जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने अमरनाथ यात्रा की व्यवस्थाओं को लेकर उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की. बैठक में मुख्य सचिव अटल डुल्लू, डीजीपी नलिन प्रभात, वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, पुलिस, सुरक्षा एजेंसियां और श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड के अधिकारी मौजूद रहे. श्रद्धालुओं की आवाजाही, ट्रैफिक प्रबंधन, सुरक्षा इंतजाम, आवास, पंजीकरण और अन्य व्यवस्थाओं की समीक्षा की गई ताकि यात्रा सुरक्षित और सुचारु रूप से संचालित हो सके.
उपराज्यपाल मनोज सिन्हा के साथ समीक्षा बैठक के दौरान अधिकारियों ने यह मुद्दा उठाया कि बड़ी संख्या में श्रद्धालु बिना वैध रजिस्ट्रेशन के जम्मू-कश्मीर पहुंच रहे हैं, जिससे लंबा इंतजार करना पड़ रहा है. उपराज्यपाल ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत यात्रा मार्ग पर प्रतिदिन श्रद्धालुओं की संख्या तय की गई है, इसलिए सभी यात्रियों के लिए पंजीकरण प्रक्रिया और तय कार्यक्रम का पालन करना बेहद जरूरी है. उन्होंने स्पष्ट किया कि केवल वही श्रद्धालु यात्रा मार्ग पर आगे बढ़ सकेंगे, जिनके पास निर्धारित तारीख का वैध रजिस्ट्रेशन होगा.
रजिस्ट्रेशन के बिना अमरनाथ यात्रा की मंजूरी नहीं
मनोज सिन्हा ने बिना पंजीकरण यात्रा पर आने की योजना बना रहे श्रद्धालुओं से अगले कुछ दिनों तक यात्रा स्थगित करने की अपील की ताकि उन्हें जम्मू-कश्मीर पहुंचने पर किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े. प्रशासन ने सभी श्रद्धालुओं से यात्रा शुरू करने से पहले अनिवार्य पंजीकरण प्रक्रिया पूरी करने और वैध यात्रा परमिट प्राप्त करने को कहा है. बिना कन्फर्म रजिस्ट्रेशन वाले यात्रियों को यात्रा की अनुमति नहीं दी जाएगी. उपराज्यपाल ने यात्रा की सुरक्षा और लॉजिस्टिक व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की और सभी विभागों व सुरक्षा एजेंसियों को आपसी समन्वय बनाए रखने के निर्देश दिए.
यात्रियों से दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील
उन्होंने लंगर संगठनों, सेवा प्रदाताओं और अन्य सामाजिक संगठनों के साथ लगातार संपर्क बनाए रखने पर भी जोर दिया ताकि श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुगम और आध्यात्मिक अनुभव मिल सके. इस बीच, बड़ी संख्या में बिना रजिस्ट्रेशन वाले श्रद्धालुओं के जम्मू-कश्मीर पहुंचने के बाद श्री अमरनाथजी श्राइन बोर्ड (SASB) ने एडवाइजरी जारी की है. बोर्ड ने यात्रियों से अपील की है कि वे आधिकारिक दिशा-निर्देशों का पालन करें और सुरक्षित व सुचारु यात्रा के लिए प्रशासन का सहयोग करें. बोर्ड के मुताबिक, यात्रा शुरू होने से पहले ही देशभर की बैंक शाखाओं और ऑनलाइन माध्यमों के जरिए अग्रिम पंजीकरण की सुविधा उपलब्ध कराई गई थी और अधिकांश श्रद्धालु पहले ही रजिस्ट्रेशन करा चुके हैं. ऐसे में तत्काल (ऑन स्पॉट) रजिस्ट्रेशन की संख्या बेहद सीमित है.
सेना ने चंदनवाड़ी में लगाया हाई मास्ट राष्ट्रीय ध्वज
अमरनाथ यात्रा के बीच भारतीय सेना ने पहलगाम के चंदनवाड़ी में हाई मास्ट राष्ट्रीय ध्वज स्थापित किया है. चंदनवाड़ी पारंपरिक पहलगाम मार्ग पर अमरनाथ यात्रा का प्रमुख बेस कैंप माना जाता है. यहां तक श्रद्धालु वाहनों के जरिए पहुंचते हैं, जबकि इसके आगे की यात्रा पैदल या खच्चरों के सहारे पूरी की जाती है. अमरनाथ यात्रा 2026 शुक्रवार को कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच बालटाल और पहलगाम, दोनों मुख्य मार्गों से हर्षोल्लास के साथ शुरू हुई. बालटाल मार्ग से सुबह श्रद्धालुओं का पहला जत्था रवाना हुआ. वहीं, पहलगाम के नुनवान बेस कैंप से शनिवार को श्रद्धालुओं के दूसरे जत्थे और जम्मू के भगवती नगर यात्री निवास बेस कैंप से तीसरा जत्था कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच अमरनाथ की पवित्र गुफा की ओर रवाना हुआ.