सुखबीर सिंह बादल का कहना है कि बिक्रम मजीठिया एएपी सरकार की उस अवैध कार्रवाई को रोक रहे थे, जिसमें एक साध कार्यकर्ता को गिरफ्तार किया जा रहा था. मजीठा में बिक्रम मजीठिया के मामले पर सबसे पहले तो एमसी पोल्स के उम्मीदवारों के दस्तावेज रिजेक्ट कर दिए गए. रात को एक पोलिंग एजेंट को उठा लिया गया, उस पर दबाव डाला गया और उसके खिलाफ झूठा केस दर्ज कर दिया गया. ये पूरी तरह अनैतिक है. अकाली दल डरा नहीं है. हम कोर्ट जाएंगे.