फ्रांस की राजधानी पेरिस में शुक्रवार को एक चौंकाने वाली घटना सामने आई, जब एक शख्स ने चाकू और कैंची के साथ पुलिस अधिकारी पर हमला करने की कोशिश की. अधिकारियों के अनुसार यह घटना ऐतिहासिक स्मारक Arc de Triomphe पर आयोजित एक समारोह के दौरान हुई, जहां अज्ञात सैनिकों की याद में जलने वाली लौ को फिर प्रज्वलित किया जा रहा था.
पुलिस के मुताबिक, हमलावर ने सुरक्षा में तैनात अधिकारी को निशाना बनाया. हालात को देखते हुए दूसरे अधिकारी ने गोली चलाई, जिससे हमलावर गंभीर रूप से घायल हो गया और बाद में अस्पताल में उसकी मौत हो गई. घटना में किसी राहगीर या पुलिसकर्मी को चोट नहीं आई.
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स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, आतंकवाद निरोधक अभियोजन पक्ष ने मामले की जांच शुरू करते हुए इसे आतंकवादी साजिश से जुड़ी हत्या के प्रयास के रूप में दर्ज किया. जांच में सामने आया कि आरोपी फ्रांसीसी नागरिक था और पहले बेल्जियम में आतंकवाद से जुड़े आरोपों में दोषी ठहराया जा चुका था.
पहले पुलिस अफसर पर हमले के लिए काट रहा था 17 साल की सजा
वर्ष 2013 में ब्रसेल्स की अदालत ने हमलावर को पुलिस अधिकारियों पर हमले के मामले में 17 साल की सजा सुनाई थी. यह मामला मोलनबीक क्षेत्र में हुई घटना से जुड़ा था. स्थानीय मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, सजा के दौरान उसे पहले बेल्जियम में कैद में रखा गया था और बाद में 2015 में फ्रांस स्थानांतरित कर दिया गया. उसे 24 दिसंबर 2025 को रिहा किया गया था और तब से वह न्यायिक निगरानी में था.
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बढ़ाई गई सुरक्षा, मेट्रो स्टेशन भी बंद किया गया!
घटना के बाद स्मारक को कुछ समय के लिए बंद कर दिया गया और आसपास भारी पुलिस बल तैनात किया गया. पास का मेट्रो स्टेशन भी सुरक्षा कारणों से बंद कर दिया गया, जिसकी जानकारी सार्वजनिक परिवहन संचालक RATP ने दी. फ्रांस के गृह मंत्री ने कार्रवाई करने वाले अधिकारी के समर्थन में संदेश जारी करते हुए कहा, "आतंकी खतरे के सामने शांति से कार्रवाई करने वाले अधिकारी को मेरा पूरा समर्थन है."