आरएसएस और उससे जुड़े संगठनों ने 'घर वापसी' कार्यक्रम तेज करके केंद्र की मोदी सरकार को थोड़ी परेशानी में डाल दिया है. मोदी सरकार को यह चिंता सता रही है कि कहीं इस तरह के कार्यक्रमों से अल्पसंख्यक उनसे दूर न हो जाएं. इसकी काट के लिए सरकार ने अनोखा प्लान तैयार किया है.
प्लान के तहत अल्पसंख्यक मामलों के राज्यमंत्री मुख्तार अब्बास नकवी को जिम्मेदारी दी गई है कि वे उन इलाकों का दौरा करें, जहां अल्पसंख्यकों की आबादी ज्यादा है. वहां जाकर उन्हें स्थानीय लोगों को सही तथ्यों की जानकारी देने को कहा गया है.
दूसरी ओर महानायक अमिताभ बच्चन के सामने एक विज्ञापन का प्रस्ताव रखा गया है, जिसमें वे विकास के लिए लोगों से धर्म और जाति से ऊपर उठाने की गुजारिश करते नजर आ सकते हैं. यह विज्ञापन पीएम नरेंद्र मोदी की ही दिमाग की उपज बताई जा रही है. जानकारी के मुताबिक, मोदी ने इसके लिए खुद ही बिग बी से संपर्क साधा.
बहरहाल, साल 2015 में बिहार जैसे राज्य में भी विधानसभा चुनाव होना है, जहां कई फैक्टर अहम रोल निभा सकते हैं. देखना है कि धर्मांतरण और 'घर वापसी' के दौर में मोदी सरकार अल्पसंख्यकों के बीच कितना भरोसा कायम रख पाती है.