मिडिल ईस्ट में जारी संघर्ष के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा दावा करते हुए कहा है कि हालिया सैन्य कार्रवाई के बाद ईरान की क्षमताएं इतनी कमजोर हो चुकी हैं कि वह “स्टोन एज” जैसी स्थिति में पहुंच गया है. ट्रंप के मुताबिक, इस अभियान का मकसद ईरान को परमाणु हथियार विकसित करने से रोकना था, जिसमें काफी हद तक सफलता मिली है. उनके इस बयान के बाद “स्टोन एज” शब्द चर्चा में आ गया है, जो पाषाण युग को दर्शाता है. एक ऐसा समय जब इंसान तकनीकी रूप से बेहद शुरुआती अवस्था में था और पत्थर के औजारों पर निर्भर रहता था. ट्रंप ने इस उदाहरण के जरिए ईरान की तकनीकी और सैन्य गिरावट को बताया है.