महाराष्ट्र के पुणे से एक बड़ी खबर सामने आई है. रमजान के महीने में इफ्तार की तैयारी कर रहे कुछ दोस्तों पर भीड़ ने हमला कर दिया. इस हमले में 4 से 5 लोग घायल हुए हैं, जिन्हें पास के अस्पताल में भर्ती कराया गया है. पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए फौरन एक्शन लिया और कई संदिग्धों को अपनी हिरासत में ले लिया है.
पूरी घटना पुणे के पुरंदर तालुका की है. 25 साल के फिरोज जावेद सैयद द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के अनुसार, वह अपने करीब दस दोस्तों के साथ ओस्करवाड़ी इलाके में एक झील के पास रोजा खोलने के लिए इकट्ठा हुए थे. वे अभी तैयारी कर ही रहे थे कि तभी करीब 100 लोगों की भीड़ मोटरसाइकिलों पर वहां पहुंच गई. आरोप है कि भीड़ ने पहले उनसे पूछताछ शुरू की और फिर उनकी टोपी और पहनावे पर सवाल उठाए.
पुलिस ने 150 लोगों पर दर्ज किया केस
बात इतनी बढ़ गई कि भीड़ ने युवकों पर लाठियों और दरांती जैसे धारदार हथियारों से हमला कर दिया. इस अचानक हुए हमले में चार-पांच युवक बुरी तरह जख्मी हो गए. सूचना मिलते ही ससवाद पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को इलाज के लिए भेजा. पुलिस ने इस मामले में जानबूझकर शांति भंग करने, दंगा भड़काने और खतरनाक हथियारों से चोट पहुंचाने जैसी गंभीर धाराओं के तहत केस दर्ज किया है.
वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक कुमार कदम के मुताबिक, अब तक 10 से 15 संदिग्धों को पकड़ा जा चुका है और बाकी आरोपियों की तलाश के लिए अलग-अलग टीमें बनाई गई हैं. पुलिस ने करीब 100 से 150 अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है. शुरुआती जांच में पता चला है कि ये युवक पुणे के कोंढवा इलाके से यहां इफ्तार की दावत के लिए आए थे. इलाके में शांति बनाए रखने के लिए पुलिस बल तैनात कर दिया गया है और मामले की गहराई से जांच जारी है.