नोएडा के जेवर में बने इंटरनेशनल एयरपोर्ट से आज यानी सोमवार से कमर्शियल फ्लाइट्स का ऑपरेशन शुरू हो गया है. एयरपोर्ट पर पहली बार लखनऊ से आई फ्लाइन लैंड हुई, उसके बाद यहां से लखनऊ के लिए रवाना हुई. इस फ्लाइट में नोएडा के कई किसान और जेवर बीजेपी विधायक धीरेंद्र सिंह लखनऊ पहुंचे हैं. वे यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात करेंगे.
नोएडा के जेवर क्षेत्र के 172 से ज्यादा किसान और खेतिहर मजूदर नोएडा से फ्लाइट के जरिए लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचे. किसानों ने कहा कि जिस जमीन पर कभी खेती करते थे, वहां से उड़कर राजधानी पहुंचना एक सुखद अनुभव है.
किसानों ने कहा कि हमने सपने में भी हवाज जहाज में बैठने का नहीं सोचा था, सपना सच हुआ है. खेती करते वक्त बचपन में आसमान देखकर जहाज के पीछे भागा करते थे, कभी नहीं सोचा था कि इसी जहाज में कभी बैठ पाएंगे.
'एयरपोर्ट तो बन गया, रोजगार नहीं...'
मुस्लिम समुदाय से जुड़े कुछ किसान भी लखनऊ पहुंचे. उन्होंने सीएम योगी से मिलने को लेकर उत्साह जताया. महिलाएं भी पहुंचीं. कई लोगों ने बताया कि कहा जहाज उड़ते ही डर लगा लेकिन फिर बाबा की जयकार कर डर चला गया.
कुछ किसानों ने कहा कि एयरपोर्ट बन गया है लेकिन रोजगार नहीं है, वो भी हमारे बच्चों को मिल जाते तो बेहतर है.
'अन्नदाताओं का अभिनंदन...'
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा, "अन्नदाता हमारे राष्ट्र की समृद्धि के आधार हैं. प्रदेश की विकास यात्रा में किसानों की सहभागिता और उनके योगदान का सम्मान करना हम सभी का दायित्व है. आज गौतमबुद्ध नगर स्थित नोएडा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा, जेवर के निर्माण हेतु अपनी भूमि समर्पित करने वाले अन्नदाता बहनों-भाइयों का प्रथम उड़ान से लखनऊ आगमन पर स्वागत-अभिनंदन करने के साथ ही उनसे संवाद भी करूंगा. 'अन्नदाताओं का अभिनंदन, समृद्ध भारत का वंदन' इसी भावना के साथ प्रत्येक किसान बंधु की प्रगति हेतु हम प्रतिबद्ध हैं."
'यह बहुत बड़ा दिन...'
जेवर के विधायक धीरेंद्र सिंह कहते हैं, "यह एक बहुत बड़ा दिन है क्योंकि मैं जेवर के लोगों का प्रतिनिधित्व करता हूं, और जब से उन्होंने मुझे चुना है, यह मेरे लिए भी एक अहम दिन है. हमारा एक सपना था, एक विजन था कि जिन किसानों को हमने कभी हाथ जोड़कर इस बड़े प्रोजेक्ट के लिए मनाया था, वे एक दिन यहां से चलने वाले विमानों में उड़ान भरेंगे. वे एक ऐतिहासिक सफर के गवाह बनने वाले हैं. वे इस जगह से उड़ान भरने वाली पहली फ्लाइट के गवाह होंगे."