इन तीनों बाजारों में मिलाकर करीब 80,293 करोड़ रुपये के घर बिके, जो कुल बिक्री मूल्य का लगभग 69 फीसदी है.
बेंगलुरु में 31,216 करोड़ रुपये की बिक्री
2 से 5 करोड़ रुपये के घरों की बिक्री के मामले में बेंगलुरु सबसे आगे रहा. शहर में इस अवधि के दौरान 11,556 घर बिके, जिनकी कुल कीमत 31,216 करोड़ रुपये रही. इस आधार पर एक घर की औसत कीमत करीब 2.70 करोड़ रुपये बैठती है. महंगे घरों की बढ़ती मांग का संकेत अन्य रिपोर्टों में भी मिलता है. JLL के आंकड़ों के मुताबिक 2026 की पहली तिमाही में 1 करोड़ रुपये से ज्यादा कीमत वाले घरों की बिक्री सालाना आधार पर 30 फीसदी बढ़ी.
वहीं 1.5 करोड़ से 3 करोड़ रुपये कीमत वाले घरों की बिक्री में 67 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की गई. रिपोर्ट के मुताबिक, ज्यादा आय, बड़े घरों की मांग और प्रमुख लोकेशन में प्रॉपर्टी खरीदने की पसंद इसके पीछे अहम कारण हैं.
यह भी पढ़ें: विला या फ्लैट, क्या है बेहतर? खरीदने से पहले जानें दोनों के फायदे और नुकसान
NCR में 27,125 करोड़ रुपये के घर बिके
बेंगलुरु के बाद NCR यानी दिल्ली-एनसीआर का नंबर रहा. CRE Matrix के अनुसार, NCR में 2 से 5 करोड़ रुपये के 8,778 घर बिके और इनकी कुल बिक्री 27,125 करोड़ रुपये रही. इस हिसाब से औसत घर की कीमत करीब 3.09 करोड़ रुपये रही, जो बेंगलुरु के औसत से अधिक है.
मुंबई महानगर क्षेत्र यानी MMR इस सूची में तीसरे स्थान पर रहा, यहां 2 से 5 करोड़ रुपये कीमत वाले 7,480 घर बिके और कुल बिक्री मूल्य 21,952 करोड़ रुपये रहा. इस सेगमेंट में एक घर की औसत कीमत करीब 2.93 करोड़ रुपये रही.
हैदराबाद में 2 से 5 करोड़ रुपये कीमत वाले 6,424 घर बिके, इनकी कुल बिक्री 18,948 करोड़ रुपये रही औसत लेनदेन मूल्य करीब 2.95 करोड़ रुपये रहा.
CRE Matrix की हैदराबाद हाउसिंग रिपोर्ट के अनुसार, 2026 की पहली छमाही में शहर में घरों की औसत कीमत सालाना आधार पर 10 फीसदी बढ़कर 2.03 करोड़ रुपये हो गई. हालांकि, कुल यूनिट बिक्री में 13 फीसदी की गिरावट आई. इसका मतलब है कि कम संख्या में बिक्री होने के बावजूद महंगे घरों का बाजार में योगदान बढ़ रहा है.
यह भी पढ़ें: डीडीए की 'कर्मयोगी आवास' स्कीम, 25% डिस्काउंट पर मिल रहा है फ्लैट
अहमदाबाद, पुणे और चेन्नई में भी मांग
इस सेगमेंट में अहमदाबाद, पुणे और चेन्नई में भी अच्छी बिक्री हुई. अहमदाबाद में 2,118 घरों की बिक्री से 6,172 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ. पुणे में 2,027 घर बिके और कुल बिक्री 5,507 करोड़ रुपये रही. चेन्नई में 4,009 करोड़ रुपये और कोलकाता में 1,985 करोड़ रुपये के घर बिके.
महंगे घरों की ओर बढ़ रहे खरीदार
'एम3एम इंडिया के प्रेसिडेंट रॉबिन मंगला के मुताबिक, 2 से 5 करोड़ रुपये की कीमत वाले घरों की बढ़ती मांग भारत में प्रीमियम हाउसिंग बाजार के विस्तार को दर्शाती है. खरीदार अब बड़े आकार के घरों के साथ-साथ बेहतर लोकेशन, आधुनिक सुविधाओं और बेहतर कनेक्टिविटी को भी प्राथमिकता दे रहे हैं.
'आंकड़े बताते हैं कि भारत के बड़े शहरों में खरीदार अब पहले के मुकाबले ज्यादा कीमत वाले घरों की ओर बढ़ रहे हैं. 2 से 5 करोड़ रुपये का आवासीय बाजार अब भारतीय रियल एस्टेट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुका है. बिक्री के कुल मूल्य में बेंगलुरु आगे है, जबकि NCR में इसी कीमत वाले घरों की बिक्री की संख्या ज्यादा रही.
अल्फा कॉर्प डेवलपमेंट लिमिटेड के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर और सीएफओ संतोष अग्रवाल के मुताबिक, '2 से 5 करोड़ रुपये की कीमत वाले घरों की बढ़ती मांग से प्रीमियम हाउसिंग खरीददारों की बदलती पसंद का पता चलता है. अब खरीदार केवल घर के आकार या कीमत को ही प्राथमिकता नहीं दे रहे, बल्कि घर से मिलने वाली सुविधाओं और पूरे रहने के अनुभव को भी महत्व दे रहे हैं, उन्होंने कहा कि घर का लेआउट, डिजाइन, आधुनिक सुविधाएं, बेहतर कनेक्टिविटी और आसपास का माहौल जैसे पहलू प्रीमियम घर खरीदने के फैसले में अहम भूमिका निभा रहे हैं.'
यह भी पढ़ें: लाखों के फ्लैट, सड़कों पर रेंगती गाड़ियां...नोएडा एक्सटेंशन के 'महाजाम' का अंत कब
aajtak.in