उत्तर प्रदेश के बलिया जिले से एक बड़ी और सुखद खबर सामने आई है. सिकंदरपुर तहसील के रूपवार तवायफ गांव का नाम अब बदलकर देवपुर रखा जाएगा. गांव के नाम में लगे तवायफ शब्द के कारण यहां के लोग दशकों से सामाजिक शर्मिंदगी का सामना कर रहे थे.
ग्रामीणों का कहना था कि गांव का नाम सुनते ही बाहर पढ़ाई करने गए छात्र झिझक जाते थे. पहचान पत्र या दस्तावेजों में गांव का नाम बताने पर उन्हें असहज स्थिति का सामना करना पड़ता था. कई बार इसी वजह से युवाओं के रिश्ते तक टूट जाते थे.
गांव के नाम से वर्षों से झेल रहे थे शर्मिंदगी
ग्रामीणों की इस पीड़ा को पिछले सप्ताह आज तक ने प्रमुखता से दिखाया था. रिपोर्ट सामने आने के बाद प्रशासन हरकत में आया और शासन के निर्देश पर अधिकारियों की टीम गांव पहुंची. गांव में एडीओ पंचायत, सचिव और ग्राम प्रधान की मौजूदगी में एक खुली बैठक आयोजित की गई.
नई पहचान मिलने पर ग्रामीणों में खुशी
बैठक में ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया कि गांव का नाम अब रूपवार तवायफ नहीं बल्कि देवपुर होगा. इस प्रस्ताव को अंतिम मंजूरी के लिए शासन को भेजा जा रहा है. नई पहचान मिलने से गांव में खुशी का माहौल है. ग्रामीणों ने मीडिया का आभार जताया और कहा कि अब उनके बच्चे गर्व से अपने गांव का नाम बता सकेंगे.