इलेक्ट्रिक व्हीकल
इलेक्ट्रिक व्हीकल (Electric vehicle) एक ऑटोमोटिव वाहन होता है जो आगे बढ़ानेवाली शक्ति के लिए एक या उससे अधिक इलेक्ट्रिक मोटर का उपयोग करता है. इसे एक कलेक्टर सिस्टम द्वारा या एक बैटरी से संचालित किया जा सकता है (Electric vehicle Power System). इलेक्ट्रिक व्हीकल में सड़क और रेल वाहन, सतह और पानी के नीचे के जहाज, इलेक्ट्रिक विमान और इलेक्ट्रिक अंतरिक्ष यान शामिल हैं (Types of Electric vehicle).
ईवी पहली बार 19वीं शताब्दी के मध्य में अस्तित्व में आए, जब मोटर वाहन को आगे बढ़ाने की शक्ति हासिल करने के लिए बिजली पसंदीदा तरीकों में से एक थी. ये आराम का स्तर और संचालन में आसानी प्रदान करती थी जो उस समय की गैसोलीन कारों से हासिल नहीं की जा सकती थी. लगभग 100 सालों तक कारों और ट्रकों के लिए इंटरनल कंबशन इंजन का उपयोग किया जाता रहा, लेकिन ट्रेन जैसे अन्य वाहनों में विद्युत शक्ति का उपयोग सामान्य रूप से होता रहा (Electric vehicle History).
21वीं सदी में, तकनीकी विकास के कारण इलेक्ट्रिक व्हीकल का फिर से मुख्यधारा में लौट आया है (Resurgence Electric vehicle). इससे जलवायु परिवर्तन, वायु प्रदूषण और अन्य पर्यावरणीय मुद्दों पर परिवहन के प्रभाव में कमी आई है. प्रोजेक्ट ड्रॉडाउन इलेक्ट्रिक वाहनों को जलवायु परिवर्तन के समाधान के लिए 100 सर्वश्रेष्ठ समकालीन समाधानों में से एक माना गया है (Electric vehicle Impact on Climate Change).
इलेक्ट्रिक व्हीकल के प्रयोग को बढ़ाने के लिए सरकारी प्रोत्साहनों को पहली बार 2000 के दशक के अंत में शुरू किया गया था. संयुक्त राज्य अमेरिका और यूरोपीय संघ के प्रोत्साहन से 2010 के दशक में ऐसे वाहनों के लिए बाजार के आकार में वृद्धि हुई (Electric vehicle Government Incentives). COVID-19 महामारी के दौरान, लॉकडाउन ने पेट्रोल या डीजल वाहनों से ग्रीनहाउस गैसों की मात्रा को कम कर दिया. अंतर्राष्ट्रीय ऊर्जा एजेंसी ने 2021 में कहा कि सरकारों को भारी इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए जलवायु लक्ष्यों को पूरा करने के लिए और अधिक प्रयास करने चाहिए.
इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री 2016 में वैश्विक हिस्सेदारी के 2% से बढ़कर 2030 तक 30% हो सकती है. इस वृद्धि का अधिकांश भाग उत्तरी अमेरिका, यूरोप और चीन जैसे बाजारों से आना संभावित है (Electric vehicle Expected Growth).
नोएडा के ममूरा गांव में एक बहुमंजिला इमारत में इलेक्ट्रिक बाइक की बैटरी में स्पार्किंग के बाद आग लग गई. धुएं से पूरी इमारत भर गई और कई परिवार अंदर फंस गए. दमकल विभाग ने बड़े रेस्क्यू अभियान के जरिए लोगों को बाहर निकाला. हादसे में दो लोगों की मौत हो गई. मामले की जांच जारी है और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी घटना का संज्ञान लिया है.
कानपुर-लखनऊ एक्सप्रेसवे के उद्घाटन पर केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी ने भविष्य की परिवहन तकनीकों का जिक्र करते हुए 'हवा में चलने वाली बस' लाने की बात कही. साथ ही इलेक्ट्रिक मास रैपिड ट्रांसपोर्ट सिस्टम की योजना का भी उल्लेख किया. इस मार्ग पर केवल चारपहिया और बड़े वाहनों को चलने की अनुमति होगी, जबकि दोपहिया वाहनों के प्रवेश की अनुमति नहीं होगी.
