एक आदिवासी शख्स की बहन की मौत हो जाती है. पति और बेटे की मौत पहले ही हो चुकी थी. अब ले देकर एक भाई बचा था. उस बहन का एक बैंक में खाता था. और उस खाते में कुल 19 हजार 300 रुपये थे. भाई बैंक जाता है, अपनी बहन के खाते से 19 हजार 300 रुपये निकालने के लिए. लेकिन बैंक पैसे नहीं देता. वो बार बार उससे बहन के मुर्दा होने के सबूत मांगता है. थक हारकर भाई 3 महीने पुरानी कब्र से अपनी बहन की लाश बाहर निकालता है और बैंक के दरवाजे पर रख देता है.