अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री (Former CM of Delhi) हैं. केजरीवाल आम आदमी पार्टी (AAP) के संस्थापक और संयोजक हैं. दिल्ली विधानसभा चुनाव 2025 (Delhi Assembly Election 2025) में वे नई दिल्ली सीट से लड़ रहे हैं.
उन्होंने 2006 में सूचना के अधिकार (RTI) कार्यकर्ता के रूप में अपनी भूमिका निभाई जिसके लिए उन्हें रेमन मैग्सेसे पुरस्कार (Raman Magsaysay Award) से नवाजा गया. 21 मार्च 2024 को शराब घोटाले में सीएम केजरीवाल को ईडी ने गिरफ्तार कर लिया (ED Arrested CM Arvind Kejriwal).
अरविंद केजरीवाल का जन्म 16 अगस्त 1968 को हरियाणा के भिवानी जिले में हुआ था. उनकी स्कूली शिक्षा हिसार से हुई है. अरविंद केजरीवाल IIT खड़गपुर के पूर्व छात्र (IIT Kharagpur) हैं और मैकेनिकल इंजीनियरिंग की डिग्री भी ली है (Arvind Kejriwal Education). केजरीवाल ने टाटा स्टील में अपनी नौकरी छोड़ कर सिविल सेवा परीक्षाओं की तैयारी की और सफल हुए ( civil service examinations) और 1993 में भारतीय राजस्व सेवा (Indian Revenue Services) में शामिल हो गए. उन्होंने 1995 में अपनी बैचमेट सुनीता केजरीवाल से शादी की (Arvind Kejriwal wife).
कुछ साल बाद, उन्होंने अपना ध्यान सामाजिक मुद्दों पर स्थानांतरित कर दिया और दिल्ली के नागरिकों की शिकायतों को दूर करने के लिए मनीष सिसोदिया (Manish Sisodia) और अन्य लोगों के साथ 'परिवर्तन' नामक एक आंदोलन (Parivartan Movement) शुरू किया. वह 2011 में एक जन लोकपाल विधेयक(Jan Lokpal Bill) को लागू करने के लिए भ्रष्टाचार विरोधी धरने का नेतृत्व करने के लिए अन्ना हजारे(Anna Hazare) के साथ शामिल हुए. बाद में उन्होंने अपनी एक राजनीतिक पार्टी आप (AAP) की नींव रखी और 2013 के दिल्ली विधानसभा चुनाव (Delhi Assembly Elections) लड़े.
साल 2013 में केजरीवाल ने नई दिल्ली निर्वाचन क्षेत्र में तीन बार की मुख्यमंत्री शीला दीक्षित (Sheila Dixit) को हराया और राष्ट्रीय राजधानी के दूसरे सबसे कम उम्र के मुख्यमंत्री बने (second-youngest CM of Delhi). लेकिन उन्होंने 50 दिनों से भी कम समय में इस्तीफा दे दिया. उन्होंने 2014 के लोकसभा चुनावों में वाराणसी से भाजपा के प्रधान मंत्री पद के उम्मीदवार नरेंद्र मोदी (Narendra Modi) के खिलाफ चुनाव लड़ा था.
हालांकि, 2015 में, केजरीवाल अपनी पार्टी की भारी जीत के बाद सत्ता में लौटे और 70 में से 67 सीटें हासिल कीं. उन्होंने 14 फरवरी, 2015 को दूसरी बार मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली (CM of Delhi). वह 2020 में तीसरी बार दिल्ली के मुख्यमंत्री बने और उन्हें भारत के सबसे प्रमुख राजनेताओं में से एक माना जाता है.
उनका ऑफिशियल ट्विटर हैंडल @ArvindKejriwal है और फेसबुक पेज का नाम Arvind Kejriwal है. इंस्टाग्राम पर वह arvindkejriwal यूजरनेम से एक्टिव हैं.
अयोध्या के राम मंदिर से करोड़ों रुपये के चंदे और कैश की कथित चोरी के मामले ने सियासी तूल पकड़ लिया है. आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार को घेरते हुए कहा कि इस महापाप में बहुत बड़े-बड़े नाम शामिल हैं.
ध्रुव राठी दिल्ली विधानसभा चुनाव में अरविंद केजरीवाल के सपोर्ट में खुल कर खड़े हो गये हैं. आम आदमी पार्टी पर बनी डॉक्यूमेंट्री 'अनब्रेकेबल' को अपने यूट्यूब चैनल पर रिलीज किया है - और लोगों से शेयर करने की अपील कर रहे हैं.
