अधीर रंजन चौधरी, राजनेता
अधीर रंजन चौधरी (Adhir Ranjan Chowdhary) एक भारतीय राजनेता और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस (INC) के वरिष्ठ नेता हैं. वह पश्चिम बंगाल के बेहरामपुर (Behrampur) निर्वाचन क्षेत्र से 2019 के चुनावों में 17वीं लोकसभा के लिए फिर से चुने गए. अधीर रंजन को 2020 में पश्चिम बंगाल कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष (President of West Bengal Congress Committee) के रूप में दोबारा नियुक्त किया गया. वे साल 1999 के बाद से बेहरामपुर से एक भी लोकसभा चुनाव नहीं हारे हैं.
इनका जन्म 2 अप्रैल 1956 को (Date of Birth) पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद (Murshidabad) जिले में हुआ था. उनके पिता का नाम निरंजन चौधरी और मां का सरोजा बाला चौधरी (Parents) है. उन्होंने अपनी स्कूली शिक्षा बेहरामपुर के गोराबाजार ईश्वर चंद्र संस्थान से पूरी की है. उनकी शादी 1987 में अर्पिता चौधरी से हुई.
अपने राजनीतिक जीवन की शुरुआत उन्होंने 1996 में की और पश्चिम बंगाल विधान सभा के सदस्य के रूप में चुने गए. वे पश्चिम बंगाल में कांग्रेस का एक लोकप्रिय चेहरा बनकर उभरे वहां की जनता उन्हें 'मुर्शिदाबाद का नवाब' और 'बेहरामपुर का रॉबिनहुड' (Robin hood of Behrampur) के नाम से संबोधित करती है.
साल 2012 से 2014 तक मनमोहन सिंह सरकार के दैरान अधीर रंजन चौधरी को रेल राज्य मंत्री के रूप में नियुक्त किया गया. उन्हें 2019 में लोक लेखा पर 17वीं लोकसभा समिति के अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया था. 2020 में, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता सोमेन मित्रा के निधन के बाद उन्हें पश्चिम बंगाल प्रदेश कांग्रेस समिति के अध्यक्ष के रूप में नियुक्त किया गया था.
अधीर रंजन चौधरी की लिखी हुई किताबें- द हिस्ट्री ऑफ मुर्शिदाबाद डिस्ट्रिक्ट कांग्रेस-1885 – 2010 (The History of Murshidabad District Congress - 1885 - 2010), बिटवीन टू साइलेंसज (Between Two Silences), अगुनेर रंगनील और 125 (Aguner Rangneel and 125), बोचोरर अलोकी मुर्शिदाबाद जिला कांग्रेस (Bochorer Alokey Murshidabad Jela Congress.) प्रकाशित हो चुकी हैं.
इनका ऑफिशियल ट्विटर हैंडल @adhirrcinc नाम से है और फेसबुक पेज पर Adhir Ranjan Chowdhury नाम से एक्टिव हैं.
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी का कहना है कि चुनाव जीतने के लिए गुंडागर्दी TMC का औजार है.
ED की टीम गुरुवार तड़के प्रतीक जैन के आवास और साल्ट लेक स्थित सेक्टर V दफ्तर पहुंची. यह कार्रवाई कोयला तस्करी से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में की गई है. कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने इसे लेकर ममता बनर्जी की नाराजगी पर सवाल उठाए हैं.
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि बंगाल में पंचायत, नगरपालिका, स्कूल और कॉलेज के चुनाव अक्सर हिंसा और जबरदस्ती जीत के बीच होते हैं. विपक्ष के उम्मीदवारों को नामांकन भरने से रोका जाता है. चुनाव आयोग सूबे की सरकार के निर्देशों पर काम करता है जिससे चुनाव निष्पक्ष नहीं रहते.
अधीर रंजन चौधरी बंगाल में कांग्रेस के पुराने नेता हैं. पर कुछ दिनों से पार्टी उन्हें साइडलाइन किए हुए है. वैसे भी बंगाल में अभी दूर दूर तक कांग्रेस का भविष्य नजर नहीं आ रहा है. ऐसे में सवाल उठता है कि क्या रंजन अपने भविष्य की तलाश कर रहे हैं?
पीएम से मुलाकात के साथ ही अधीर रंजन चौधरी ने इस मुद्दे पर प्रधानमंत्री को एक पत्र भी सौंपा है, जिसमें उन्होंने आरोप लगाया है कि देश के अलग-अलग हिस्सों, खासकर कुछ राज्यों में, बंगाली भाषा बोलने वाले मजदूरों को ‘घुसपैठिया’ बताकर निशाना बनाया जा रहा है. कई मामलों में उन्हें पीटा गया, जेल या डिटेंशन सेंटर तक भेजा गया.
अधीर रंजन चौधरी का कहना है कि चुनाव के समय मोदी और दीदी के बीच एक खेल चलता है, जिसमें वे आम लोगों को गुमराह करने की कोशिश करते हैं. बंगाल की वर्तमान स्थिति को लेकर कोई संबंध नहीं होता. बंगाल आज देश में कमजोर स्थिति में है. प्रधानमंत्री मोदी ने कांग्रेस के समय बनायीं मनरेगा योजना को खत्म करने के प्रयास किए हैं, जिससे बंगाल के गरीब और मेहनती लोगों को बड़ा नुकसान पहुंचा है.
पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी में सोमवार को हिंसा हुई, जिसमें एक सांसद और एक विधायक पर भीड़ ने हमला किया. इस घटना के बाद पश्चिम बंगाल के विभिन्न हिस्सों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) प्रदर्शन कर रही है. दिल्ली में भी BJP कार्यकर्ताओं ने बंगाल भवन के बाहर विरोध प्रदर्शन किया. इस मुद्दे पर BJP और तृणमूल कांग्रेस (TMC) आमने-सामने हैं. एक सांसद पर हुए हमले के बाद, उनकी चोटों की फुटेज भी सामने आई है. एक व्यक्ति ने कहा कि 'चुनाव हमारे दरवाजे खटखटा रहे हैं.' बंगाल में लाखों लोग बाढ़ से प्रभावित हैं.
देश में आगामी चुनावों को लेकर विपक्ष की ओर से चिंताएं व्यक्त की जा रही हैं, खासकर चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए गए हैं. अधीर रंजन चौधरी ने चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठाए हैं. कि क्या आगामी चुनाव में EC निष्पक्ष रहेगा या नहीं? सुनिए क्या बोले.
बीजेपी ने ममता बनर्जी का बंगाली बनाम बाहरी वाले दांव की काट खोज ली है. बहरामपुर से टीएमसी सांसद और पूर्व क्रिकेटर यूसुफ पठान का नाम लेकर बीजेपी अब ममता बनर्जी के बंगाली अस्मिता के दावे पर ही सवाल उठाने लगी है. टीएमसी के कई सांसद पश्चिम बंगाल से बाहर के हैं, जो नई मुश्किल बढ़ा सकते हैं.
बिहार के बाद अब पश्चिम बंगाल से भी वोटर लिस्ट के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) के रुझान आने लगे हैं. मालदा और मुर्शिदाबाद जैसे सीमावर्ती जिलों में लोग अभी से कागजात दुरुस्त करा रहे हैं. बड़ा सवाल ये है कि क्या राहुल गांधी को ममता बनर्जी भी तेजस्वी यादव जैसी छूट देंगी?
अधीर रंजन चौधरी ने लिखा है कि यह कदम राजनीतिक अपवित्रता के समान होगा और यह देश की अंतरात्मा पर सीधा हमला होगा. उन्होंने आरोप लगाया कि देश की बड़ी प्राइवेट कंपनी भी इस नाम को ट्रेडमार्क कराने की दौड़ में शामिल हैं.
ममता बनर्जी के लिए कांग्रेस नेता अधीर रंजन के मुंह से कुछ भी अच्छा सुनना यूं ही कान खड़े कर देता है - लेकिन क्या ये बात पश्चिम बंगाल में भी बिहार की तरह कांग्रेस और टीएमसी के बीच किसी तरह के चुनावी मेलजोल के संकेत दे रहा है?
कांग्रेस की बिहार चुनाव की तैयारियों में तो दिल्ली की झलक मिल ही रही थी, पश्चिम बंगाल की चुनावी रणनीति तो अब पूरी तरह साफ हो गई है - और खास बात ये है कि राहुल गांधी ने खुद खुलासा किया है.
कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी ने शनिवार को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को पत्र लिखकर दो शिक्षकों पर लगे आरोप हटाने की मांग की.
कांग्रेस नेता ने पश्चिम बंगाल सरकार पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य में लाखों की संख्या में फर्जी वोटर मौजूद हैं. अधीर रंजन चौधरी आगे बोले कि जहां-जहां सत्ताधारी पार्टी चुनाव में धांधली करती है, चाहे वो महाराष्ट्र हो या बंगाल, वहां आपको लाखों फर्जी वोटर ज़रूर मिलेंगे.
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने पश्चिम बंगाल सरकार पर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि राज्य में लाखों की संख्या में फर्जी वोटर मौजूद हैं. अधीर चौधरी ने कहा कि जहां-जहां सत्ताधारी पार्टी चुनाव में धांधली करती है, चाहे वो महाराष्ट्र हो या बंगाल, वहां आपको लाखों फर्जी वोटर जरूर मिलेंगे.
पश्चिम बंगाल कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता अधीर रंजन चौधरी ने ममता बनर्जी पर तीखा हमला करते हुए उन्हें नमक हराम बता दिया. अधीर रंजन चौधरी ने कहा कि ममता बनर्जी बंगाल की राजनीति में नमक हराम का ज्वलंत उदाहरण हैं.
कांग्रेस नेता अधीर रंजन चौधरी ने पीएम नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर बंगाली भाषी छात्रों और परिवारों को निशाना बनाने का आरोप लगाया है. उन्होंने कहा कि बांग्लादेशी घुसपैठियों की तलाश के नाम पर बंगाल के लोगों को परेशान किया जा रहा है.
INDIA ब्लॉक में राहुल गांधी के नेतृत्व को तृणमूल कांग्रेस की तरफ से चुनौती पेश कर दी गई है. टीएमसी का कहना है कि ममता बनर्जी को इंडिया ब्लॉक की कमान सौंप दी जानी चाहिये - क्योंकि बीजेपी के खिलाफ लड़ाई में राहुल गांधी अपेक्षित रिजल्ट नहीं दे पा रहे हैं.
हरियाणा विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की हार पर पार्टी नेता अधीर रंजन चौधरी ने दुख का इज़हार किया है. उन्होंने कहा कि हरियाणा में हमारी जीत निश्चित थी, क्योंकि किसान, जवान, पहलवान सारे इनके खिलाफ चले गए थे.
Aaj Ki Taza Khabar: समाजवादी पार्टी के प्रमुख अखिलेश यादव गुरुवार रात जयप्रकाश नारायण इंटरनेशनल सेंटर (JPNIC) पहुंचे. उन्होंने योगी आदित्यनाथ सरकार पर आरोप लगाया कि उन्होंने प्रवेश रोकने के लिए इसके मुख्य द्वार को टिन की चादरों से ढक दिया है. 11 अक्टूबर को जयप्रकाश नारायण की जयंती है.