एयर इंडिया के हवाई यात्रियों की मुसीबत फिर बढ़ सकती है. मैनेंजमेंट औऱ पायलटों के बीच मचे घमासान का नुकसान हवाई यात्रियों को उठाना पड़ सकता है. 23 पालयट बीमार होकर छुट्टी पर चले गए हैं और इस वजह से 10 अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द हो गई हैं.
इन पायलटों ने एयरलाइन के प्रबंध तंत्र पर भेद-भावपूर्ण रवैया अपनाने और उनकी प्रगति में बाधा उत्पन्न करने का आरोप लगाया है.
एयर इंडिया के सूत्रों ने बताया कि पिछले सात दिनों में 10 कमांडरों और 13 सह पायलटों ने बीमार होने की सूचना दी. इसके चलते एयर इंडिया एक्सप्रेस की 10 उड़ानों को रद्द किया गया.
यह घोषणा बोईंग ड्रीमलाइनर उड़ाने के लिए पायलटों का प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू होने से चार दिन पहले हुई है. पहला बोईंग 787 ड्रीमलाइनर विमानन कंपनी में दिसंबर से आने वाला है.
एयर इंडिया के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक रोहित नंदन को लिखे एक पत्र में इंडियन पायलट्स गिल्ड (आईपीजी) से संबद्ध करीब 100 पायलटों ने कहा कि वे अनापत्ति प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए मजबुर हैं ताकि कहीं और नौकरी ढूंढी जा सके.
इस पत्र की प्रति नागर विमानन मंत्री वायलार रवि, अन्य अधिकारियों और मुंबई के क्षेत्रीय श्रम आयुक्त को भेजी गयी है.