कृषि बिल को लेकर सरकार और विपक्ष में आर-पार की जंग छिड़ गई है. हंगामे के बीच बिल तो पास हो गया है लेकिन विपक्ष अब भी इसे वापस लेने पर अड़ा है. दूसरी ओर सरकार की ओर से किसानों को चेताया जा रहा है कि विपक्ष की बातों में ना आएं. इसी कड़ी में आज केंद्र सरकार की ओर से देश के प्रमुख अखबारों में कृषि बिल पर विज्ञापन दिया गया है, जिसमें किसानों से झूठ से बचने की सलाह दी गई है.
इन सभी विज्ञापनों में कृषि बिल को लेकर फैले भ्रम या विपक्ष के द्वारा किए जा रहे दावे के मुकाबले सरकार ने अपना पक्ष रखने की कोशिश की है. साथ ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की एक तस्वीर के साथ उनका कथन भी दिखाया गया है.
सरकार के इसी विज्ञापन पर पूर्व केंद्रीय मंत्री पी. चिदंबरम ने हमला बोला है. चिदंबरम ने ट्वीट में लिखा कि सरकार ने कृषि बिल पर विज्ञापन निकाले हैं, जिसमें दावा किया गया है कि वन नेशन, वन मार्केट किसानों को आजादी देगी. देश में 85 फीसदी किसान छोटे हैं, जिनके पास बेचने को काफी कम फसल है. ऐसे में अगर उन्हें कुछ बेचना है तो एक नहीं, बल्कि हजारों मार्केट चाहिए.
85 per cent of farmers are small farmers with little surplus to sell. If they have to sell the few bags of paddy or wheat, they need ‘Many Thousand Markets’ all over the country, not One Market
— P. Chidambaram (@PChidambaram_IN) September 22, 2020
पूर्व केंद्रीय मंत्री ने लिखा कि गांवों और छोटे कस्बों में मार्केट बनाने को लेकर बिल का क्या? हजारों मार्केट ही किसानों को आजादी दे पाएंगी. साथ ही उन्होंने लिखा कि अगर सरकार की कोशिश है कि वो MSP जारी रखेगी, तो फिर बिल में इसका प्रावधान क्यों नहीं है. या ये भी लिखा जा सकता है कि फसल का दाम एमएसपी से कम नहीं होगा.
आपको बता दें कि सरकार द्वारा पास कराए गए दो कृषि बिलों पर विपक्ष हमलावर है. विपक्ष इन्हें किसान विरोधी बिल कह रहा है, साथ ही देश के कई किसान भी सड़कों पर हैं. इस बीच खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी किसानों से अपील कर चुके हैं कि विपक्ष झूठ फैलाने का काम कर रहा है, ऐसे में उनकी बातों में ना आएं. पीएम ने भरोसा दिलाया है कि किसानों की जमीन कहीं नहीं जाएगी और एमएसपी मिलता रहेगा.