दिल्ली सरकार ने एक नई EV पॉलिसी जारी की है. जिसमें बहुत से नए प्रावधान किए गए हैं. इंडिया टुडे की सोनल मेहरोत्रा ने दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुुप्ता से इस पॉलिसी को लेकर बातचीत की. देखें ये एक्सक्लूसिव बातचीत.
भारतीय बाजार में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स की स्वीकार्यता बढ़ रही है. ना सिर्फ टू-व्हीलर सेगमेंट में बल्कि लोग इलेक्ट्रिक कारों को भी खरीद रहे हैं.
जुलाई की शुरुआत के साथ कई अहम नियमों में बदलाव किया गया है, जिनका असर सीधे आम लोगों के खर्च पर पड़ेगा. कुछ फैसलों से राहत मिली है तो कुछ ने बजट पर बोझ बढ़ाया है. ईंधन, गैस, वाहन और पहचान से जुड़े इन बदलावों को जानना आपके लिए जरूरी है.
Suzuki E-Access Review: इन दिनों इलेक्ट्रिक स्कूटर्स का ट्रेंड चल रहा है. पिछले कुछ दिनों मैंने भी एक इलेक्ट्रिक स्कूटर को अपने सफर का साथी बनाया. रोजमर्रा के सफर के लिए मैंने सुजुकी ई-एक्सेस को चुना है. वैसे तो पेट्रोल वेरिएंट में एक्सेस 125 काफी पॉपुलर है. आइए जानते हैं इलेक्ट्रिक अवतार में क्या ये स्कूटर अपनी लेगेसी को बनाए रख पाता है.
Rule Change From 1st July: कल से जुलाई महीने की शुरुआत होने जा रही है और पहली तारीख से एलपीजी रेट समेत देश में कई बड़े बदलाव लागू होने जा रहे हैं, जिनका असर हर घर हर जेब पर दिखेगा.
दिल्ली में 1 जुलाई से नई EV पॉलिसी लागू होगी. मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने बताया कि नीति के तहत इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा, खरीदारों के लिए प्रोत्साहन, चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार और 15,000 करोड़ रुपये निवेश का लक्ष्य रखा गया है. सरकार का मानना है कि ये पहल दिल्ली को पर्यावरण अनुकूल परिवहन की दिशा में आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी.
Tata Sierra EV जल्द ही लॉन्च होने वाली है. इस ईवी को कंपनी ने अनवील कर दिया है. अनवील वीडियो में ये कार रेगिस्तान में रफ्तार भरती दिख रही है. ये कार ऑल वील ड्राइव फीचर के साथ आएगी. इसमें प्रीमियम इंटीरियर मिलेगा. कार के डिजाइन में कंपनी ने कुछ बदलाव भी किए हैं. आइए जानते हैं इस कार में क्या कुछ खास होने वाला है.
नई कार खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं, तो थोड़ा रुकना आपके लिए फायदेमंद हो सकते है. दिल्ली सरकार ईवी के साथ-साथ हाइब्रिड कारों को भी बढ़ावा देने पर विचार कर रही है. इसके तहत आने वाले दिनों में ईवी और हाइब्रिड कारों पर रोड टैक्स में 50 फीसदी की छूट दी जा सकती है. हालांकि, अभी इसका आधिकारिक ऐलान नहीं हुआ है.
भारतीय बाजार में इलेक्ट्रिक कारों की स्वीकार्यता बढ़ रही है. लोग अब इन गाड़ियों पर भरोसा दिखा रहे हैं. कम से कम आंकड़े तो ऐसा ही बोल रहे हैं. मई 2026 में भारतीय बाजार में इलेक्ट्रिक कारों की सेल 25 हजार यूनिट्स के पार पहुंच गई है. वहीं टाटा मोटर्स ने पहली बार 10 हजार से ज्यादा इलेक्ट्रिक कारों को एक महीने में बेचा है. आइए जानते हैं बाकी कंपनियों का हाल.
भारतीय इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर बाजार में कंपटीशन लगातार बढ़ रहा है. हालांकि, टू-व्हीलर सेगमेंट में ज्यादातर ब्रांड्स का फोकस स्कूटर्स पर है. अब इस रेस में एक नया घरेलू ब्रांड भी शामिल होने जा रहा है. अहमदाबाद बेस्ड समर्थ ई-मोबिलिटी ने अपने नए इलेक्ट्रिक मोटरसाइकिल ब्रांड 'एवोर' (Avore) का ऐलान किया है. आइए जानते हैं इसमें क्या खास होगा.
