बिक्रम सिंह मजीठिया, राजनेता
बिक्रम सिंह मजीठिया (Bikram Singh Majithia) एक भारतीय राजनीतिज्ञ और पंजाब सरकार के पूर्व कैबिनेट मंत्री हैं. वह 2007 से लगातार तीन बार मजीठा निर्वाचन क्षेत्र से चुनाव जीतकर पंजाब विधानसभा पहुंचे (MLA from Majitha). वह शिरोमणि अकाली दल के महासचिव हैं (General Secretary Shiromani Akali Dal) और इसके यूथ विंग, यूथ अकाली दल के अध्यक्ष भी हैं.
मजीठिया का जन्म 1976 में एक जाट सिख परिवार में हुआ था (Bikram Singh Majithia age). उन्होंने लॉरेंस स्कूल सनावर से शिक्षा प्राप्त की (Bikram Singh Majithia education). उनके पिता सरदार सत्यजीत सिंह मजीठिया पूर्व उप रक्षा मंत्री हैं. उनके दादा सरदार सुरजीत सिंह मजीठिया भारतीय वायु सेना में विंग कमांडर थे और उनके परदादा सर सुंदर सिंह मजीठिया पंजाब सरकार में राजस्व मंत्री थे. वह बठिंडा की सांसद हरसिमरत कौर बादल के छोटे भाई (Bikram Singh Majithia sister) और पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री सुखबीर सिंह बादल के साले हैं (Bikram Singh Majithia brother-in-law). बिक्रम की शादी नवंबर 2009 में गनीव ग्रेवाल से हुई थी (Bikram Singh Majithia wife) और उनके दो बेटे हैं (Bikram Singh Majithia son).
मजीठिया ने पहली बार 2007 में मजीठा निर्वाचन क्षेत्र से पंजाब विधानसभा चुनाव जीता. उन्होंने 2012 और 2017 के विधानसभा चुनावों में फिर से उसी निर्वाचन क्षेत्र से जीत हासिल की. इसके बाद, उन्हें पंजाब कैबिनेट में शामिल किया गया. वह पूर्व राजस्व, पुनर्वास और आपदा प्रबंधन, सूचना और जनसंपर्क और गैर पारंपरिक ऊर्जा मंत्री हैं (Bikram Singh Majithia ministry).
पंजाब विजिलेंस ब्यूरो ने अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया के खिलाफ आय से अधिक संपत्ति मामले में करीब 40 हजार पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है. आम आदमी पार्टी ने आरोप लगाया कि मजीठिया ने नशे के 736 करोड़ रुपये अपनी कंपनियों के बैंक खातों में जमा कराए थे.
मानसा में 35 साल के युवक की मौत के बाद बवाल खड़ा हो गया है. शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने कहा कि पंजाब पुलिस एक बार फिर मानवाधिकारों का उल्लंघन कर रही है. पुलिस शव छीन कर भाग रही है, यह मृतक का घोर अपमान है.
आम आदमी पार्टी ने दावा किया है कि पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान को फ्रांस से लौटते समय दिल्ली एयरपोर्ट रोका गया. 'आप' ने इसे केंद्र सरकार की मनमानी बताया है. हालांकि अकाली दल का आरोप है कि सीएम मान ने कस्टम नियमों का उल्लंघन किया, जिसके लिए उन्हें रोका गया.
पंजाब के मनसा में नशा विरोधी एक्टिविस्ट परविंदर झोटा की गोली मारकर हत्या कर दी गई. इस घटना के बाद पंजाब में कानून-व्यवस्था पर सवाल उठे हैं. शिरोमणि अकाली दल के नेताओं ने सरकार पर नशा नियंत्रण में विफलता का आरोप लगाया है.
‘पंचायत आजतक पंजाब’ में पार्टी महासचिव बिक्रम सिंह मजीठिया ने 2022 की हार, बीजेपी के साथ संभावित गठबंधन, किसान आंदोलन और पंजाब की कानून-व्यवस्था समेत कई मुद्दों पर खुलकर बात की.
अकाली दल नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने कहा है कि सुखबीर सिंह बादल पर हुआ हमला बेहद चिंताजनक घटना है और इसे हल्के में नहीं लिया जा सकता.
पंजाब की सियासत में इस वक्त एक नाम सबसे ज्यादा चर्चा में है. बिक्रम सिंह मजीठिया जिन्हें गिरफतार करने के लिए पुलिस छापेमारी कर रही है लेकिन अकाली दल इसे कानून की कार्रवाई नहीं, बल्कि राजनीतिक बदले की कार्रवाई बता रहा है. सवाल ये है कि क्या पुलिस कानून का पालन कर रही है... या फिर पंजाब में सियासी हिसाब-किताब बराबर किया जा रहा है? देखिए रिपोर्ट
अकाली दल नेता बिक्रम सिंह मजीठिया और पंजाब पुलिस एक बार फिर आमने-सामने हैं. विवाद है नगर निगम चुनाव से जुड़ा हुआ. जब 26 मई को अमृतसर मजीठा के अंदर आम आदमी पार्टी के वर्कर और अकाली दल नेता आमने सामने होते हैं. जिसके बाद अब बिक्रम सिंह मजीठिया के निकानों पर रेड की जा रही है. वहीं, बिक्रम सिंह मजीठिया के वकील वरुण सोबती पहुंचे हैं.
