लखनऊ के विकासनगर थाना क्षेत्र स्थित झुग्गी-झोपड़ियों में बुधवार शाम करीब साढ़े पांच बजे अचानक भीषण आग लग गई. इस हादसे में दो मासूम बच्चों की जलकर दर्दनाक मौत हो गई, जिसकी पुष्टि डीसीपी ईस्ट दीक्षा शर्मा ने की है. आग इतनी भयावह थी कि इसमें 10 से ज्यादा गैस सिलेंडर एक के बाद एक धमाकों के साथ फट गए, जिससे 50 से अधिक झुग्गियां जलकर खाक हो गईं. दमकल विभाग की 20 से अधिक गाड़ियों ने मौके पर पहुंचकर घंटों की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया. प्रशासन ने एहतियात के तौर पर आसपास के 10 मकानों को खाली कराया और बिजली सप्लाई बंद कर दी.
सिलेंडरों के धमाकों से दहला इलाका
विकासनगर में लगी आग की लपटें करीब 5 किलोमीटर दूर तक देखी गईं. प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, आग इतनी तेजी से फैली कि लोगों को अपना सामान बचाने तक का मौका नहीं मिला. एक के बाद एक हुए गैस सिलेंडरों के धमाकों ने पूरे इलाके में दहशत फैला दी. 50 से ज्यादा परिवारों का आशियाना उजड़ गया है और वे खुले आसमान के नीचे आ गए हैं. कुछ स्थानीय लोगों ने इस पूरी घटना को संदिग्ध बताते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग उठाई है.
राजनाथ सिंह और सीएम योगी ने दिए निर्देश
इस त्रासदी पर रक्षामंत्री राजनाथ सिंह ने चिंता जताते हुए जिलाधिकारी से बात की और प्रभावितों को हरसंभव मदद देने को कहा. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी अधिकारियों को तत्काल राहत कार्य तेज करने के निर्देश दिए।.वहीं, डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक खुद घटनास्थल पर पहुंचे और बचाव कार्यों की समीक्षा की. उन्होंने घायलों के समुचित इलाज का आश्वासन देते हुए मामले की उच्चस्तरीय जांच के आदेश दिए हैं. सरकार ने पीड़ित परिवारों के साथ खड़े होने की बात कही है.
बेजुबान जानवरों का रेस्क्यू और राहत कार्य
आग की चपेट में आने से कई मवेशी भी झुलस गए हैं. पशु कल्याण अधिकारी के अनुसार, घायल बेसहारा जानवरों को नगर निगम की गोशाला भेजा जा रहा है. अब तक दो गायों का उपचार किया जा रहा है और छह को सुरक्षित बचा लिया गया है. डीजी फायर सुजीत पांडे ने बताया कि बीकेटी और इंदिरा नगर समेत विभिन्न स्टेशनों से दमकल गाड़ियां बुलाई गईं. फिलहाल मलबे को खंगालने का काम जारी है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि कोई और अंदर न फंसा हो.