इस वक्त दुनिया में कई जगह जंग का मोर्चा खुला हुआ है. ताजा हालात ईरान–इजरायल का है. मिडिल ईस्ट में अशांति है.ईरान के सुप्रीम लीडर खामेनई की मौत के बाद यह जंग कितनी और बढ़ेगी, और पूरा एशिया से लेकर मिडिल ईस्ट में अस्थिरता आ सकती है. वहीं, इस बढ़ती जंग के बीच एशिया के दो और देशों में जंग एस्कलेट कर रही है, और यह जंग भी बड़ी होती जा रही है. वह देश हैं पाकिस्तान और अफगानिस्तान. आइए जानते हैं, इन दोनों जंग के ताजा अपडेट्स.
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच हालिया सीमा संघर्ष तेज हो गया है, जहां दोनों पक्ष एक-दूसरे पर हमलों का आरोप लगा रहे हैं. यह तनाव फरवरी 2026 से चला आ रहा है, लेकिन हाल के दिनों में 'ओपन वॉर' की स्थिति बन गई है. पाकिस्तान ने ऑपरेशन गजब लिल-हक शुरू किया, जबकि अफगानिस्तान ने जवाबी कार्रवाई की. दोनों पक्षों के दावे अलग-अलग हैं, और मौतों–घायलों के आंकड़े विरोधाभासी हैं.
पाकिस्तान की पोजीशन और दावे
पाकिस्तान का कहना है कि अफगान तालिबान ने ड्यूरंड लाइन के पार से अनप्रोवोक्ड फायरिंग और हमले किए, जिसके जवाब में उन्होंने ऑपरेशन गजब लिल-हक लॉन्च किया. यह ऑपरेशन 26–27 फरवरी 2026 से शुरू हुआ, जिसमें एयर और ग्राउंड स्ट्राइक्स से अफगानिस्तान के कई इलाकों जैसे काबुल, कंधार, पक्तिया, नंगरहार आदि में तालिबान के मिलिट्री टारगेट्स, हेडक्वार्टर्स और कैंप्स को निशाना बनाया गया.
पाकिस्तानी इंफॉर्मेशन मिनिस्टर और मिलिट्री स्पोक्सपर्सन के अनुसार, ऑपरेशन शुरू होने से अब तक 331 से 352 अफगान तालिबान फाइटर्स मारे गए, 500 से ज्यादा घायल हुए, 100 से ज्यादा पोस्ट्स डिस्ट्रॉय या कैप्चर किए गए. पाकिस्तान इसे सेल्फ-डिफेंस और टीटीपी (पाकिस्तानी तालिबान) जैसे ग्रुप्स के खिलाफ जरूरी कदम बता रहा है, जो अफगानिस्तान से ऑपरेट कर पाकिस्तान में अटैक्स कर रहे हैं. डिफेंस मिनिस्टर ने इसे 'ओपन वॉर' घोषित किया, लेकिन बातचीत से इनकार किया. अमेरिकी स्टेट डिपार्टमेंट ने पाकिस्तान के सेल्फ-डिफेंस के अधिकार का समर्थन किया.
क्या है तालिबान के दावे
तालिबान का कहना है कि पाकिस्तानी फोर्सेस ने 22 फरवरी से उनकी सीमा में एरियल इंक्रूजन्स और हमले किए, जिससे 52 सिविलियंस (ज्यादातर महिलाएं और बच्चे) मारे गए, 66 घायल हुए, कई घर तबाह हुए. उन्होंने इसे अग्रेशन बताया और जवाबी ऑपरेशन शुरू किया, जिसमें पाकिस्तानी मिलिट्री आउटपोस्ट्स पर अटैक्स, ड्रोन/रॉकेट स्ट्राइक्स और ग्राउंड क्लैशेज शामिल हैं.
तालिबान के डिफेंस मिनिस्ट्री और स्पोक्सपर्सन एनायतुल्लाह ख्वारिज्मी के अनुसार, उन्होंने 27 पाकिस्तानी आउटपोस्ट्स कैप्चर किए, 82 पाकिस्तानी सोल्जर्स मारे, 65 घायल किए. मिरांशाह, स्पिनवाम, जमरुद, नौशेरा, अब्बोटाबाद जैसे इलाकों में पाकिस्तानी कैंप्स पर एयर स्ट्राइक्स की.
वे कहते हैं कि पाकिस्तान की कोई भी आगे की मूवमेंट पर मजबूत जवाब दिया जाएगा, यहां तक कि बड़े शहरों जैसे इस्लामाबाद को टारगेट करने की धमकी दी. तालिबान ने नेगोशिएशन की इच्छा जताई, लेकिन टेरिटोरियल इंटेग्रिटी की रक्षा का वादा किया. राजनीतिक एनालिस्ट्स ने अफगान लोगों की एकजुटता पर जोर दिया.
यह संघर्ष ड्यूरंड लाइन विवाद, टीटीपी शेल्टर और क्रॉस-बॉर्डर टेररिज्म के आरोपों से जुड़ा है. अंतरराष्ट्रीय समुदाय (कतर, सऊदी अरब, यूएन) ने संयम और मध्यस्थता की अपील की है, क्योंकि क्षेत्रीय युद्ध का खतरा बढ़ गया है. ऐसे में ये देखना है कि ये जंग अब और बढ़ेगी.