आईपीएल 2026 का रोमांच अपने चरम की ओर बढ़ रहा है. 48 मुकाबले खेले जा चुके हैं, प्लेऑफ की तस्वीर धीरे-धीरे साफ हो रही है, लेकिन इस पूरे सीजन की सबसे बड़ी कहानी अब भी अधूरी है- महेंद्र सिंह धोनी की वापसी पर सस्पेंस बरकरार है. दुनिया की सबसे लुभावनी टी20 लीग में इस बार 'थाला' अब तक मैदान पर उतरे ही नहीं हैं.
इस पूरे सस्पेंस को एक लाइन सबसे बेहतर तरीके से बयां करती है- सीएसके के स्क्वॉड में नाम देखकर उम्मीद जगती है, लेकिन मैच शुरू होते ही साफ हो जाता है-धोनी अभी भी ‘वेटिंग लिस्ट’ में हैं. यानी नाम टीम में है, मौजूदगी ड्रेसिंग रूम में है, लेकिन स्कोरकार्ड में जगह अब भी खाली है.
धोनी को लेकर सबसे बड़ा कन्फ्यूजन यहीं से पैदा होता है. वह नेट्स में पूरी तरह एक्टिव नजर आते हैं, बड़े-बड़े शॉट्स लगाते हुए वही पुराना टच भी दिखता है, लेकिन इसके बावजूद प्लेइंग इलेवन में उनका नाम नहीं होता. यानी मामला फिटनेस का कम और ‘मैच रेडीनेस’ का ज्यादा है और यही फर्क इस पूरे सस्पेंस की असली जड़ बन चुका है.
चेन्नई सुपर किंग्स के लिए यह सीजन अब तक उतार-चढ़ाव भरा रहा है, लेकिन सबसे बड़ा खालीपन धोनी की गैरमौजूदगी ने छोड़ा है. सीजन आधे से ज्यादा गुजर चुका है, टीम के पास अब सिर्फ चार मैच बचे हैं, और प्लेऑफ की राह उतनी आसान नजर आ रही है. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यही है- क्या यह पूरा सीजन बिना धोनी के ही निकल जाएगा?
धोनी की गैरमौजूदगी का असर सिर्फ भावनात्मक नहीं, बल्कि रणनीतिक भी साफ नजर आ रहा है. चेन्नई सुपर किंग्स पॉइंट्स टेबल में फिलहास टॉप-4 से नीचे यानी छठे स्थान पर है और हालात ऐसे हैं कि अब टीम के पास गलती की गुंजाइश खत्म हो चुकी है. हर मुकाबला लगभग 'करो या मरो' की स्थिति में बदल चुका है. एक और हार टीम के मनोबल को गहरा झटका दे सकती है
ऐसे दबाव भरे समय में अनुभवी नेतृत्व की अहमियत और बढ़ जाती है...और यही जगह धोनी वर्षों से भरते आए हैं.
धोनी की वापसी को लेकर आधिकारिक स्थिति अब भी साफ नहीं है. सीएसके के बॉलिंग कंसल्टेंट एरिक सिमंस ने कहा कि धोनी की स्थिति उनके अधिकार क्षेत्र से बाहर है, लेकिन वह धीरे-धीरे बेहतर हो रहे हैं.
यह बयान उम्मीद तो देता है, लेकिन तस्वीर पूरी तरह साफ नहीं करता. इससे संकेत मिलता है कि टीम मैनेजमेंट किसी भी तरह का जोखिम लेने से बच रहा है और धोनी की वापसी को लेकर बेहद सतर्क है.
अब इस बीच सीएसके के बैटिंग कोच माइकल हसी का बयान उम्मीद भी जगाता है और इंतजार भी बढ़ाता है. हसी के मुताबिक, धोनी की रिकवरी सही दिशा में है और वह 'किसी भी मैच में वापसी कर सकते हैं.' यानी तस्वीर साफ नहीं है, लेकिन दरवाजा बंद भी नहीं हुआ है.
5 मैच सन्नाटा, फिर धुरंधर का धमाका... रोहित शर्मा ने बता दिया उनके बिना MI कुछ भी नहीं
रोहित की वापसी ने बढ़ाए सवाल
इसी सीजन में रोहित शर्मा की वापसी ने बहस को और तेज कर दिया है. मुंबई इंडियंस के इस अनुभवी बल्लेबाज ने पांच मैचों के बाद टीम में लौटकर तुरंत प्रभाव डाला.
रोहित की वापसी ने यह सवाल खड़ा कर दिया है कि अगर एक दिग्गज वापसी कर सकता है, तो धोनी क्यों नहीं? हालांकि दोनों खिलाड़ियों की फिटनेस और परिस्थितियां अलग हो सकती हैं, लेकिन फैन्स के बीच यह तुलना स्वाभाविक है.
आईपीएल 2026 में जहां एक तरफ प्लेऑफ की जंग तेज हो रही है, वहीं दूसरी तरफ धोनी की वापसी सबसे बड़ा अनसुलझा सवाल बनी हुई है. वो टीम के साथ हैं, नेट्स में हैं, डगआउट में हैं… लेकिन मैदान पर नहीं. और जब तक यह स्थिति नहीं बदलती, तब तक यह लाइन बार-बार सच साबित होती रहेगी. धोनी स्क्वॉड में हैं, लेकिन अभी भी ‘वेटिंग लिस्ट’ में ही हैं.