मुरादाबाद के मझोला थाना क्षेत्र की बुद्धि विहार कॉलोनी में हुई दिल दहला देने वाली घटना ने हर किसी को हैरान कर दिया है. इलाके के लोग अब भी समझ नहीं पा रहे हैं कि जो जुड़वां भाई-बहन सोशल मीडिया पर अपनी जबरदस्त बॉन्डिंग के लिए जाने जाते थे, उनके बीच ऐसा क्या हुआ कि मामला खून-खराबे तक पहुंच गया. होली के बाद भाई हार्दिक ने अपनी ही बहन हिमशिखा पर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर उसकी हत्या कर दी. बताया जा रहा है कि उसने बहन के शरीर पर करीब 40 बार चाकू से हमला किया. बीच-बचाव करने पहुंची मां नीलिमा पर भी उसने चाकू से छह वार किए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गईं. फिलहाल हार्दिक पुलिस की गिरफ्त में है.
हार्दिक का ये वीडियो खींच रहा ध्यान
इस बीच हार्दिक के सामाजिक माध्यम के पृष्ठ पर मौजूद एक वीडियो लोगों का ध्यान खींच रहा है, जिसे उसकी बहन हिमशिखा ने भी साझा किया था. यह वीडियो दो जनवरी को नए साल के मौके पर डाला गया था. इसमें दोनों भाई-बहन 26 दिसंबर को जन्मदिन मनाने के बाद अपने ननिहाल पहुंचे दिखाई दे रहे हैं. छत पर बैठे वे अपने नाना से बातचीत करते हुए वीडियो बना रहे हैं. वीडियो में हार्दिक नाना से पूछता है कि क्या किसी रिश्ते में धर्म मायने रखता है? इसके बाद हिमशिखा मुस्कुराते हुए कहती है, धर्म कोई भी हो सकता है, चाहे मुसलमान ही क्यों न हो.
मुस्लिम युवती से प्रेम
इस वीडियो को अब हार्दिक की निजी जिंदगी से जोड़कर देखा जा रहा है. बताया जा रहा है कि उसे एक मुस्लिम युवती से प्रेम हो गया था, लेकिन बाद में दोनों का रिश्ता टूट गया. इस अलगाव के बाद हार्दिक गहरे तनाव में रहने लगा था. कुछ लोगों का कहना है कि वह इस टूटे रिश्ते के लिए अपनी मां और बहन को जिम्मेदार मानता था. वीडियो में भी वह अपने नाना से कहता दिखता है कि धर्म से फर्क नहीं पड़ता, ये सब पुरानी बातें हैं, जिस पर बहन फिर मजाकिया अंदाज में धर्म की बात दोहराती है.
बहन जिस कंपनी में काम करती थी, वहां का माहौल ठीक नहीं था
हार्दिक पहले एक बड़ी टेक्नोलॉजी कंपनी में काम करता था, लेकिन बाद में नौकरी छोड़कर वीडियो बनाने लगा. वह अपने कामकाजी अनुभव और बहन के साथ जुड़े किस्से भी अक्सर साझा करता था. 25 दिसंबर को डाले गए एक वीडियो में उसने बताया था कि उसकी बहन जिस कंपनी में काम करती थी, वहां का माहौल ठीक नहीं था, इसलिए उसने वह नौकरी छोड़ दी और नई कंपनी में काम शुरू कर दिया. उसी वीडियो में हिमशिखा भी नजर आती है और बताती है कि नई नौकरी में उसे एक हफ्ते की छुट्टी भी मिल गई है. दोनों काफी खुश दिखते हैं और बताते हैं कि पूरा परिवार चंडीगढ़ घूमने जाने वाला है.
घर पर थे भाई-बहन
घटना वाले दिन क्या हुआ, इसे लेकर भी कई सवाल उठ रहे हैं. हार्दिक और हिमशिखा दोनों गुरुग्राम में रहते थे और होली की छुट्टियों में घर आए थे. परिवार के साथ खुशी-खुशी त्योहार मनाया गया था. बताया जाता है कि छह मार्च को दोनों को वापस गुरुग्राम लौटना था. उससे एक दिन पहले उनकी मां नीलिमा रोज की तरह दफ्तर चली गई थीं. उस समय घर में केवल हार्दिक और हिमशिखा ही मौजूद थे.
कुछ देर बाद हार्दिक अपनी मां के कार्यालय पहुंचा और उनसे कहा कि घर चलिए, आपको एक सरप्राइज दिखाना है. जब नीलिमा घर पहुंचीं तो फर्श पर खून फैला हुआ देखकर घबरा गईं. कमरे में पहुंचने पर उन्होंने देखा कि उनकी बेटी कंबल में लिपटी पड़ी है और चारों ओर खून ही खून है. वह कुछ समझ पातीं, उससे पहले ही हार्दिक ने उन पर भी चाकू से हमला कर दिया. घायल करने के बाद वह घर से बाहर निकला और कार लेकर फरार हो गया.
मां की चीख-पुकार सुनकर आसपास के लोग इकट्ठा हुए और उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया. बाद में जब शव का परीक्षण हुआ तो डॉक्टर भी दंग रह गए. रिपोर्ट में सामने आया कि हिमशिखा के शरीर पर चाकू के करीब 40 घाव थे. इस घटना ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं, आखिर भाई के मन में इतना गुस्सा क्यों था कि उसने अपनी ही बहन पर इतनी बेरहमी से हमला कर दिया और मां को भी नहीं बख्शा. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है.