scorecardresearch
 

ट्विशा शर्मा के स्किन टिश्यू जिम बेल्ट पर मिले, AIIMS की फाइनल रिपोर्ट में बड़ा खुलासा

भोपाल में पूर्व मॉडल ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में एम्स दिल्ली की अंतिम पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने जांच को नया मोड़ दिया है. रिपोर्ट में जिम्नास्टिक बेल्ट पर ट्विशा की स्किन के टिश्यू मिलने और बेल्ट के निशान का गले की चोट से मेल खाने की पुष्टि हुई है. यह रिपोर्ट सीबीआई को सौंप दी गई है. अब इसे जांच का अहम वैज्ञानिक साक्ष्य माना जा रहा है. वहीं, ट्विशा के परिवार ने दहेज उत्पीड़न और घरेलू हिंसा के गंभीर आरोप लगाए हैं.

Advertisement
X
एम्स दिल्ली ने सीबीआई को दूसरी पोस्टमार्टम रिपोर्ट सौंप दी. (Photo: ITG)
एम्स दिल्ली ने सीबीआई को दूसरी पोस्टमार्टम रिपोर्ट सौंप दी. (Photo: ITG)

भोपाल में संदिग्ध परिस्थितियों में मृत मिली पूर्व मॉडल ट्विशा शर्मा की मौत के मामले में एम्स दिल्ली की अंतिम फोरेंसिक रिपोर्ट ने जांच को नया मोड़ दे दिया है. सूत्रों के मुताबिक, एम्स दिल्ली की मेडिकल बोर्ड ने अपनी अंतिम रिपोर्ट में पुष्टि की है कि घटना में इस्तेमाल की गई जिम्नास्टिक बेल्ट पर ट्विशा की त्वचा के टिश्यू मिले हैं. रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि बेल्ट से बने निशान और ट्विशा की गर्दन पर मिले चोट के निशान एक-दूसरे से मेल खाते हैं. यह रिपोर्ट 10 जुलाई को CBI को सौंप दी गई.

ट्विशा शर्मा की शादी पिछले साल दिसंबर में वकील समर्थ सिंह से हुई थी. 12 मई की रात भोपाल स्थित ससुराल में उनका शव फंदे से लटका मिला था. मामले की शुरुआती पोस्टमार्टम रिपोर्ट एम्स भोपाल में तैयार की गई थी, लेकिन उस समय कथित फंदे के रूप में इस्तेमाल हुई बेल्ट मेडिकल बोर्ड के सामने पेश नहीं की गई थी. इसी वजह से पहली रिपोर्ट निर्णायक नहीं मानी गई.

24 मई को दूसरा पोस्टमार्टम किया गया
बाद में पुलिस ने जिम्नास्टिक बेल्ट जब्त कर उसे मध्य प्रदेश हाई कोर्ट के आदेश पर गठित एम्स दिल्ली के पांच सदस्यीय मेडिकल बोर्ड को जांच के लिए भेजा. 24 मई को दूसरा पोस्टमार्टम किया गया और विस्तृत वैज्ञानिक जांच के बाद 11 पन्नों की रिपोर्ट सीबीआई को सीलबंद लिफाफे में सौंप दी गई. हाई कोर्ट के रजिस्ट्रार जनरल को भी अनुपालन रिपोर्ट भेजी गई है.

Advertisement

सूत्रों के अनुसार, प्रयोगशाला और टिश्यू परीक्षण में बेल्ट पर मिले त्वचा के टिश्यू ट्विशा के गले पर मिले फंदे के निशान और चोट के पैटर्न से मेल खाते हैं. एम्स दिल्ली के फोरेंसिक मेडिसिन विभाग के प्रमुख डॉ. सुधीर गुप्ता ने कहा कि मेडिकल बोर्ड ने करीब एक महीने तक राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय शोध पत्रों का अध्ययन करने के बाद हर पहलू पर गहन वैज्ञानिक समीक्षा की. 

उन्होंने कहा कि बोर्ड की राय पूरी तरह स्पष्ट है और सत्य तथा न्याय के हित में वैज्ञानिक आधार पर तैयार की गई है. हालांकि उन्होंने रिपोर्ट के अन्य विवरण साझा करने से इनकार किया क्योंकि इसे अदालत के निर्देश पर सीलबंद लिफाफे में सीबीआई को सौंपा गया है.

क्या था पूरा मामला?
एफआईआर के अनुसार, समर्थ सिंह ने पुलिस को बताया था कि 12 मई की रात करीब 10:20 बजे ट्विशा ने घर में फांसी लगा ली थी और उन्हें एम्स भोपाल ले जाया गया. हालांकि अस्पताल के एक डॉक्टर ने पुलिस को बताया कि ट्विशा को मृत अवस्था में अस्पताल लाया गया था, जिसके बाद मेडिको-लीगल केस दर्ज किया गया.

कब हुई थी आखिरी बातचीत
एफआईआर में ट्विशा के परिवार ने आरोप लगाया है कि 12 मई की रात 9:41 बजे उनकी मां से ट्विशा की आखिरी बार फोन पर बात हुई थी. बातचीत के दौरान समर्थ सिंह की तेज आवाज सुनाई दी और इसके तुरंत बाद कॉल कट गई. कई बार फोन करने के बाद जब जवाब नहीं मिला तो ट्विशा की सास और रिटायर जज गिरिबाला सिंह ने फोन उठाकर कहा कि "वह अब नहीं रही" और कॉल काट दिया.

Advertisement

पहली पोस्टमार्टम रिपोर्ट में क्या था?
पहली पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण फंदे से लटकना बताया गया था, लेकिन शरीर पर कई एंटीमॉर्टम चोटों का भी उल्लेख किया गया था. शुरुआती जांच और पोस्टमार्टम में खामियों का आरोप लगाते हुए ट्विशा के परिवार ने मध्य प्रदेश हाई कोर्ट का दरवाजा खटखटाया. इसके बाद अदालत ने एम्स दिल्ली से दूसरा पोस्टमार्टम कराने और मामले की जांच सीबीआई को सौंपने का आदेश दिया.

ट्विशा के परिवार का आरोप है कि शादी के बाद से दहेज को लेकर ससुराल पक्ष उन्हें प्रताड़ित करता था. परिवार ने मानसिक उत्पीड़न और घरेलू हिंसा के भी आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि लगातार प्रताड़ना के कारण 33 वर्षीय पूर्व मॉडल और अभिनेत्री को यह कदम उठाने के लिए मजबूर होना पड़ा. अब सीबीआई एम्स दिल्ली की अंतिम फोरेंसिक रिपोर्ट का अध्ययन कर रही है और इसे जांच में महत्वपूर्ण वैज्ञानिक साक्ष्य माना जा रहा है.

---- समाप्त ----
Live TV

Advertisement
Latest News in Hindi »
Advertisement