महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना () के अध्यक्ष को अक्टूबर, 2010 के कल्याण डोम्बिवाली नगर निकाय चुनाव में आदेशों का उल्लंघन करने के सिलसिले में पुलिस की ओर से दर्ज एक मामले में जमानत मिल गयी.
राज कल्याण के न्यायिक मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश हुए जिन्होंने उन्हें 5000 रुपए के मुचलके और उतनी ही राशि की जमानत पर रिहा कर दिया. के साथ उनके वकील सायाजी नानगरे थे. पुलिस उपायुक्त ने नगर निकाय चुनाव के लिए प्रचार अभियान समाप्त होने के बाद ठाकरे के डोम्बिवाली में ठहरने पर रोक लगाते हुए एक अधिसूचना जारी की थी जिसका उन्होंने उल्लंघन किया था. इसपर पुलिस ने उनके खिलाफ मामला दर्ज किया था.
अदालत ने ठाकरे को पांच फरवरी यानी शनिवार के दिन उसके समक्ष पेश होने के लिए समन जारी किया था.