दिल्ली की सड़कों पर दौड़ते ऑटो अब सिर्फ हरे रंग में नहीं दिखते. उनकी जगह धीरे-धीरे आसमानी रंग के इलेक्ट्रिक ऑटो लेते जा रहे हैं. यह बदलाव केवल दिल्ली-एनसीआर या बड़े महानगरों तक सीमित नहीं है, बल्कि छोटे शहरों और कस्बों तक पहुंच चुका है. अप्रैल 2026 में इलेक्ट्रिक थ्री-व्हीलर्स की बाजार हिस्सेदारी 60 फीसदी के पार हो गई है.
टाटा मोटर्स ने अपनी Tiago EV को नए अपडेट्स के साथ लॉन्च कर दिया है. नई Tata Tiago EV 2026 अब ज्यादा फीचर्स, नए डिजाइन और बेहतर टेक एक्सपीरियंस के साथ आती है. टियागो ईवी के टॉप वेरिएंट का मुकाबला सिर्फ हैचबैक नहीं बल्कि Tata Punch EV जैसी एसयूवी से भी है. आइए जानते हैं इनमें से आपको कौन-सी कार खरीदनी चाहिए.
दुनिया की सड़कों पर अब इलेक्ट्रिक कारें सिर्फ भविष्य नहीं, बल्कि तेजी से वर्तमान बनती जा रही हैं. इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी (IEA) की लेटेस्ट रिपोर्ट के मुताबिक, दुनियाभर में इलेक्ट्रिक कारों की बिक्री 2 करोड़ के पार पहुंच गई है. खास बात ये है कि 2025 में ग्लोबली बिकने वाली हर चौथी नई कार इलेक्ट्रिक है.
भारत में इलेक्ट्रिक स्कूटरों की मांग बढ़ रही है, लेकिन अभी भी कई लोगों को रेंज का डर सताता है. क्या हो अगर बैटरी खत्म होने के बाद भी आपका स्कूटर चल सके.
PM नरेंद्र मोदी की अपील के बाद वित्त मंत्रालय की ओर से सरकारी बैंकों, इंश्योरेंस कंपनियों के लिए आदेश जारी करते हुए तमाम निर्देश दिए गए हैं, जो खर्च में कटौती करने में कारगर साबित होंगे.
टाटा मोटर्स ने अपनी सिएरा ईवी (Tata Sierra EV) की लॉन्चिंग कन्फर्म कर दी है. वित्तवर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में ये कार लॉन्च हो सकती है.
इलेक्ट्रिक कार खरीदने की प्लानिंग कर रहे हैं, तो अब आपको ज्यादा पैसे खर्च करने पड़ सकते हैं. चीनी कार निर्माता कंपनी बीवाईडी ने अपनी गाड़ियों की कीमतों में इजाफे का ऐलान कर दिया है. नई कीमतें 1 जुलाई से लागू होंगी. हालांकि, कंपनी ने ग्राहकों को पुरानी कीमतों पर कार खरीदने का एक मौका दे रखा है. आइए जानते हैं कार कितनी महंगी हुई हैं.
इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को लेकर लोगों की सबसे बड़ी चिंता होती है रेंज की. क्या हो अगर रास्ते में गाड़ी की बैटरी खत्म हो जाए और कोई चार्जिंग स्टेशन ना मिले. इसकी वजह से बहुत से लोग ईवी खरीदने से भी घबराते हैं. सरकार लोगों की इस मुश्किल का हल निकालने की कोशिश कर रही है. इसके लिए देश भर में 4,874 इलेक्ट्रिक व्हीकल चार्जिंग स्टेशन लगाए जाएंगे.
पेट्रोल-डीजल को लेकर बढ़ती चिंताओं के बीच दिल्ली सरकार इलेक्ट्रिक व्हीकल को बढ़ावा देने की दिशा में तेजी से काम कर रही है. राजधानी में पहले से मौजूद 8000 ईवी चार्जिंग स्टेशनों के अलावा अब 3000 नए स्टेशन स्थापित किए जाएंगे. सरकार नई ईवी पॉलिसी लाने की तैयारी में है, जिसमें बेहतर सब्सिडी और मजबूत चार्जिंग नेटवर्क पर फोकस रहेगा.