केंद्रीय मंत्री जनरल वीके सिंह ने सोशल मीडिया पर वायरल हुए अपने उस वीडियो को लेकर सफाई दी है, जिसमें वह अमित शाह के पैर छूते हुए नजर आ रहे हैं. पूर्व सेना प्रमुख ने कहा कि यह किसी की शरारत है और वीडियो उनका नहीं है.
गौरतलब है कि वीडियो में एक व्यक्ति को अमित शाह के बीजेपी अध्यक्ष चुने जाने के बाद उनके पैर छूते हुए दिखाया गया है. सोशल साइट्स पर यह वीडियो का बताया जा रहा है. जबकि वीके सिंह का कहना है कि यह वीडियो विजयपाल तोमर का है, उनका नहीं.
प्रेस्टिट्यूट्स शब्द फिर इस्तेमाल किया
वीके सिंह ने ट्वीट कर के लोगों से इस शरारत का मुकाबला करने को कहा. साथ उन्होंने कहा कि अमित शाह के सम्मान में आयोजित कार्यक्रम के दौरान विजयपाल तोमर का वीडियो यह कहते हुए चल रहा है कि यह मैं हूं. वीके सिंह ने इसे प्रेस्टिट्यूट्स की शरारत बताया.
video of shri Vijay Pal Tomar during felicitation of shri Amit Shah has been floated to say it is me. A case of mischief by prestitutes !!!!
— Vijay Kumar Singh (@Gen_VKSingh)
Friends Reference my take on video floated. It is also being floated on SM like whatsApp. Request counter this mischief.
— Vijay Kumar Singh (@Gen_VKSingh)
पहले भी हो चुका है विवाद
यह पहली बार नहीं है जब वीके सिंह ने मीडिया के लिए प्रेस्टिट्यूट्स शब्द का इस्तेमाल किया हो. इससे पहले बीते साल अप्रैल में सिंह ने एक दिया था. जिसमें उन्होंने कहा कि पाकिस्तान उच्चायोग का दौरा यमन से भारतीयों को सुरक्षित निकालने से भी ज्यादा रोमांचक था. सिंह की यह टिप्पणी मीडिया और सोशल मीडिया पर विवाद का कारण बन गई. इस पर ने आक्रामक होते हुए ट्वीट में मीडिया के लिए प्रस्टिट्यूट्स शब्द का इस्तेमाल किया था. हालांकि बाद में उन्होंने इस पर सफाई दी थी.