सुखबीर सिंह बादल का कहना है कि बिक्रम मजीठिया एएपी सरकार की उस अवैध कार्रवाई को रोक रहे थे, जिसमें एक साध कार्यकर्ता को गिरफ्तार किया जा रहा था. मजीठा में बिक्रम मजीठिया के मामले पर सबसे पहले तो एमसी पोल्स के उम्मीदवारों के दस्तावेज रिजेक्ट कर दिए गए. रात को एक पोलिंग एजेंट को उठा लिया गया, उस पर दबाव डाला गया और उसके खिलाफ झूठा केस दर्ज कर दिया गया. ये पूरी तरह अनैतिक है. अकाली दल डरा नहीं है. हम कोर्ट जाएंगे.
बीजेपी नेता और दिल्ली मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा और शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया ने भी इस कार्रवाई की निंदा की. सिरसा ने कहा कि पंजाब पुलिस का इस्तेमाल राजनीतिक विरोधियों को डराने के लिए किया जा रहा है. वहीं मजीठिया ने आरोप लगाया कि कानून-व्यवस्था की हालत खराब है और विपक्ष की आवाज दबाने की कोशिश हो रही है.
अकाली नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को सुप्रीम कोर्ट ने जमानत दी.
शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को आय से अधिक संपत्ति के आरोप में सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली गई है. जमानत के बाद वे नाभा जेल से बाहर आए हैं जिससे पंजाब की राजनीति में हलचल मचा दी है. जेल से बाहर आने के बाद मजीठिया ने अपनी मूछों को ताव देकर अपने समर्थकों का अभिनमदन किया.
सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने के बाद अकाली दल के नेता बिक्रम मजीठिया जेल से बाहर आ चुके है. जेल से बाहर आने के बाद बिक्रम मजीठिया ने लोगों को धन्यवाद देते हुए अपनी मूछों को ताव दिया और भगवंत मान की सरकार पर जमकर हल्ला बोला. उन्होनें आरोप लगाया कि मान सरकार उनको जेल के अंदर ही मरवाना चाहती थी.
शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता और पंजाब के पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया को मंगलवार को नाभा जेल से रिहा कर दिया गया. सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें आय से अधिक संपत्ति के मामले में जमानत दी है. यह मामला पंजाब विजिलेंस ब्यूरो द्वारा जांच के दायरे में है.
शिरोमणि अकाली दल के वरिष्ठ नेता और पूर्व मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया को सुप्रीम कोर्ट से आय से अधिक संपत्ति मामले में जमानत मिली है. पिछले 7 महीने से वो नाभा जेल में बंद है. वहीं अकाली दल ने इस फैसले का स्वागत करते हुए इस भगवंत सरकार की करारी हार बताया है. वही बीजेपी ने भी इस फैसले का स्वागत किया है.
शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को सुप्रीम कोर्ट से फिलहाल कोई राहत नहीं मिली है. अंतरिम जमानत याचिका पर पंजाब सरकार को जवाब दाखिल करने के लिए दो हफ्ते का समय दिया गया है.
सुप्रीम कोर्ट ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दर्ज मामले में शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया की याचिका पर सुनवाई करते हुए नोटिस जारी किया है. अगली सुनवाई 19 जनवरी को होगी. मजीठिया की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता एस. मुरलीधर ने दलील दी कि जिस कथित वित्तीय लेनदेन के आधार पर नया पीसी एक्ट केस दर्ज किया गया है, वही मुद्दा पहले एनडीपीएस मामले में उठ चुका है, जिसमें उन्हें जमानत मिल चुकी है.
आय से अधिक संपत्ति केस में गिरफ्तार शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया को राहत मिलती नजर नहीं आ रही है. विजिलेंस ब्यूरो ने मोहाली कोर्ट में 40 हजार से ज्यादा पन्नों की चार्जशीट पेश की. जिसे चार ट्रंकों में लाद कर कोर्ट तक लाया गया. चार्जशीट में मजीठिया की 700 करोड़ की अवैध और बेनामी संपत्ति का खुलासा किया गया है. देखें पंजाब आजतक.
आय से अधिक संपत्ति केस में शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम मजीठिया को गिरफ्तार हुए एक महीने से अधिक का समय बीत चुका है. विजिलेंस इस मामले में मजीठिया के खिलाफ सबूत इकट्ठा कर रहा है. मजीठा से विधायक और बिक्रम मजीठिया की पत्नी गनीव कौर ने आजतक से खास बातचीत में मजीठिया की गिरफ्तारी को लेकर कई चौंकाने वाले खुलासे किए. देखें पंजाब आजतक.
पंजाब के पूर्व अकाली मंत्री बिक्रम सिंह मजीठिया ड्रग्स केस में नया मोड़ सामने आया है. मजीठिया से बरामद हुए मोबाइल में जसमीत सिंह के नाम का निकला है. मोहाली विजिलेंस की टीम ने जसमीत के आवास पर पहुंच कर उसके परिवार से पूछताछ की. इस दौरान पता चला कि मजीठिया की गिरफ्तारी के बाद 13 जुलाई को जसमीत कनाडा चला गया है. देखें पंजाब आजतक.
भ्रष्टाचार के गंभीर आरोपों के चलते गिरफ्तार बिक्रम मजीठिया को मोहाली की कोर्ट में पेश किया गया है. विजिलेंस रिमांड की अवधि बढ़ाई गई है, जो नए मिले सबूतों और जांच के आधार पर दी गई है. विजिलेंस ने कोर्ट में कई बड़े खुलासे भी किए हैं और बताया कि उन्हें मजीठिया की अवैध संपत्ति की जानकारी मिली है.