दिल्ली के मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल को एक साथ तीन बड़े झटके लगे हैं. उनकी पार्टी के पूर्व विधायक राजेश गर्ग ने स्टिंग ऑपरेशन का दावा किया है और एक ऑडियो क्लिप को केजरीवाल की आवाज वाला टेप बताकर उन पर कांग्रेस को तोड़ने का आरोप लगाया है. राजेश गर्ग ने ये कहकर खलबली मचा दी है कि केजरीवाल और उनके करीबी नेताओं ने दिल्ली में दोबारा सरकार बनाने के लिए कांग्रेस के विधायकों को खरीदने की कोशिश की थी. इस आरोप के बाद पार्टी नेता अंजलि दमानिया ने इस्तीफा दे दिया. वहीं, प्रशांत भूषण और योगेंद्र यादव के मुद्दे पर भी केजरीवाल और उनके करीबी नेता घिरते हुए नजर आ रहे हैं.
केजरीवाल का स्टिंग
राजेश गर्ग ने केजरीवाल के दामन पर खरीद-फरोख्त का इल्जाम लगाया है. उन्होंने कहा है कि विधानसभा भंग होने से पहले केजरीवाल और संजय सिंह समेत कई नेताओं के फोन आते थे. राजेश गर्ग का दावा है कि कांग्रेस के विधायकों को तोड़ने की कोशिशें करने के लिए कहा जाता था. राजेश गर्ग का दावा है कि विधानसभा भंग होने के पहले का ये ऑडियो क्लिप उनके और अरविंद के बीच हुई बातचीत का हिस्सा है, जिसमें अरविंद केजरीवाल राजेश गर्ग से कह रहे हैं कि कांग्रेस के 6 विधायकों को तोड़कर अलग दल बनवाओ और वो दल हमें समर्थन कर दें.
अरविंद केजरीवाल पर इतना बड़ा आरोप लगने के बाद पार्टी की नेता अंजलि दमानिया ने इस्तीफा देने का ऐलान कर दिया. उन्होंने कहा है कि सिद्धांतों के लिए आम आदमी पार्टी में शामिल हुई थीं. लेकिन अब लगता है हालात पूरी तरह बदल चुके हैं.
झूठे हैं सारे आरोपः AAP
इस बीच, आम आदमी पार्टी ने राजेश गर्ग के आरोपों के बेबुनियाद बताया है. पार्टी के नेता सीधे तौर से स्टिंग को खारिज तो नहीं कर रहे हैं, पर खरीद-फरोख्त के आरोपों को साफ नकार दिया है. अपनी ही पार्टी के पूर्व विधायक के आरोपों का जवाब कुमार विश्वास ने आरोपों से दिया है. उन्होंने दावा किया है कि राजेश गर्ग पार्टी की टिकट के लिए इस स्टिंग के जरिए ब्लैकमेल करने कोशिश कर रहे थे.
राजेश गर्ग को कुमार विश्वास की दो टूक
कुमार विश्वास ने ट्वीट किया, 'राजेश गर्ग जी मैंने इस ऑडियो क्लिप को उसी दिन पार्टी को दे दिया था जब आपने इसके बदले में विधानसभा टिकट के लिए ब्लैकमेल करने की कोशिश की थी. याद है न? आपको टिकट नहीं दिया गया था. आप कुछ भी करने के लिए स्वतंत्र हैं.'
Mr failed conspirator Rajesh Garg Ji, I hd forwarded the audio clip to the party on the same day you tried to blackmail me with the same 1/2
— Dr Kumar Vishvas (@DrKumarVishwas)
That was when you tried to exchange a Vidhansabha ticket with this audio.. remember? Denied a ticket, u r free to do whatever u wish. 2/2
— Dr Kumar Vishvas (@DrKumarVishwas)
योगेंद्र और प्रशांत ने खत में ये भी लिखा है कि टिकट बांटने के दौरान कुछ उम्मीदवारों की शिकायत पर हमने विरोध दर्ज कराया था. पार्टी को मिले चंदे में ब्लैकमनी की बात आने पर जांच की बात कही थी. चिट्ठी में लिखा है कि जिन मुद्दों पर मतभेद हैं, वो सब उन्होंने इसलिए उठाए ताकि आम आदमी पार्टी की साफ राजनीति वाली छवि बनी रहे.