बंगाल में चुनाव खत्म हो गया, नतीजे आ गए, सत्ता में बदलाव हो गया. लेकिन बंगाल की सत्ता का रक्त चरित्र नहीं बदला. बंगाल की सियासत में खूनी बदले की रवायत बदस्तूर जारी है. पूरे बंगाल से ऐसी तस्वीरें आ रही हैं. कहीं टीएमसी दफ्तर पर बुलडोजर चल रहा है, कहीं आगजनी हो रही है, कहीं झडपें हो रही हैं, कहीं कब्जा किये गए पार्टी दफ्तर छुड़ाये जा रहे हैं, कहीं लेनिन की मूर्ति गिराई जा रही है, तीन लोगों की मौत की भी खबर है. लेकिन बंगाल के डीजीपी सिद्धांत गुप्ता कहते हैं कि 2 मौतें हुई हैं. 200 मुकदमे दर्ज किये गए हैं, 433 गिरफ्तारियां की गई हैं. और 1100 से ज्यादा लोगों को हिरासत में रखा गया है.