बॉलीवुड अभिनेत्री और आईपीएल टीम किंग्स इलेवन पंजाब की मालकिन प्रीति जिंटा ने उनके हवाले से चल रही (किंग्स इलेवन पंजाब के खिलाड़ियों के फिक्सिंग में शामिल होने संबंधी) खबरों पर कड़ा आक्रोश जताया है. जिंटा ने सोशल मीडिया के माध्यम से जमकर अपनी भड़ास निकालते हुए लगातार ट्वीट करके संबंधित मीडिया हाउसों की निंदा की.
आपको बता दें कि बुधवार को प्रीति जिंटा के हवाले से किंग्स इलेवन पंजाब के खिलाड़ियों के फिक्सिंग में शामिल होने की खबरें चल रही थीं. गौरतलब है कि हाल ही में अंग्रेजी अखबार 'द इंडियन एक्सप्रेस' के हवाले से एक खबर चर्चा में थी कि आईपीएल टीम किंग्स इलेवन पंजाब की मालकिन और बॉलीवुड अभिनेत्री प्रीति जिंटा ने अपने कुछ खिलाड़ियों के संदिग्ध गतिविधियों में लिप्त होने की आशंका जताई थी.
अंग्रेजी अखबार पर भड़कीं प्रीति
प्रीति ने बीसीसीआई अधिकारियों के साथ इस महीने हुई एक बैठक में यह बात कही. अंग्रेजी अखबार 'द इंडियन एक्सप्रेस' के मुताबिक, 'प्रीति ने अधिकारियों को बताया कि उनकी टीम के कुछ खिलाड़ी मैच हारने जैसी गतिविधियों में लिप्त हो सकते हैं और बीसीसीआई की एंटी-करप्शन टीम इस खतरे पर नकेल कसने में नाकाम रहा है. 8 अगस्त को हुई आईपीएल वर्किंग ग्रुप की बैठक में प्रीति ने कहा कि उन्होंने ऐसी गतिविधियों को करीब से देखा है, लेकिन सबूतों के अभाव में वह इस बारे में बोर्ड से बात नहीं कर सकीं. उन्होंने कहा कि कई बार उन्हें लगा कि कई आईपीएल टीमें, जिसमें उनकी टीम भी शामिल है, पहले से तय पैटर्न के मुताबिक खेल रही थीं. इस खबर के तूल पकड़ने के बाद प्रीति ने सोशल मीडिया पर अपना पक्ष रखते हुए कई मीडिया हाउसों को निशाने पर लिया और उनके बयान को तोड़-मरोड़ कर पेश करने का इल्जाम लगाया.
लगातार किए ट्वीट
प्रीति ने ट्वीट किया, 'इंडियन एक्सप्रेस द्वारा इस गलत, गैरजिम्मेदाराना और दुर्भावनापूर्ण खबर से सदमे में हूं.'
Shocked by this inaccurate & extremely irresponsible & malicious piece by
— Preity zinta (@realpreityzinta)
प्रीति ने दूसरा ट्वीट किया, 'बिना वेरीफिकेशन के बकवास फैलाना बंद करें'Stop spreading rubbish without verification .
— Preity zinta (@realpreityzinta)
Another ME Too story without verification .
— Preity zinta (@realpreityzinta)
इसके बाद प्रीति ने ट्वीट कर इस मामले पर अपना पक्ष रखा, 'मैंने बीसीसीआई से खिलाड़ियों के रैंडम पॉलीग्राफ टेस्ट के लिए कहा था. जिससे कि कोई खिलाड़ी फिक्सिंग के बारे में सोच भी ना सके. इसके पीछे मेरी सोच थी कि 'इलाज से बेहतर बचाव है. लेकिन इंडियन एक्सप्रेस और एबीपी न्यूज ने खबर बदल दी.'I suggested RANDOM POLYGRAPH ( LIE DETECTOR) Tests to Bcci for players so no can even think about match fixing. The theory was that ... 1/1
— Preity zinta (@realpreityzinta)
The theory being that "Prevention is better than cure." Of course had 2 twist & change the story👏1/2
— Preity zinta (@realpreityzinta)
भड़कीं प्रीति यहीं नहीं रुकीं उन्होंने फिर ट्वीट किया, 'एक रचनात्मक बातचीत जिससे कि खेल में बदलाव आ सकता था उसे सनसनीखेज बनाने के प्रयास में वो एक विध्वंसक आर्टिकल में बदल गया.'
A constructive conversation to genuinely make a difference to the game is turned into a destructive article for sensational purpose. 1/3
— Preity zinta (@realpreityzinta)
प्रीति ने अपने ट्वीट्स का स्क्रीनशॉट लेकर अपने फेसबुक पेज पर भी डाला.Dear All,This piece of article is completely false, libel per say, inaccurate and an irresponsible piece of ...
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