जमीन और लोगों को सरहदों में बांटा जा सकता है, लेकिन पानी और खाना दोनों ही ऐसी चीजें हैं, जिन्हें कभी कैद नहीं किया जा सकता है. विदेशों से भारत कई डिश आई हैं, जो आज यहां का लोकल फूड बन चुकी है. तिब्बती मोमोज से लेकर चीन वाले हक्का नूडल्स तक इंडिया में अपनी एक अलग पहचान बना चुके हैं. इसी शामिल है एक गुजराती स्ट्रीट फूड है, जिसका नाम खाउसा (Khausa) है.
यह डिश उस सम सुर्खियों में आई जब अनंत और राधिका अंबानी के प्री-वेडिंग सेलिब्रेशन में इसे खास तौर पर परोसा गया. शाही मेहमानों के बीच सूरत के स्ट्रीट फूड का स्वाद देख हर कोई हैरान था, इस डिश को विदेशी मेहमानों ने भी बहुत चटकारे लेकर खाया था. आइए जानते हैं कि खाउसा क्या है और यह कहां से भारत आया है. इसके साथ ही इसे गुजराती डिश को आप अपने घर पर कैस बना सकते हैं.
मार्च 2024 में जामनगर में हुए राधिका-अनंत के प्री-वेडिंग फंक्शन में अंबानी परिवार ने देश-विदेश के डिशों के साथ स्थानीय स्वाद को भी जगह दी थी. इस फंक्शन में विदेशी डिशों के साथ भारतीय देसी खाना भी विदेशों को चखने को मिला था. अनंत-राधिका की प्री-वेडिंग इवेंट के लिए खासतौर पर सूरत के मशहूर राज खाउसा स्टॉल को बुलाया गया था, जिन्होंने मेहमानों को असली सूरत वाला खाउसा का स्वाद चखाया. तभी से यह डिश गुजराती गलियों से निकल ग्लोबल वर्ल्ड में फेमस हो गई है.
चाउमीन, मोमोज, थुकपा, पिज्जा और बर्गर की तरह ही खाउसा भी भारतीय डिश ही है. यह हमारे पड़ोसी मुल्क से इंडिया आई थी, मूल रूप से खाउसा बर्मी डिश 'खाओ स्वे' का गुजराती वर्जन है. बर्मा जो अब म्यांमार बन चुका है, में इस डिश को 'ओहन नो खाओ स्वे' कहा जाता है.
खाउसा नारियल के दूध और नूडल्स से बनने वाली एक सूपी डिश है, जिसे 20वीं सदी की शुरुआत में भारत लाया था. उस समय कच्छ और सिंध के गुजराती मेमन व्यापारी बिजनेस के सिलसिले में बर्मा जाया करते थे, वो लोग ही इस रेसिपी को अपने साथ भारत ले आए थे.
बर्मा से भारत लौटने के बाद इस डिश में भारतीय तड़का लग गया है और यह यहां पर एग नूडल्स और नारियल बेस्ड चिकन करी के साथ बनने लगी. जबकि शाकाहारी लोग गुजरात में बेसन की कढ़ी, दही, पापड़ी, मूंगफली, तीखी चटनी और सेव जैसी चीजें डालकर इसे खाने लगे.
नारियल की ग्रेवी को ज्यादा गाढ़ा और मसालेदार बनाया गया और देखते ही देखते यह सूरत की पहचान बन गई. आज सूरत की गलियों में मात्र 20 से 30 रुपये में मिलने वाला खाउसा सुबह के नाश्ते से लेकर शाम के स्नैक तक हर समय खाया जाता है. इसकी अच्छी बात यह है कि इसे आप अपने घर पर भी आसानी से बना सकते हैं.
इंग्रेडिएंट्स
इस गुजराती स्ट्रीट फूड की सबसे अच्छी बात यह है कि इसे आसानी से बनाया जा सकता है, हालांकि इसे नॉनवेज खाने वाले लोग इसमें चिकन करी और एग करी के साथ बनाकर भी खा सकते हैं.