बुलंदशहर में नाबालिग लड़की की संदिग्ध मौत का मामला सियासी मुद्दा बन गया है. राष्ट्रीय लोकदल (RLD) अध्यक्ष जयंत चौधरी और समाजवादी पार्टी (SP) अध्यक्ष अखिलेश यादव के बाद कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी वाड्रा ने भी इस मुद्दे को उठाया और गुरुवार को लड़की के परिजनों से मिलने पहुंच गईं.
इस दौरान प्रियंका गांधी वाड्रा ने कहा, 'एक बार फिर न्याय की आवाज को दबाने का प्रयास है, एक बार फिर उप्र सरकार के प्रशासन ने पीड़ित परिवार की मदद के बजाय, उन्हें परेशान किया, अन्याय की प्रतीक हाथरस घटना की तरह ही इसमें भी पुलिस ने FIR में बलात्कार का जिक्र नहीं किया और लड़की के शव को जबरन जला दिया.'
प्रियंका गांधी वाड्रा ने आगे कहा, 'योगी आदित्यनाथ जी आप किस मुंह से महिलाओं के सुरक्षित होने की बात करते हैं, जब आपके प्रशासन का ट्रैक रिकॉर्ड हर घटना में महिलाओं और पीड़ित परिवारों का विरोध का है, मैं इस परिवार की लड़ाई में उनके साथ हूं और घटना की सीबीआई जांच की मांग का समर्थन करती हूं.'
एक बार फिर न्याय की आवाज को दबाने का प्रयास है।
— Priyanka Gandhi Vadra (@priyankagandhi)
एक बार फिर उप्र सरकार के प्रशासन ने पीड़ित परिवार की मदद के बजाय, उन्हें परेशान किया।
अन्याय की प्रतीक हाथरस घटना की तरह ही इसमें भी पुलिस ने FIR में बलात्कार का जिक्र नहीं किया और लड़की के शव को जबरन जला दिया।...1/2
इससे पहले सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने योगी सरकार पर निशाना साधा. उन्होंने कहा, 'अब योगी सरकार महिला सुरक्षा पर झूठ बोलना बंद करे. यूपी में कानून व्यवस्था सबसे आगे है, ये दावा बीजेपी के नेता कर रहे हैं. लेकिन आज जो घटना बुलंदशहर में हुई, वह घटना हाथरस की घटना की याद दिलाती है.'
पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने आगे कहा, 'हाथरस में पीड़िता के परिवार के लोग चाहते थे कि उसका अंतिम संस्कार कर दें, लेकिन उसे ऐसा नहीं करने दिया गया. वहीं, बुलंदशहर में अभी तक दोषियों को पकड़ा नहीं गया. वे खुले घूम रहे हैं. सरकार अभी तक कोई मदद करने नहीं आई है. मैं अपील करता हूं कि दोषियों पर कार्रवाई हो.'
उत्तर प्रदेश को दहलाने वाली खबर!
— Jayant Singh (@jayantrld)
एक बार फिर योगी सरकार पीड़ित परिवार के साथ ना होकर, रात में दाह संस्कार करा रही है, ताकि जघन्य अपराध पर प्रकाश ना डल पाए!
वहीं, आरएलडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जयंत चौधरी ने कहा, 'उत्तर प्रदेश को दहलाने वाली खबर! एक बार फिर योगी सरकार पीड़ित परिवार के साथ ना होकर, रात में दाह संस्कार करा रही है, ताकि जघन्य अपराध पर प्रकाश ना डल पाए!'
क्या है पूरा मामला
21 जनवरी को बुलंदशहर के छतारी थाने के एक गांव में नाबालिग लड़की की संदिग्ध मौत हो गई थी. उसके सिर में गोली मारी गई थी. परिजनों का आरोप है कि लड़की का अपहरण करके उसके साथ गैंगरेप की वारदात हुई और फिर उसकी हत्या कर दी गई. परिजनों का आरोप है कि पुलिस ने लड़की के शव का अंतिम संस्कार रात में जबरन करा दिया.
दिनांक 21-01-2022 की घटना है अंतिम संस्कार कर्णवास गंगा घाट पर परिवारीजनों द्वारा स्वतः किया गया है, तत्समय कोई पुलिस कर्मी वहां मौजूद नही था। गलत तथ्यों के आधार पर ट्वीट किये जाने के सम्बन्ध में /SSP की बाइट। पार्ट-1
— Bulandshahr Police (@bulandshahrpol)
हालांकि, पुलिस का कहना है कि यह मामला प्रेम प्रसंग का है, लड़की के प्रेमी ने उसकी हत्या की और फिर खुद जान देने की कोशिश की, लड़की के प्रेमी को गिरफ्तार कर लिया गया और उसके साथियों को भी गिरफ्तार कर लिया गया. रात में जबरन अंतिम संस्कार के आरोप को भी पुलिस नकार रही है.