पंजाब में कानून-व्यवस्था, गैंगस्टर नेटवर्क और नशा तस्करी के मुद्दे पर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने केंद्र सरकार और भाजपा पर जोरदार हमला बोला. उन्होंने जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई को लेकरआरोप लगाया कि उसे सरकारी संरक्षण प्राप्त है.
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और सीएम भगवंत सिंह मान जालंधर में 'ट्रेड कमीशन' की बैठक में शामिल हुए, इस दौरान अरविंद केजरीवाल ने कहा कि आम आदमी पार्टी व्यापारियों, दुकानदारों और कारोबारियों के हितों की रक्षा व उनकी समस्याओं के समाधान के लिए हमेशा तत्पर है.
बठिंडा में आयोजित आम आदमी पार्टी के रोड शो में आप सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल ने सीएम फेस का ऐलान कर दिया है. अरविंद केजरीवाल के मुताबिक 2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव में पार्टी की ओर से भगवंत मान को ही मुख्यमंत्री पद का चेहरा बनाया जाएगा.
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने बठिंडा में रोड शो के दौरान कार्यकर्ताओं से अभी से चुनावी तैयारी में जुटने और भगवंत मान को दोबारा मुख्यमंत्री बनाने की अपील की. उन्होंने निकाय चुनाव में मिली सफलता को सरकार के काम पर जनता की मुहर बताया.
ममता बनर्जी के प्रति राहुल गांधी और अधीर रंजन चौधरी का व्यवहार पहले भी अलग अलग रहा है. लेकिन, पश्चिम बंगाल पहुंचकर राहुल गांधी भी अब ममता बनर्जी के साथ अधीर रंजन चौधरी की ही तरह पेश आने लगे हैं - असल में, ये सब ममता बनर्जी के एक्शन के प्रति ही कांग्रेस का रिएक्शन लगता है.
गोवा में हुए स्थानीय चुनावों में आम आदमी पार्टी का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा. परिणाम आने के बाद अब पार्टी ने बड़ा संगठनात्मक बदलाव किया है. प्रदेश अध्यक्ष अमित पालेकर को पद से हटा दिया गया है. श्रीकृष्ण परब को अंतरिम चार्ज दिया गया है.
अरविंद केजरीवाल गोवा के कारापुर-श्रवण गांव में धरने पर बैठे ग्रामीणों का समर्थन करने पहुंचे. उन्होंने कहा कि गोवा में बीजेपी सरकार बिल्डरों के लिए काम कर रही है और जनता अपनी जमीन बचाने के लिए संघर्ष कर रही है. केजरीवाल ने आश्वासन दिया कि आम आदमी पार्टी की सरकार बनने पर धारा 39(ए) और इसके तहत दी गई सभी अनुमतियां रद्द कर दी जाएंगी.
अरविंद केजरीवाल के साथ आम आदमी पार्टी के हजारों कार्यकर्ताओं ने एक डॉक्यूमेंट्री देखी. इसमें पार्टी नेताओं को मुकदमों में फंसाकर जेल भेजने की साजिश दिखाई गई. पार्टी इस संदेश को गोवा की स्थानीय भाषा कोंकणी में हर कस्बे और मोहल्ले तक पहुंचाने की तैयारी कर रही है.
ममता बनर्जी दिल्ली में इंडिया ब्लॉक गठबंधन की बैठक में शामिल होने आईं, जहां उनकी पहली मुलाकात अरविंद केजरीवाल से हुई. केजरीवाल पहले ही इंडिया गठबंधन से अपना नाता तोड़ चुके हैं और इसकी अहमियत को नकार चुके हैं. लेकिन ममता के लिए इंडिया गठबंधन से जुड़ी नई उम्मीदें क्या हैं, यह सवाल महत्वपूर्ण है.
कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके ने 2029 चुनाव, केजरीवाल, Gen-Z राजनीति और युवाओं के गुस्से पर खुलकर बात की. जानें क्या है पार्टी का एजेंडा और आगे की रणनीति. उनका दावा है कि आंदोलन का मकसद हिंदू-मुस्लिम बहस से आगे बढ़कर रोजगार, शिक्षा, AI, टेक्नोलॉजी और युवाओं के भविष्य जैसे मुद्दों को राजनीति के केंद्र में लाना है
बीजेपी के खिलाफ 2024 में एकजुट होने वाले विपक्षी कुनबा बिखरता जा रहा है. इंडिया ब्लॉक की दिल्ली में होने वाली बैठक में डीएमके और आम आदमी पार्टी शामिल नहीं हो रही है. दोनों की नाराजगी कांग्रेस को लेकर है. ऐसे में सवाल उठता है कि एमके स्टालिन और अरविंद केजरीवाल आगे क्या करेंगे?
INDIA ब्लॉक की बैठक से एक दिन पहले ममता बनर्जी ने दिल्ली में आम आदमी पार्टी प्रमुख अरविंद केजरीवाल से मुलाकात की. टीएमसी ने इसे गर्मजोशी भरी बैठक बताते हुए कहा कि दोनों नेताओं ने आगे की राजनीतिक रणनीति पर चर्चा की.
जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रदर्शन को कई विपक्षी दलों का समर्थन मिला. अरविंद केजरीवाल, अखिलेश यादव, उद्धव ठाकरे, रोहित पवार और महुआ मोइत्रा ने युवाओं की मांगों का समर्थन करते हुए केंद्र सरकार से उनकी समस्याओं पर ध्यान देने की अपील की. नेताओं ने नीट समेत विभिन्न परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं पर चिंता जताई और शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की. वहीं, कांग्रेस के भीतर आंदोलन को लेकर अलग-अलग राय सामने आई हैं.
तमिलनाडु में बीजेपी की पहचान बन चुके पूर्व आईपीएस अधिकारी के. अन्नामलाई ने पार्टी से इस्तीफा देकर 'कॉमन मैन' के रूप में एक नए और अनोखे राजनीतिक सफर की शुरुआत की है. 'वी द लीडर्स' नाम से एक नए डिजिटल आंदोलन की नींव रखकर उन्होंने यह साफ कर दिया है कि वे राज्य की पारंपरिक द्रविड़ राजनीति और बीजेपी के केंद्रीय ढर्रे, दोनों से अलग एक नया विकल्प तैयार करना चाहते हैं.
देश की राजनीति में क्षेत्रीय दल हमेशा नेतृत्व के इर्द-गिर्द खड़े पाए जाते हैं. लेकिन जब विधायक बागी हो जाएं, और नेतृत्व को लेकर सवाल खड़े करने लगें, तो मामला काफी गंभीर हो जाता है. और, मामला पार्टी की पहचान, कंट्रोल और राजनीतिक विरासत की लड़ाई में तब्दील हो जाता है.
पंजाब सरकार ने 65 हजार से अधिक कच्चे और आउटसोर्स कर्मचारियों को नियमित करने और संविदा व्यवस्था समाप्त करने का फैसला लिया है. मुख्यमंत्री भगवंत मान ने कहा कि अब कर्मचारियों को सीधे सरकार नियुक्त करेगी और उन्हें वेतन, पीएफ, ईएसआई तथा ग्रेच्युटी जैसी सुविधाएं मिलेंगी.
गुजरात में अगले साल होने वाले विधानसभा चुनाव के लिए तैयारियां अभी से शुरु हो गई है. नर्मदा जिले में आम आदमी पार्टी ने जिला पंचायत चुनाव में जीत के बाद विजय यात्रा निकाली है. इस यात्रा में आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल भी शामिल हुए. इश दौरान केजरीवाल ने बीजेपी और कांग्रेस पर जोरदार हमला भि किया.
तमिलनाडु में मुख्यमंत्री जोसेफ विजय ने गठबंधन की सरकार बनाने के बाद रणनीति बदल ली है. गठबंधन साथियों पर निर्भरता खत्म करके विजय टीवीके के अपने बूते सरकार चलाने के इंतजाम में लग गए हैं. AIADMK के तीन विधायकों के इस्तीफा देकर टीवीके में शामिल होने के बाद भी मिशन जारी है.
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने गुजरात के नर्मदा जिले में पार्टी की सरकार बनने को 2027 विधानसभा चुनाव का बड़ा संकेत बताया. विजय यात्रा में शामिल होकर उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज ने भाजपा को करारा जवाब दिया है और अब बदलाव की यह चिंगारी पूरे गुजरात में फैलेगी.