पूर्व भारतीय क्रिकेटर और पंजाब सरकार में मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू एक बार फिर पाकिस्तान पहुंच गए हैं. इस बार वह वहां करतारपुर कॉरिडोर को लेकर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे.
सिद्धू पिछले हफ्ते विदेश मंत्री शाह महमूद कुरैशी की ओर भेजे गए आमंत्रण पर वहां पहुंचे हैं. वह बुधवार को कॉरिडोर पर आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेने वाले हैं. इस साल अगस्त में सिद्धू की पाकिस्तान यात्रा के दौरान वहां के सेना प्रमुख कमर जावेद बाजवा से उनकी मुलाकात के दौरान करतारपुर साहिब तक सिख श्रद्धालुओं के लिए बिना वीजा के आने-जाने के लिए कॉरिडोर बनाने का मामला उठा था.
हालांकि, विदेश मंत्री सुषमा स्वराज के बाद पंजाब के ने करतारपुर कॉरिडोर की आधारशिला रखे जाने के कार्यक्रम में शामिल होने का पाकिस्तान का निमंत्रण ठुकरा दिया है. पाकिस्तान ने इस अवसर पर पंजाब सरकार में मंत्री और क्रिकेट जमाने से उनके साथी को भी बुलाया जिसे उन्होंने स्वीकार भी कर लिया था.Punjab: Navjot Singh Sidhu crosses Attari-Wagah border to Pakistan. He was invited by Pakistan Foreign Minister Shah Mahmood Qureshi to attend ground breaking ceremony of on 28th November.
— ANI (@ANI)
दूसरी ओर, भारत में ने सोमवार को डेरा बाबा नानक-करतारपुर साहिब सड़क गलियारे की आधारशिला रखी. यह सड़क गुरदासपुर जिले के मान गांव से पाकिस्तान से लगने वाली अंतरराष्ट्रीय सीमा तक जाएगी.
भारत सरकार ने 2019 में गुरु नानक देव जी के 550वें प्रकाश पर्व के उपलक्ष्य में के निर्माण का फैसला 22 नवंबर, 2018 को लिया था. इस कॉरिडोर के निर्माण से सिख श्रद्धालु पाकिस्तान में गुरुद्वारा करतारपुर साहिब में मत्था टेक सकेंगे.
सिद्धू ने पाकिस्तान पहुंचने के बाद पाकिस्तान के पीएम इमरान खान को थैंक्स कहा. वाघा बॉर्डर को पार कर पड़ोसी देश पहुंचने पर सिद्धू ने कहा कि भारत के 90 फीसदी लोग दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय क्रिकेट सीरीज चाहते हैं. कला और कलाकारों ने दोनों देशों के बीच गैप को भरने के लिए पुल का काम किया है.