छत्रपति शिवाजी के वंशज उदयनराजे भोसले को राज्यसभा में भेजा जा सकता है. भारतीय जनता पार्टी (BJP) राज्यसभा चुनाव में उदयनराजे के नाम पर भी दांव लगा सकती है. दरअसल, बीजेपी मराठाओं को संदेश देने के लिए उदयनराजे भोसले को राज्यसभा भेज सकती है.
भोसले पिछले साल मई में के लिए चुने गए थे. उन्होंने 14 सितंबर को राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) छोड़ दी और अक्टूबर में महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव से कुछ दिन पहले बीजेपी में हाई-प्रोफाइल 'घर वापसी' की. फिर उन्हें प्रतिष्ठित सतारा लोकसभा सीट से उपचुनाव लड़ने के लिए मैदान में उतारा गया, लेकिन वे एनसीपी उम्मीदवार श्रीनिवास पाटिल से भारी अंतर से हार गए.
भोसले के निर्वाचन क्षेत्र को अजेय माना जाता है. कभी मराठा साम्राज्य का हिस्सा रहे इस निर्वाचन क्षेत्र में भोसले को अजेय माना जाता था और यहां पहले उनके पूर्वजों ने शासन किया था. मगर भोसले को पाटिल के हाथों उप-चुनाव में एक बड़ी हार का सामना करना पड़ा. कभी उनके करीबी दोस्त व मेंटर रहे एनसीपी अध्यक्ष शरद पवार ने सतारा में चुनावों से चार दिन पहले मूसलाधार बारिश के बीच एक रैली को संबोधित करते हुए स्वीकार किया था कि उन्होंने भोसले का चयन करके एक गलती कर दी थी. इस दौरान उन्होंने लोगों से पाटिल को वोट देने का आग्रह किया था.