उत्तर प्रदेश विधान परिषद की दो सीटों के लिए उपचुनाव में सोमवार को वोटिंग होगी. सचिवालय में 'तिलक भवन' में सुबह 9 बजे से शाम 4 बजे तक मतदान होगा. उसके बाद शाम पांच बजे से मतगणना शुरू होगी. दोनों सीटों के खाली होने के बाद उपचुनाव की घोषणा की गई थी. इस उपचुनाव में सपा ने बड़ा कास्ट कार्ड खेला है और बीजेपी, उसके सहयोगी दलों के नेताओं को रिझाने की कोशिश की है.
बता दें कि एमएलसी बनवारी लाल का निधन हो गया था, जिसके कारण एक सीट रिक्त हो गई थी. बनवारी लाल का कार्यकाल 26 जुलाई, 2028 को समाप्त होना था. उसके बाद एमएलसी लक्ष्मण प्रसाद आचार्य ने 15 फरवरी को इस्तीफा दे दिया था. उन्हें सिक्किम के राज्यपाल के रूप में नियुक्त किया गया है. लक्ष्मण प्रसाद आचार्य का कार्यकाल 30 जनवरी 2027 तक था. दो सीटें खाली होने के बाद उपचुनाव का कार्यक्रम तय किया गया.
'सुबह रणनीति बनाएंगे अखिलेश यादव'
उपचुनाव में जीत के लिए बीजेपी और सपा ने पूरा जोर लगा दिया है. रविवार को बीजेपी ने मैराथन बैठकें कीं और मंथन किया. जबकि सपा प्रमुख अखिलेश यादव सोमवार सुबह 8 बजे पार्टी कार्यालय में सभी विधायकों के साथ बैठक करेंगे और रणनीति तय करेंगे.
'सपा ने पिछड़े वर्ग के नेताओं से की अपील'
गौरतलब है कि विधान परिषद उपचुनाव में सपा प्रत्याशियों ने कास्ट कार्ड खेला है. सपा ने भाजपा और उसके सहयोगी दलों के पिछड़ा वर्ग के नेताओं और ओम प्रकाश राजभर को एक खुला पत्र लिखा है. इसमें सामाजिक न्याय के लिए सपा प्रत्याशियों के पक्ष में वोट करने का अनुरोध किया है.
कौन किस पार्टी से उम्मीदवार?
बीजेपी ने दोनों सीट पर उम्मीदवार उतारे हैं. मानवेंद्र सिंह और पदमसेन चौधरी को प्रत्याशी बनाया है. जबकि सपा ने पूर्व एमएलसी रामजतन राजभर और कौशांबी निवासी रामकरन निर्मल को उम्मीदवार बनाया है.
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विधान परिषद में किस दल के कितने सदस्य?
बता दें कि वर्तमान में 100 सदस्यीय यूपी विधान परिषद में बीजेपी के 74 सदस्य हैं, जबकि प्रमुख विपक्षी दल समाजवादी पार्टी के 9 सदस्य हैं. वहीं बहुजन समाज पार्टी (बसपा), अपना दल (सोनेलाल), निर्बल इंडियन शोषित हमारा आम दल (निषाद), जनसत्ता दल लोकतांत्रिक और शिक्षक दल (गैर-राजनीतिक) के एक-एक सदस्य हैं. स्वतंत्र समूह और निर्दलीय के दो-दो सदस्य हैं और 6 सीटों के लिए कुछ समय पहले की राज्यपाल ने 6 नामों को मनोनीत किया था. यूपी विधान परिषद की कुल 100 सीटों में से 10 सदस्यों को राज्यपाल के द्वारा मनोनीत किए जाते हैं.